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पापों का नाश करने वाले देव है भगवान शिव
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फोटो 06एयूआरपी14- श्रीशिव महापुराण कथा सुनने उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
- फोटो : AURAIYA
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औरैया। दिबियापुर रोड स्थित संस्कृत छात्रावास परिसर में हो रही श्री शिव महापुराण कथा में शुक्रवार को आचार्य सुशील कुमार शुक्ल ने शिव महिमा का बखान किया। उन्होंने कहा कि सभी पुराणों में भगवान शिव को त्याग, तपस्या, वात्सल्य व करुणा की मूर्ति बताया गया है। शिव का अर्थ है कल्याण। भगवान शिव पापों का नाश करने वाले देव हैं।
उन्होंने कहा कि भगवान शिव सावन के पवित्र माह में पृथ्वी पर आते हैं। उनके आगमन पर प्रकृति श्रृंगार करती है और चारों ओर हरियाली बिखेर देती है। श्रद्धालु भगवान भोलेनाथ की पूजा अर्चना कर परिवार की सुख समृद्धि की कामना करते हैं। श्री शिव महापुराण धर्म, अर्थ, काम और मोक्ष रूपी चारों पुरुषार्थों को देने वाला होता है।
उन्होंने कहा कि 18 पुराणों में कहीं शिव पुराण तो कहीं वायु पुराण का वर्णन आता है। शिव पुराण का संबंध शैव मत से है। इस पुराण में प्रमुख रूप से शिव भक्ति और शिव महिमा का प्रचार प्रसार किया गया है।
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उन्होंने कहा कि भगवान शिव सावन के पवित्र माह में पृथ्वी पर आते हैं। उनके आगमन पर प्रकृति श्रृंगार करती है और चारों ओर हरियाली बिखेर देती है। श्रद्धालु भगवान भोलेनाथ की पूजा अर्चना कर परिवार की सुख समृद्धि की कामना करते हैं। श्री शिव महापुराण धर्म, अर्थ, काम और मोक्ष रूपी चारों पुरुषार्थों को देने वाला होता है।
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उन्होंने कहा कि 18 पुराणों में कहीं शिव पुराण तो कहीं वायु पुराण का वर्णन आता है। शिव पुराण का संबंध शैव मत से है। इस पुराण में प्रमुख रूप से शिव भक्ति और शिव महिमा का प्रचार प्रसार किया गया है।
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