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बैंक को पत्र भेजकर एसओ ने मांगा रिकार्ड
Updated Wed, 15 Nov 2017 11:58 PM IST
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आजमगढ़। एसबीआई रानी की सराय की शाखा में एक ही नंबर से दो लोगों का खाता वर्षों से संचालित होने का मामला उजागर होने पर रानी की सराय थाने की पुलिस ने बैंक के शाखा प्रबंधक को पत्र लिखकर खातों का रिकार्ड मांगा है। पुलिस का कहना है कि दोनों खाता धारक अनपढ़ हैं। इसलिए दोनों को खाते के विषय में जानकारी नहीं हो सकी।
बता दें कि रानी की सराय थाना क्षेत्र के सम्मोपुर खालसा गांव निवासी सुभग्गा यादव और इसी थाने के हसनपुर गांव निवासी सुभग्गा राम का एक ही नंबर से एसबीआई रानी की सराय में खाता था। वर्ष 2005 से पहले से खुले एक ही नंबर के खाते में दोनों लोग रुपये जमा कर रहे थे और निकाल रहे थे। लेकिन दोनों में से किसी को कोई जानकारी नहीं थी। एक माह पूर्व सुभग्गा यादव को 20 लाख रुपये मुआवजा खाते में आने पर सुभग्गा राम ने दस हजार रुपये निकाल लिया। उधर सुभग्गा यादव के साथ उसका बेटा गया तो खाते से दस हजार निकलने की जानकारी हुई तो वह अपना खाता बंद करा दिया। इसके बाद सुभग्गा राम जब बैंक पहुंचा तो उसे खाता बंद होने की जानकारी हुई। उधर जांच पड़ताल के दौरान जब सुभग्गा यादव के बेटे को बैंक के जरिए पता चला कि उसके पिता के नाम पर दूसरे व्यक्ति का भी खाता खुला है तो वह रानी की सराय थाने में अज्ञात बैंक कर्मचारियों को आरोपित किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। प्रभारी निरीक्षक रानी की सबाय राजकुमार सिंह ने बताया कि घटना के सच और दोषी का पता लगाने के लिए बैंक के प्रबंधक को पत्र भेजकर दोनों खातों का रिकार्ड मांगा गया है। बैंक का रिकार्ड और खातों का लेनदेन मिलने के बाद दोषी को पकड़ा जा सकेगा।
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बता दें कि रानी की सराय थाना क्षेत्र के सम्मोपुर खालसा गांव निवासी सुभग्गा यादव और इसी थाने के हसनपुर गांव निवासी सुभग्गा राम का एक ही नंबर से एसबीआई रानी की सराय में खाता था। वर्ष 2005 से पहले से खुले एक ही नंबर के खाते में दोनों लोग रुपये जमा कर रहे थे और निकाल रहे थे। लेकिन दोनों में से किसी को कोई जानकारी नहीं थी। एक माह पूर्व सुभग्गा यादव को 20 लाख रुपये मुआवजा खाते में आने पर सुभग्गा राम ने दस हजार रुपये निकाल लिया। उधर सुभग्गा यादव के साथ उसका बेटा गया तो खाते से दस हजार निकलने की जानकारी हुई तो वह अपना खाता बंद करा दिया। इसके बाद सुभग्गा राम जब बैंक पहुंचा तो उसे खाता बंद होने की जानकारी हुई। उधर जांच पड़ताल के दौरान जब सुभग्गा यादव के बेटे को बैंक के जरिए पता चला कि उसके पिता के नाम पर दूसरे व्यक्ति का भी खाता खुला है तो वह रानी की सराय थाने में अज्ञात बैंक कर्मचारियों को आरोपित किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। प्रभारी निरीक्षक रानी की सबाय राजकुमार सिंह ने बताया कि घटना के सच और दोषी का पता लगाने के लिए बैंक के प्रबंधक को पत्र भेजकर दोनों खातों का रिकार्ड मांगा गया है। बैंक का रिकार्ड और खातों का लेनदेन मिलने के बाद दोषी को पकड़ा जा सकेगा।
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