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Amethi News: दूल्हे ने घर जमाई बनने से किया इन्कार, बैरंग लौटी बरात
Tue, 10 Feb 2026 12:42 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Tue, 10 Feb 2026 12:42 AM IST
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सिंहपुर। इन्हौंना के एक गांव में शादी समारोह के दौरान रविवार रात उस वक्त विवाद खड़ा हो गया, जब द्वारपूजा और जयमाला की रस्में पूरी होने के बाद दूल्हे ने विवाह से इन्कार कर दिया। मामला थाने तक पहुंचा। दोनों पक्षों ने आपसी सहमति से विवाह न करने का निर्णय लिया और बरात बिना शादी के ही लौट गई।
कमरौली के एक गांव निवासी युवक के अनुसार रविवार को उनकी बरात धूमधाम से वधू पक्ष के दरवाजे पर पहुंची। द्वारपूजा और जयमाला की रस्में विधिवत संपन्न हो गईं। इसके बाद वधू पक्ष की ओर से एक स्टांप पेपर लाकर दूल्हे से हस्ताक्षर कराने की बात कही गई। शर्त यह रखी गई कि शादी के बाद दूल्हे को घर जमाई बनकर रहना होगा और वधू के माता-पिता की सेवा करनी होगी।
दूल्हे पक्ष का यह भी कहना है कि चढ़ावे में लाए गए जेवर 18 कैरेट के बताए गए, जबकि 24 कैरेट के आभूषण की मांग रखी गई। इन शर्तों को मानने में असमर्थता जताने पर वधू पक्ष ने शादी से इन्कार कर दिया। स्थिति बिगड़ने पर परिजनों और स्थानीय लोगों ने समझाने का प्रयास किया, लेकिन दूल्हा अपने फैसले पर अड़ा रहा।
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दूल्हे पक्ष का कहना था कि ऐसी शर्तों पर पहले कोई चर्चा नहीं हुई थी, जबकि वधू पक्ष ने इन्हें पहले से तय बताया। कहासुनी बढ़ने पर रात में पुलिस मौके पर पहुंची। सोमवार को थाना परिसर में दिनभर पंचायत चली। अंततः दोनों पक्षों ने आपसी सहमति से विवाह न करने का निर्णय लेते हुए सुलह कर ली। थानाध्यक्ष विवेक सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों ने आपस में समझौता कर लिया है। किसी प्रकार की कानूनी कार्रवाई नहीं की गई।
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कमरौली के एक गांव निवासी युवक के अनुसार रविवार को उनकी बरात धूमधाम से वधू पक्ष के दरवाजे पर पहुंची। द्वारपूजा और जयमाला की रस्में विधिवत संपन्न हो गईं। इसके बाद वधू पक्ष की ओर से एक स्टांप पेपर लाकर दूल्हे से हस्ताक्षर कराने की बात कही गई। शर्त यह रखी गई कि शादी के बाद दूल्हे को घर जमाई बनकर रहना होगा और वधू के माता-पिता की सेवा करनी होगी।
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दूल्हे पक्ष का यह भी कहना है कि चढ़ावे में लाए गए जेवर 18 कैरेट के बताए गए, जबकि 24 कैरेट के आभूषण की मांग रखी गई। इन शर्तों को मानने में असमर्थता जताने पर वधू पक्ष ने शादी से इन्कार कर दिया। स्थिति बिगड़ने पर परिजनों और स्थानीय लोगों ने समझाने का प्रयास किया, लेकिन दूल्हा अपने फैसले पर अड़ा रहा।
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दूल्हे पक्ष का कहना था कि ऐसी शर्तों पर पहले कोई चर्चा नहीं हुई थी, जबकि वधू पक्ष ने इन्हें पहले से तय बताया। कहासुनी बढ़ने पर रात में पुलिस मौके पर पहुंची। सोमवार को थाना परिसर में दिनभर पंचायत चली। अंततः दोनों पक्षों ने आपसी सहमति से विवाह न करने का निर्णय लेते हुए सुलह कर ली। थानाध्यक्ष विवेक सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों ने आपस में समझौता कर लिया है। किसी प्रकार की कानूनी कार्रवाई नहीं की गई।