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शीशोवाली के खेतों में घुस रहा बाढ़ का पानी
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गजरौला(अमरोहा)। पहाड़ पर हुई बारिश से गंगा और रामगंगा पोषक नहर में जारी उफान आ गया। नहर का पानी ओवरफ्लो होकर आसपास के खेतों में घुस रहा है। रामगंगापोषक नहर से सटे गांव शीशोवाली के खेतों में बाढ़ का पानी घुस आने से किसानों के होश उड़े हुए हैं। उन्हें बाढ़ की आशंका सता रही है।
बुधवार को खादर के गांव शीशोवाली के ग्रामीण अपने खेतों पर पहुंचे तो वहां रामगंगा पोषक नहर में आई बाढ़ का पानी भरा देख उनके होश उड़ गए। बाढ़ का पानी आसपास के खेतों में भरने से वहां उगाई गईं फसलें और हरा चारा भी डूबा हुआ था। अपने खेतों की हालत देख किसानों के चेहरों की रंगत उड़ गई। गांव निवासी धनवती, जग्गो देवी, आसमां, कल्लो देवी, कलावती, जगवती, काले सिंह, दिलीप, पंकज, रवि आदि ने बताया कि हर बार बरसात के सीजन में रामगंगा पोषक नहर में आई बाढ़ उनके लिए मुसीबत का सबब बनती है। वे कई बार यहां तटबंध बनाने की गुहारें कर चुके हैं लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। सबसे अधिक चिंता ग्रामीणों को इस बात की है कि कहीं बाढ़ का पानी आबादी में न आ जाए। हालांकि इस गांव के लोग पिछले वर्ष इसी माह में बाढ़ का कहर झेल चुके हैं। ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधियों और अफसरों से उन्हें बाढ़ से निजात दिलाए जाने की मांग की है। इनका कहना है कि बाढ़ प्रभावित इन गांवों की अनदेखी किसी दिन भारी पड़ सकती है।
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बुधवार को खादर के गांव शीशोवाली के ग्रामीण अपने खेतों पर पहुंचे तो वहां रामगंगा पोषक नहर में आई बाढ़ का पानी भरा देख उनके होश उड़ गए। बाढ़ का पानी आसपास के खेतों में भरने से वहां उगाई गईं फसलें और हरा चारा भी डूबा हुआ था। अपने खेतों की हालत देख किसानों के चेहरों की रंगत उड़ गई। गांव निवासी धनवती, जग्गो देवी, आसमां, कल्लो देवी, कलावती, जगवती, काले सिंह, दिलीप, पंकज, रवि आदि ने बताया कि हर बार बरसात के सीजन में रामगंगा पोषक नहर में आई बाढ़ उनके लिए मुसीबत का सबब बनती है। वे कई बार यहां तटबंध बनाने की गुहारें कर चुके हैं लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। सबसे अधिक चिंता ग्रामीणों को इस बात की है कि कहीं बाढ़ का पानी आबादी में न आ जाए। हालांकि इस गांव के लोग पिछले वर्ष इसी माह में बाढ़ का कहर झेल चुके हैं। ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधियों और अफसरों से उन्हें बाढ़ से निजात दिलाए जाने की मांग की है। इनका कहना है कि बाढ़ प्रभावित इन गांवों की अनदेखी किसी दिन भारी पड़ सकती है।
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