फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Amroha News ›   In the excitement of Holi, drum business gets filled with enthusiasm

Amroha News: होली की उमंग में ढोल कारोबार पर चढ़ा उत्साह का रंग

Tue, 12 Mar 2024 12:08 PM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा Updated Tue, 12 Mar 2024 12:08 PM IST
विज्ञापन
In the excitement of Holi, drum business gets filled with enthusiasm
अमरोहा। होली का हुड़दंग जैसे बिना रंगों के फीका होता है, वैसे ही बिना ढोल की थाप के थिरकना मुश्किल रहता है। बात अमरोहा के ढोल की हो तो फिर कहना ही क्या। जी हां दुनिया भर में अमरोहा आम की मिठास के साथ-साथ ही ढोलक और ढोल के लिए भी दुनिया भर में मशहूर है। होली पर अमरोहा के ढोल की थाप पर पूरा देश थिरकता है।
विज्ञापन

यही वजह है की होली के नजदीक आते ही ढोल की डिमांड बढ़ गई है। पंजाब, दिल्ली, हरियाणा, मध्य प्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र, जम्मू कश्मीर, बंगाल से ढोल के आर्डर मिल रहे हैं। सबसे अधिक डिमांड छत्तीसगढ़, झारखंड और कोलकाता से आई है। होली से पहले ढोल कारोबार पर रंग चढ़ गया है। जिससे कारोबारियों के चेहरे खिले हुए हैं। अमरोहा के आम का देश-विदेश में अपना अलग मुकाम है। लेकिन लकड़ी उद्योग भी इनसे पीछे नहीं है। लकड़ी के खिलौने, ज्वैलरी हो या फिर आर्टीफिशियल बर्तन सबकी अपनी अलग छाप है। लेकिन जब होली का समय आता है तो देशभर के लोगों को यहां का ढोल ही याद आता है। होली के रंग में सराबोर होकर देशभर के लोग अमरोहा के ढोल की थाप पर एकसाथ नाचते गाते हैं।
विज्ञापन

ऐसे में होली से पहले लगभग सभी राज्यों से ढोल की डिमांड बढ़ जाती है। त्योहार से दो ढाई माह पहले से ही देशभर के व्यापारी बड़े आर्डर देकर ढोल तैयार कराते हैं। होली के रंग में रंगने से पहले तक यहां के कारोबारी देशभर में ढोल की आपूर्ति करने में लगे रहते हैं। अमरोहा की ढोलक तो विदेशों तक पहुंच रही है। लेकिन भांगड़ा के लिए बजने वाला बड़ा ढोल अधिकांश राज्यों में धूम मचाता रहा है। मौका होली का हो तो इस ढोल की बात ही निराली है। त्योहार के नजदीक आते ही ढोल कारोबारियों को फुर्सत नहीं मिल रही। सालभर लकड़ी का अन्य काम करने वाले कारोबारी इस समय दोगुनी मेहनत के साथ ढोल तैयार कर रहे हैं। होली के समय एक ढोल की कीमत 3000 से 8000 रुपये तक है। धीमी गति की ध्वनि के लिए अलग ढोल तैयार किया जाता है तो भांगड़ा के लिए अलग।
विज्ञापन
विज्ञापन

डीजे हमारी प्राचीन संस्कृति से लोगों को दूर कर रहा है। लेकिन भांगड़ा के शौकीन आज भी ढोल ही पसंद करते हैं। ये ही वजह है विभिन्न राज्यों के लिए रोजाना करीब 450 ढोल सप्लाई किए जा रहे हैं। अमरोहा का ढोल सामाजिक पर्वों पर आपसी प्रेम और सद्भाव को देशभर में फैलाता है। अमरोहा वैसे तो छोटे-छोटे उद्योगों को अपने में समेटे हुए है, लेकिन यहां की ढोलक की थाप बॉलीवुड से लेकर हॉलीवुड तक अपनी धाक जमाने में पीछे नहीं रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed