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सरकारी खातों में रकम, विकास में खर्च किया कम
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केंद्रीय वित्त आयोग के तहत मिलने वाली रकम को खर्च करने में अधिशासी अधिकारी फिसड्डी साबित हो रहे हैं। 42.99 करोड़ रुपये में से नौ महीने की लंबी अवधि मिलने के बावजूद 7.39 करोड़ रुपये खर्च हो सके हैं। अधिशासी अधिकारियों को अब रुपये खर्च करने के लिए निदेशक के आदेश का इंतजार है। माना जा रहा है विधानसभा चुनाव की अधिसूचना जारी होने के बाद माना जा रहा है कि काम बाधित हो सकते हैं क्योंकि रुपये नहीं मिलने पर ठेकेदार या एजेंसी काम करने में हाथ खड़े कर सकती हैं।
जिले के आठ नगरीय निकायों में वित्तीय वर्ष 2020-21 में कुल 42.99 करोड़ रुपये आवंटित हुए थे, जिसमें सड़क, नाली, इंटरलॉकिंग, पेयजल और सफाई व्यवस्था के लिए खर्च करने थे। नगरीय निकाय निदेशक ने इस रकम को खर्च करने की अवधि 31 दिसंबर 2021 तय की थी हालांकि दिसंबर तक महज 7.39 करोड़ रुपये खर्च हो सके हैं। फिलहाल, नगर पालिका और नगर पंचायतों के पास 35.58 करोड़ रुपये अवशेष हैं, लेकिन अब रकम खर्च करने के लिए आदेश जारी नहीं हुए हैं।
इसके चलते छह दिनों से अधिशासी अधिकारी निदेशालय में संपर्क साध रहे हैं वहां से आदेश जारी होने का इंतजार कर रहे हैं। मालूम हो कि विधानसभा चुनाव 2022 के लिए अधिसूचना जारी होने की उम्मीद जताई जा रही है। ऐसे में इससे पहले निदेशालय की ओर से आदेश जारी नहीं हुआ तो बजट खर्च करना मुश्किल हो सकता है। काम के बदले भुगतान नहीं होने से ठेकेदारों द्वारा काम बाधित करने की आशंका जताई रही है। क्योंकि भुगतान नहीं होने पर ठेकेदार या अन्य व्यक्ति काम करने में असमर्थता जाहिर कर सकते हैं।
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अमरोहा। नगरीय निकायों को केंद्रीय वित्त आयोग की दो किस्त आवंटित हुई है। जिसमें बुनियादी और निर्दिष्ट अनुदान के कुल 42,99,28,000 रुपये शामिल हैं, फिलहाल 35,60,25,000 रुपये निकायों के पास अवशेष है। नवंबर 2020 में बुनियादी अनुदान और निर्दिष्ट अनुदान मार्च 2021 में जारी हुआ है।
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जिले के आठ नगरीय निकायों में वित्तीय वर्ष 2020-21 में कुल 42.99 करोड़ रुपये आवंटित हुए थे, जिसमें सड़क, नाली, इंटरलॉकिंग, पेयजल और सफाई व्यवस्था के लिए खर्च करने थे। नगरीय निकाय निदेशक ने इस रकम को खर्च करने की अवधि 31 दिसंबर 2021 तय की थी हालांकि दिसंबर तक महज 7.39 करोड़ रुपये खर्च हो सके हैं। फिलहाल, नगर पालिका और नगर पंचायतों के पास 35.58 करोड़ रुपये अवशेष हैं, लेकिन अब रकम खर्च करने के लिए आदेश जारी नहीं हुए हैं।
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इसके चलते छह दिनों से अधिशासी अधिकारी निदेशालय में संपर्क साध रहे हैं वहां से आदेश जारी होने का इंतजार कर रहे हैं। मालूम हो कि विधानसभा चुनाव 2022 के लिए अधिसूचना जारी होने की उम्मीद जताई जा रही है। ऐसे में इससे पहले निदेशालय की ओर से आदेश जारी नहीं हुआ तो बजट खर्च करना मुश्किल हो सकता है। काम के बदले भुगतान नहीं होने से ठेकेदारों द्वारा काम बाधित करने की आशंका जताई रही है। क्योंकि भुगतान नहीं होने पर ठेकेदार या अन्य व्यक्ति काम करने में असमर्थता जाहिर कर सकते हैं।
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अमरोहा। नगरीय निकायों को केंद्रीय वित्त आयोग की दो किस्त आवंटित हुई है। जिसमें बुनियादी और निर्दिष्ट अनुदान के कुल 42,99,28,000 रुपये शामिल हैं, फिलहाल 35,60,25,000 रुपये निकायों के पास अवशेष है। नवंबर 2020 में बुनियादी अनुदान और निर्दिष्ट अनुदान मार्च 2021 में जारी हुआ है।