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Amroha News: जिला अस्पताल में ओपीजी जांच की सुविधा जल्द मिलने की उम्मीद
Fri, 21 Mar 2025 01:13 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Updated Fri, 21 Mar 2025 01:13 AM IST
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अमरोहा। जिला अस्पताल में ओपीजी (आर्थो पेंटोग्राफी) जांच की सुविधा जल्द शुरू होगी, जिससे मरीजों के डायग्नोसिस में आसानी हो सकेगी। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग ने शासन को प्रस्ताव बनाकर भेज दिया है। अनुमति मिलते ही ओपीजी मशीन को स्थापित किया जाएगा। एक मशीन की कीमत 10 से 12 लाख रुपये के बीच होने का अनुमान है।
जिले में जिला अस्पताल के अलावा छह सीएचसी और 46 पीएचसी हैं। सीएमओ डॉ. एसपी सिंह ने बताया कि दंत विभाग की ओपीडी में रोजाना 60 से 70 मरीज इलाज कराने आते हैं। इसमें दांत में दर्द, इंफेक्शन, सड़न, ट्यूमर, हड्डी टूटने, गलने सहित अन्य बीमारी से पीड़ित होते हैं। डॉक्टर जरूरत पड़ने पर रूट केनाल ट्रीटमेंट (आरसीटी) और आर्थो पेंटोग्राफी (ओपीजी) एक्स-रे कराने की सलाह देते हैं। लेकिन, जिला अस्पताल में यह सुविधा नहीं हैं। इस पर रोजाना करीब 25 से 30 मरीजों को जांच कराने के लिए निजी सेंटरों का सहारा लेना पड़ता था, जहां उन्हें 600 से 700 रुपये खर्च करने पड़ते हैं।
पूरे जबड़े की होती है ओपीजी
ओपीजी जांच पूरे जबड़े की होती है। यह सामने, दाएं, बाएं एंगिल से होता है। इससे हड्डी के बारे में जानकारी मिलती है। दांत में हड्डी टूटने, हड्डी के अंदर से गलने से इंफेक्शन, सिस्ट, ट्यूमर के बारे में जानकारी के लिए जरूरत होती है। जबड़े के अंतिम दांत नहीं निकलने और टेढ़े-मेढे दांत के आपरेशन के लिए भी एक्सरे कराया जाता है।
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- जिला अस्ताल में ओपीजी जांच की सुविधा जल्द शुरू कराने की तैयारी है। इसके लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया है। अभी तक ये सुविधा जिले के किसी भी सरकारी अस्पतालों में नहीं है। ओपीजी जांच की सुविधा शुरू होने से मरीजों को काफी सहूलियत होगी। - डॉ. एसपी सिंह, सीएमओ
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जिले में जिला अस्पताल के अलावा छह सीएचसी और 46 पीएचसी हैं। सीएमओ डॉ. एसपी सिंह ने बताया कि दंत विभाग की ओपीडी में रोजाना 60 से 70 मरीज इलाज कराने आते हैं। इसमें दांत में दर्द, इंफेक्शन, सड़न, ट्यूमर, हड्डी टूटने, गलने सहित अन्य बीमारी से पीड़ित होते हैं। डॉक्टर जरूरत पड़ने पर रूट केनाल ट्रीटमेंट (आरसीटी) और आर्थो पेंटोग्राफी (ओपीजी) एक्स-रे कराने की सलाह देते हैं। लेकिन, जिला अस्पताल में यह सुविधा नहीं हैं। इस पर रोजाना करीब 25 से 30 मरीजों को जांच कराने के लिए निजी सेंटरों का सहारा लेना पड़ता था, जहां उन्हें 600 से 700 रुपये खर्च करने पड़ते हैं।
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पूरे जबड़े की होती है ओपीजी
ओपीजी जांच पूरे जबड़े की होती है। यह सामने, दाएं, बाएं एंगिल से होता है। इससे हड्डी के बारे में जानकारी मिलती है। दांत में हड्डी टूटने, हड्डी के अंदर से गलने से इंफेक्शन, सिस्ट, ट्यूमर के बारे में जानकारी के लिए जरूरत होती है। जबड़े के अंतिम दांत नहीं निकलने और टेढ़े-मेढे दांत के आपरेशन के लिए भी एक्सरे कराया जाता है।
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- जिला अस्ताल में ओपीजी जांच की सुविधा जल्द शुरू कराने की तैयारी है। इसके लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया है। अभी तक ये सुविधा जिले के किसी भी सरकारी अस्पतालों में नहीं है। ओपीजी जांच की सुविधा शुरू होने से मरीजों को काफी सहूलियत होगी। - डॉ. एसपी सिंह, सीएमओ