{"_id":"61707f1d523dee088b5df3db","slug":"guruji-caught-for-negligence-in-checking-copy-ban-for-three-years-10-thousand-fine-jpnagar-news-mbd4068711140","type":"story","status":"publish","title_hn":"कॉपी जांचने में लापरवाही पर फंसे गुरुजी, तीन साल के लिए रोक, 10 हजार जुर्माना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कॉपी जांचने में लापरवाही पर फंसे गुरुजी, तीन साल के लिए रोक, 10 हजार जुर्माना
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमरोहा। माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल की उत्तर पुस्तिका के मूल्यांकन में गड़बड़ी मिलने पर सहायक अध्यापक के खिलाफ कार्रवाई हुई है। यूपी बोर्ड ने शिक्षकों केे तीन साल के लिए परीक्षा कार्य के लिए काली सूची में डाल दिया है। इसके अलावा 10 हजार रुपये जुर्माना लगाया है। इसे यूूप बोर्ड के अकाउंट में अविलंब जमा करना है। परीक्षार्थी फैजाबाद मंडल के जिले का बताया जा रहा है।
डीआईओएस रामाज्ञा कुमार ने बताया कि वर्ष 2020 में हाईस्कूल की गणित की उत्तर पुस्तिका का मूल्यांकन जिले में हुआ था। इसमें कुंदन मॉडल इंटर कॉलेज के सहायक अध्यापक ने मूल्यांकन किया। एक विद्यार्थी को कम नंबर मिले। इसके बाद विद्यार्थी ने माध्यमिक शिक्षा परिषद से उत्तर पुस्तिका के दोबारा मूल्यांकन की मांग की थी। इसके बाद यूपी बोर्ड ने उत्तर पुस्तिका का दोबारा मूल्यांकन कराया था। जिसमें सहायक अध्यापक द्वारा उत्तर पुस्तिका के मूल्यांकन में गड़बड़ी पकड़ में आ गई। माध्यमिक शिक्षा परिषद ने इस कृत्य को गंभीर लापरवाही करार दिया, इसके साथ ही बच्चे के भविष्य के साथ खिलवाड़ बताया।
डीआईओएस रामाज्ञा कुमार ने बताया कि सहायक अध्यापक को तीन साल के लिए यूपी बोर्ड के परीक्षा के लिए काली सूची में डाल दिया गया है। वहीं 10 हजार रुपये जुर्माना लगाया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
डीआईओएस रामाज्ञा कुमार ने बताया कि वर्ष 2020 में हाईस्कूल की गणित की उत्तर पुस्तिका का मूल्यांकन जिले में हुआ था। इसमें कुंदन मॉडल इंटर कॉलेज के सहायक अध्यापक ने मूल्यांकन किया। एक विद्यार्थी को कम नंबर मिले। इसके बाद विद्यार्थी ने माध्यमिक शिक्षा परिषद से उत्तर पुस्तिका के दोबारा मूल्यांकन की मांग की थी। इसके बाद यूपी बोर्ड ने उत्तर पुस्तिका का दोबारा मूल्यांकन कराया था। जिसमें सहायक अध्यापक द्वारा उत्तर पुस्तिका के मूल्यांकन में गड़बड़ी पकड़ में आ गई। माध्यमिक शिक्षा परिषद ने इस कृत्य को गंभीर लापरवाही करार दिया, इसके साथ ही बच्चे के भविष्य के साथ खिलवाड़ बताया।
विज्ञापन
डीआईओएस रामाज्ञा कुमार ने बताया कि सहायक अध्यापक को तीन साल के लिए यूपी बोर्ड के परीक्षा के लिए काली सूची में डाल दिया गया है। वहीं 10 हजार रुपये जुर्माना लगाया गया है।
विज्ञापन