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फाइलेरिया से निजात दिलाने को घर-घर दस्तक देंगी 1500 टीमें
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फोटो 06एयूआरपी22- वार्ता के दौरान अभियान की जानकारी देते नोडल अधिकारी डॉ. शिशिर पुरी व अन्य स्वास्थ ?
- फोटो : AURAIYA
औरैया। फाइलेरिया के समूल नाश के लिए 21 दिसंबर से पांच जनवरी 2021 तक स्वस्थ्य विभाग अभियान चलाएगा। टीमें घर-घर जाकर हर व्यक्ति को इस बीमारी से निजात दिलाने के लिए दवा खिलाएंगी। साथ ही बीमारी से बचने के उपाय भी बताए जाएंगे।
नोडल अधिकारी डॉ. शिशिर पुरी ने बताया कि फाइलेरिया एक गंभीर बीमारी है। दवा खाने से इस बीमारी पर नियंत्रण पाया जा सकता है। इसके लिए चलाए जाने वाले अभियान को सफल बनाने के लिए जिले में 1500 टीमों का गठन किया गया है। एक टीम में दो सदस्य होंगे। एक दिन में कम से कम 25 घरों में दस्तक देकर 100 व्यक्तियों को दवा खिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
टीमें 11 बजे से पांच बजे तक घर-घर जाकर लोगों को दवा खिलाने का काम करेंगी। दो वर्ष से कम, गर्भवती महिलाओं और अधिक बीमारी वाले व्यक्तियों को दवा नहीं खिलाई जानी है। यह दवा भोजन करने के बाद ही खानी है।
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बताया कि यदि पांच साल तक व्यक्ति दवा का सेवन करता है, तो वह फाइलेरिया जैसी बीमारियों से जीवन भर निजात पा सकता है। 21 दिसंबर को अभियान की शुरुआत स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी व जिले के अधिकारी दवा का सेवन कर करेंगे।
सीएमएस डॉ. लाखन सिंह ने बताया कि टीम को जिले में बैठे अधिकारियों को शाम के समय रिपोर्ट भी देनी होगी। इस रोग में व्यक्ति के लटके भागों में सूजन एवं हाइड्रोसील जैसे लक्षण हो जाते हैं। इस मौके पर टेक्निकल ऑफीसर डॉ. पंकज, विजय कुमार आदि मौजूद रहे।
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नोडल अधिकारी डॉ. शिशिर पुरी ने बताया कि फाइलेरिया एक गंभीर बीमारी है। दवा खाने से इस बीमारी पर नियंत्रण पाया जा सकता है। इसके लिए चलाए जाने वाले अभियान को सफल बनाने के लिए जिले में 1500 टीमों का गठन किया गया है। एक टीम में दो सदस्य होंगे। एक दिन में कम से कम 25 घरों में दस्तक देकर 100 व्यक्तियों को दवा खिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
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टीमें 11 बजे से पांच बजे तक घर-घर जाकर लोगों को दवा खिलाने का काम करेंगी। दो वर्ष से कम, गर्भवती महिलाओं और अधिक बीमारी वाले व्यक्तियों को दवा नहीं खिलाई जानी है। यह दवा भोजन करने के बाद ही खानी है।
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बताया कि यदि पांच साल तक व्यक्ति दवा का सेवन करता है, तो वह फाइलेरिया जैसी बीमारियों से जीवन भर निजात पा सकता है। 21 दिसंबर को अभियान की शुरुआत स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी व जिले के अधिकारी दवा का सेवन कर करेंगे।
सीएमएस डॉ. लाखन सिंह ने बताया कि टीम को जिले में बैठे अधिकारियों को शाम के समय रिपोर्ट भी देनी होगी। इस रोग में व्यक्ति के लटके भागों में सूजन एवं हाइड्रोसील जैसे लक्षण हो जाते हैं। इस मौके पर टेक्निकल ऑफीसर डॉ. पंकज, विजय कुमार आदि मौजूद रहे।