{"_id":"5efe3c118ebc3e42df17ff8f","slug":"fraud-jpnagar-news-mbd3545165126","type":"story","status":"publish","title_hn":"बगैर अनुमति के लगा दिया ट्रांसफॉर्मर और बिछा दी बिजली की लाइन, जेई निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बगैर अनुमति के लगा दिया ट्रांसफॉर्मर और बिछा दी बिजली की लाइन, जेई निलंबित
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमरोहा। बिजली सब स्टेशन चुचैला खुर्द-आजमपुर मलेशिया क्षेत्र के जेई अखिलेश सिंह को निलंबित कर दिया गया है। बगैर अनुमति के कई जगहों पर ट्रांसफॉर्मर और केबिल को बिछाया है। इसके साथ ही अवैध तरीके से बिजली के लाइन की शिफ्टिंग कराने का मामला सामने आया है। अधिशासी अभियंता पीपी सिंह की रिपोर्ट के बाद प्रभारी अधीक्षण अभियंता ने निलंबित कर दिया है। एक सप्ताह में दूसरे जेई का निलंबन हुआ है। इसके पहले गुलड़िया के जेई प्रदीप कुमार को निलंबित किया जा चुका है।
जिले के गजरौला वितरण खंड प्रथम में चुचैला खुर्द सब स्टेशन है। आजमपुर मलेशिया क्षेत्र के जेई अखिलेश सिंह ने पद का दुरुपयोग किया है। आईपीडीएस योजना के तहत प्रणाली सुधार योजना में प्रयोग में होने वाली सामग्री का बगैर अनुमति के इस्तेमाल किया है। अवैध रुप से ट्रांसफॉर्मर और बिजली के केबल को खींच कर ऊर्जीकृत किया गया। प्रभारी अधीक्षण अभियंता हरीश चौधरी ने कहा है कि जेई ने निजी स्वार्थ की पूर्ति के लिए कॉलोजनाइजर को लाभ पहुंचाया है। हालांकि बिजली चोरी और एटीसी हानियो को रोक नहीं सके हैं। कॉलोजनाइजर को लाभ पहुंचाने के लिए कुछ लोगों ने अफसरों की शिकायत की थी। अधिशासी अभियंता ने मामले की स्थलीय जांच की।
विज्ञापन
जिले के गजरौला वितरण खंड प्रथम में चुचैला खुर्द सब स्टेशन है। आजमपुर मलेशिया क्षेत्र के जेई अखिलेश सिंह ने पद का दुरुपयोग किया है। आईपीडीएस योजना के तहत प्रणाली सुधार योजना में प्रयोग में होने वाली सामग्री का बगैर अनुमति के इस्तेमाल किया है। अवैध रुप से ट्रांसफॉर्मर और बिजली के केबल को खींच कर ऊर्जीकृत किया गया। प्रभारी अधीक्षण अभियंता हरीश चौधरी ने कहा है कि जेई ने निजी स्वार्थ की पूर्ति के लिए कॉलोजनाइजर को लाभ पहुंचाया है। हालांकि बिजली चोरी और एटीसी हानियो को रोक नहीं सके हैं। कॉलोजनाइजर को लाभ पहुंचाने के लिए कुछ लोगों ने अफसरों की शिकायत की थी। अधिशासी अभियंता ने मामले की स्थलीय जांच की।
विज्ञापन