{"_id":"691cb585962e72250609b07a","slug":"saroja-is-making-women-self-reliant-ambedkar-nagar-news-c-91-1-ame1023-145555-2025-11-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ambedkar Nagar News: सरोजा महिलाओं को बना रहीं आत्मनिर्भर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ambedkar Nagar News: सरोजा महिलाओं को बना रहीं आत्मनिर्भर
Tue, 18 Nov 2025 11:35 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
Updated Tue, 18 Nov 2025 11:35 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अंबेडकरनगर। बसखारी ब्लॉक के बलुआ गांव की सरोजा ने साबित कर दिया कि अगर मन में इच्छा हो तो बिना पंखों के भी उड़ान भरी जा सकती है। 2022 में ज्योति आजीविका मिशन से जुड़कर सेनेटरी पैड बनाने का प्रशिक्षण लेने वाली सरोजा ने न सिर्फ अपने परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत की, बल्कि अब गांव की 10 से 15 महिलाओं को जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बना रही हैं।
हाईस्कूल तक शिक्षित सरोजा ने अपने इस सफर की शुरुआत तीन साल पहले ज्योति आजीविका मिशन से जुड़कर की थी। प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद उन्होंने अपना काम शुरू किया। इसके लिए उनका संपर्क लखनऊ की कुछ कंपनियों से हुआ जो सेनेटरी पैड तैया करती हैं। इनसे इन्होंने तैयार पैड खरीदने शुरू किए और घर पर लाकर पैकिंग की। इसके बाद इनकी आपूर्ति गांवों और कस्बों में शुरू की। अथक प्रयास से इनका काम आगे बढ़ रहा है। इस काम में अब वह गांव की 10 से 15 महिलाओं को भी जोड़ कर उन्हें आत्मनिर्भर बना रही हैं। कड़ी मेहनत की बदौलत हर माह 10 से 15 हजार रुपये कमा लेती हैं।
विज्ञापन
हाईस्कूल तक शिक्षित सरोजा ने अपने इस सफर की शुरुआत तीन साल पहले ज्योति आजीविका मिशन से जुड़कर की थी। प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद उन्होंने अपना काम शुरू किया। इसके लिए उनका संपर्क लखनऊ की कुछ कंपनियों से हुआ जो सेनेटरी पैड तैया करती हैं। इनसे इन्होंने तैयार पैड खरीदने शुरू किए और घर पर लाकर पैकिंग की। इसके बाद इनकी आपूर्ति गांवों और कस्बों में शुरू की। अथक प्रयास से इनका काम आगे बढ़ रहा है। इस काम में अब वह गांव की 10 से 15 महिलाओं को भी जोड़ कर उन्हें आत्मनिर्भर बना रही हैं। कड़ी मेहनत की बदौलत हर माह 10 से 15 हजार रुपये कमा लेती हैं।
विज्ञापन