{"_id":"63b46bfa4189a51350195fb6","slug":"uday-pratap-s-martyrdom-inspires-service-to-the-country-ambedkar-nagar-news-lko6648923156","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ambedkar Nagar News: देश के लिए शहीद हुए उदय को किया याद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ambedkar Nagar News: देश के लिए शहीद हुए उदय को किया याद
विज्ञापन
अंबेडकरनगर। तहसील क्षेत्र भीटी के जैतूपुर गांव में मंगलवार को देश रक्षा की खातिर अपने प्राण न्योछावर कर देने वाले शहीद जवान उदय प्रताप सिंह की शहादत को याद कर उन्हें नमन किया गया। 22वीं पुण्य तिथि पर शहीद जवान को श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए पैतृक गांव में एक कार्यक्रम का आयोजन भी हुआ। इसमें हवन पूजन के बीच शहीद जवान को याद करते हुए कहा गया कि उनकी यह शहादत हम सभी को देश सेवा के लिए प्रेरणा देती है।
शहीद जवान के समाधिस्थल पर जुटे शहीद के परिजनों व ग्रामीणों ने पुष्प अर्पित कर शहीद को नम आंखों से याद किया। भाजपा महिला प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष रिंकल सिंह ने बताया कि शहीद उदय प्रताप सिंह को तीन जनवरी 2001 को राजौरी में तैनाती के दौरान जानकारी मिली थी कि कुछ आतंकवादी घुसपैठ कर रहे हैं।
इस पर उन्होंने अकेले ही मोर्चा संभाला और सीने पर गोली खाने से पहले तीन आतंकियों को ढेर कर अद्भुत वीरता व शौर्य का प्रदर्शन किया। जो प्रेरणा देता है कि हमें भी विषम परिस्थिति में भी देश सेवा से पीछे नहीं हटना चाहिए।
विज्ञापन
इस मौके पर मौजूद शहीद की पत्नी उमा सिंह ने इस बात पर रोष जताया कि शहादत को 22 वर्ष बीत जाने के बाद भी उनके नाम पर पार्क की स्थापना किए जाने की घोषणा अब तक परवान नहीं चढ़ सकी है। नाराज लोगों ने मांग की कि शहीद की याद में प्रस्तावित पार्क का निर्माण शीघ्र सुनिश्चित कराया जाए। कार्यक्रम में रामबख्श सिंह, दीपक रघुवंशी, विकास, अखिलेश सिंह, शक्ति, मधुर व प्रदीप सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रीय लोग मौजूद रहे।
विज्ञापन
शहीद जवान के समाधिस्थल पर जुटे शहीद के परिजनों व ग्रामीणों ने पुष्प अर्पित कर शहीद को नम आंखों से याद किया। भाजपा महिला प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष रिंकल सिंह ने बताया कि शहीद उदय प्रताप सिंह को तीन जनवरी 2001 को राजौरी में तैनाती के दौरान जानकारी मिली थी कि कुछ आतंकवादी घुसपैठ कर रहे हैं।
विज्ञापन
इस पर उन्होंने अकेले ही मोर्चा संभाला और सीने पर गोली खाने से पहले तीन आतंकियों को ढेर कर अद्भुत वीरता व शौर्य का प्रदर्शन किया। जो प्रेरणा देता है कि हमें भी विषम परिस्थिति में भी देश सेवा से पीछे नहीं हटना चाहिए।
विज्ञापन
इस मौके पर मौजूद शहीद की पत्नी उमा सिंह ने इस बात पर रोष जताया कि शहादत को 22 वर्ष बीत जाने के बाद भी उनके नाम पर पार्क की स्थापना किए जाने की घोषणा अब तक परवान नहीं चढ़ सकी है। नाराज लोगों ने मांग की कि शहीद की याद में प्रस्तावित पार्क का निर्माण शीघ्र सुनिश्चित कराया जाए। कार्यक्रम में रामबख्श सिंह, दीपक रघुवंशी, विकास, अखिलेश सिंह, शक्ति, मधुर व प्रदीप सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रीय लोग मौजूद रहे।