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रस्म अदायगी बन कर रह गया जिले में पौधरोपण अभियान
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औरैया। जिले में हर साल पौधारोपण अभियान चल रहा है, लेकिन पौधों की देखरेख नहीं हो पा रही है। ऐसे में पौधे सूख रहे हैं। अभियान केवल रस्म अदायगी बनकर रह गया है। चार जुलाई को जिन स्थानों पर बड़े पैमाने पर पौधरोपण कर अफसरों ने पीठ थपथपाने का काम किया, वहां इनका नामोनिशान तक नहीं है। इससे पर्यावरण संरक्षण और सरकार की मंशा पर पानी फिरता नजर आ रहा है।
पांच वर्षों में वन विभाग 3752611 पौधे रोपित किए जाने का दावा कर रहा है। जबकि हकीकत यह है कि पौधारोपण के बाद उनकी तरफ नजर दौड़ाना भी अफसरों ने मुनासिब नहीं समझा। इसके कारण जिले को हरा-भरा बनाने का ख्वाब धरा रह गया। अब एक बार फिर अफसर वृहद पौधारोपण अभियान चलाकर हरियाली लाने का दम भर रहे हैं।
तहसील को हराभरा करने का सपना टूटा
वन विभाग द्वारा कुछ माह पहले ही अजीतमल तहसील को हरा भरा करने के लिए काफी संख्या में पौधरोपण किया गया था। शुरुआत में पेड़ों को खाद, पानी सब कुछ मिला। सुरक्षा के लिए रंगरोगन कर ट्री गार्ड भी लगवा दिए गए। दो माह बीते कि देखरेख में सैकड़ों पेड़ों का नामोनिशान मिट गया। अब इन्हीं स्थानों पर वन विभाग एक बार फिर से पौधे लगाने की तैयारी कर रहा है। वन क्षेत्राधिकारी अजीतमल राजकुमार ने बताया कि गर्मी अधिक होने के कारण पौधे नष्ट हुए हैं। बारिश के बाद फिर से पौध लगेगी।
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मवेशी चर गए पौधे
वन विभाग द्वारा डीएफओ कार्यालय के पास कई एकड़ जमीन में चार जुलाई को वृहद पौधरोपण किया गया था। यहां पर जिले के आला अफसरों के साथ प्रदेश के कृषि राज्यमंत्री लाखन सिंह राजपूत, जिले के प्रभारी मंत्री जय कुमार सिंह जैकी व वन विभाग के अफसरों ने पौधरोपण किया। पौधरोपण से पहले अभियान में चार चांद लगाने के लिए कलई, चूना और गड्ढों में खाद भी डाली गई। ऐसा नजारा था कि इस बारिश वन विभाग की यह जमीन हरी भरी नजर आएगी। चार दिन बीते नहीं कि सब मिट्टी में मिल गया। अधिकांश पौधे अपनी जगह से गायब हो गए। उन्हें अन्ना मवेशी खा गए या फिर देखरेख के अभाव में सूख गए।
डिपो के अधिकारी पर्यावरण संरक्षण में जुटे
औरैया। पौधरोपण अभियान की सफलता के लिए सभी विभागों को जिम्मेदारियां सौंपी गईं हैं। डिपो के अधिकारियों ने शुक्रवार को पौधरोपण अभियान चलाया।
औरैया डिपो को जिलाधिकारी सुनील कुमार वर्मा ने 500 पौधे लगाने का लक्ष्य सौंपा है। एआरएम आरएस चौधरी के नेतृत्व में अजीतमल कस्बा स्थित बस स्टेशन परिसर में पौधरोपण किया गया। एआरएम ने बताया कि दो दिन में लगभग 250 पौधे अजीतमल बस स्टैंड और अन्य स्थानों पर लगाए जा चुके हैं। बरसात के कारण डिपो परिसर में जलभराव की समस्या रही। जिसके कारण यहां पौधरोपण नहीं हो सका है। जल्द ही औरैया डिपो परिसर को भी हरा-भरा बनाने के लिए अभियान चलाया जाएगा। कर्मचारियों के साथ-साथ चालक-परिचालकों द्वारा पौधरोपण कराया जाएगा। साथ ही उन्हें शपथ दिलाई जाएगी कि वह इन पौधों की रक्षा करेंगे। इसके साथ बिधूना व नवनिर्मित दिबियापुर बस स्टेशन परिसर में भी पौधरोपण किया जाएगा।
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पांच वर्षों में वन विभाग 3752611 पौधे रोपित किए जाने का दावा कर रहा है। जबकि हकीकत यह है कि पौधारोपण के बाद उनकी तरफ नजर दौड़ाना भी अफसरों ने मुनासिब नहीं समझा। इसके कारण जिले को हरा-भरा बनाने का ख्वाब धरा रह गया। अब एक बार फिर अफसर वृहद पौधारोपण अभियान चलाकर हरियाली लाने का दम भर रहे हैं।
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तहसील को हराभरा करने का सपना टूटा
वन विभाग द्वारा कुछ माह पहले ही अजीतमल तहसील को हरा भरा करने के लिए काफी संख्या में पौधरोपण किया गया था। शुरुआत में पेड़ों को खाद, पानी सब कुछ मिला। सुरक्षा के लिए रंगरोगन कर ट्री गार्ड भी लगवा दिए गए। दो माह बीते कि देखरेख में सैकड़ों पेड़ों का नामोनिशान मिट गया। अब इन्हीं स्थानों पर वन विभाग एक बार फिर से पौधे लगाने की तैयारी कर रहा है। वन क्षेत्राधिकारी अजीतमल राजकुमार ने बताया कि गर्मी अधिक होने के कारण पौधे नष्ट हुए हैं। बारिश के बाद फिर से पौध लगेगी।
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मवेशी चर गए पौधे
वन विभाग द्वारा डीएफओ कार्यालय के पास कई एकड़ जमीन में चार जुलाई को वृहद पौधरोपण किया गया था। यहां पर जिले के आला अफसरों के साथ प्रदेश के कृषि राज्यमंत्री लाखन सिंह राजपूत, जिले के प्रभारी मंत्री जय कुमार सिंह जैकी व वन विभाग के अफसरों ने पौधरोपण किया। पौधरोपण से पहले अभियान में चार चांद लगाने के लिए कलई, चूना और गड्ढों में खाद भी डाली गई। ऐसा नजारा था कि इस बारिश वन विभाग की यह जमीन हरी भरी नजर आएगी। चार दिन बीते नहीं कि सब मिट्टी में मिल गया। अधिकांश पौधे अपनी जगह से गायब हो गए। उन्हें अन्ना मवेशी खा गए या फिर देखरेख के अभाव में सूख गए।
डिपो के अधिकारी पर्यावरण संरक्षण में जुटे
औरैया। पौधरोपण अभियान की सफलता के लिए सभी विभागों को जिम्मेदारियां सौंपी गईं हैं। डिपो के अधिकारियों ने शुक्रवार को पौधरोपण अभियान चलाया।
औरैया डिपो को जिलाधिकारी सुनील कुमार वर्मा ने 500 पौधे लगाने का लक्ष्य सौंपा है। एआरएम आरएस चौधरी के नेतृत्व में अजीतमल कस्बा स्थित बस स्टेशन परिसर में पौधरोपण किया गया। एआरएम ने बताया कि दो दिन में लगभग 250 पौधे अजीतमल बस स्टैंड और अन्य स्थानों पर लगाए जा चुके हैं। बरसात के कारण डिपो परिसर में जलभराव की समस्या रही। जिसके कारण यहां पौधरोपण नहीं हो सका है। जल्द ही औरैया डिपो परिसर को भी हरा-भरा बनाने के लिए अभियान चलाया जाएगा। कर्मचारियों के साथ-साथ चालक-परिचालकों द्वारा पौधरोपण कराया जाएगा। साथ ही उन्हें शपथ दिलाई जाएगी कि वह इन पौधों की रक्षा करेंगे। इसके साथ बिधूना व नवनिर्मित दिबियापुर बस स्टेशन परिसर में भी पौधरोपण किया जाएगा।