फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ambedkar Nagar News ›   If you have surgery, bring surgical supplies with you.

ऑपरेशन कराएं तो सर्जिकल सामान साथ लाएं

Tue, 14 Sep 2021 11:26 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Tue, 14 Sep 2021 11:26 PM IST
विज्ञापन
If you have surgery, bring surgical supplies with you.
अंबेडकरनगर। किसी भी प्रकार का ऑपरेशन कराने के लिए यदि जिला अस्पताल जा रहे हैं, तो पूरी तैयारी के साथ जाएं। मरीज को भर्ती कराने से पहले अस्पताल को सर्जिकल से संबंधित सामान उपलब्ध कराना पड़ेगा। कारण यह है कि जिला अस्पताल में कोई भी सर्जिकल सामान उपलब्ध नहीं है। न तो धागा है और न ही ब्लेड। इतना ही नहीं हार्निया की जाली भी जिला अस्पताल में उपलब्ध नहीं है। इसके चलते सबसे अधिक समस्या उस समय उत्पन्न होती है, जब किसी हादसे में गंभीर रूप से घायल को इमरजेंसी में भर्ती कराया जाता है। उस समय सर्जिकल सामग्री के न होने से असहज स्थिति उत्पन्न हो जाती है।
विज्ञापन

मरीजों व उनके तीमारदारों के लिए एक बड़ी उम्मीद का केंद्र माना जाने वाला जिला अस्पताल उनकी अपेक्षाओं पर खरा नहीं उतर पा रहा है। किसी हादसे में गंभीर हालत में तीमारदार अपने मरीज को लेकर बड़ी उम्मीदों के साथ जिला अस्पताल पहुंचते हैं, लेकिन उन्हें यहां पहुंचकर विभिन्न प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ता है। जिला अस्पताल में मरीजों को किस हद तक मुश्किलों का सामना करना पड़ता है, इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि जिला अस्पताल में किसी भी प्रकार का सर्जिकल सामान उपलब्ध नहीं हैं।
विज्ञापन

न तो ऑपरेशन के बाद टांका लगाने के लिए धागा मौजूद है और न ही ब्लेड। और तो और टांका लगाने वाली सुई, हार्निया की जाली, पेशाब नली समेत कई अन्य प्रकार के सर्जिकल उपकरण ऑपरेशन कक्ष से नदारद हैं। ऐसे में किसी भी प्रकार के ऑपरेशन के लिए जिला अस्पताल पहुंचने वाले मरीजों के तीमारदारों को ऑपरेशन से पहले सभी जरूरी सर्जिकल सामग्री जिला अस्पताल को उपलब्ध करानी पड़ती है। इससे कई बार तीमारदारों को असहज स्थिति का सामना करना पड़ता है। सबसे अधिक समस्या तो उस समय उत्पन्न होती है, जब किसी हादसे गंभीर रूप से घायल मरीज को इमरजेंसी में भर्ती कराया जाता है। इमरजेंसी में भी किसी भी प्रकार की सर्जिकल सामग्री मौजूद नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन

तीमारदार बोले, मेडिकल स्टोर से खरीद कर दी सर्जिकल सामग्री
अकबरपुर के निवासी प्रदीप वर्मा ने कहा कि बीते दिनों वह अपने घायल भतीजे सूर्यांश का इलाज कराने के लिए जिला अस्पताल गए हुए थे। वहां पता चला कि कोई सर्जिकल सामग्री नहीं है। ऐसे में उन्हें अस्पताल के बाहर स्थित मेडिकल स्टोर से सर्जिकल सामग्री खरीदकर अस्पताल को उपलब्ध करानी पड़ी। जलालपुर के राकेश कुमार व टांडा के इम्तियाज ने कहा कि बीते दिनों वे अपना मरीज लेकर जिला अस्पताल गए थे। उनके मरीज सड़क हादसे में घायल हुए थे। इमरजेंसी में ले गए। वहां पता चला कि यहां सर्जिकल सामग्री ही नहीं है। बाहर से खरीदकर लाने के लिए कहा गया। इस पर उन्हें मेडिकल स्टोर से खरीदनी पड़ी। इसके बाद टांका लगाया गया।
रात में होती है ज्यादा परेशानी
जिला अस्पताल में सर्जिकल सामग्री की अनुपलब्धता से चलते सबसे अधिक दिक्कत रात में इमरजेंसी में आने वाले मरीजों व उनके तीमारदारों को होती है। अक्सर ऐसा होता है कि किसी हादसे या फिर मारपीट में गंभीर रूप से घायल को रात में लेकर पुलिस इमरजेंसी में पहुंचती है, तो सर्जिकल सामग्री न होने के चलते ज्यादातर मामलों में प्राथमिक उपचार के बाद मरीजों को रेफर कर दिया जाता है। इससे मरीजों व उनके तीमारदारों को विभिन्न प्रकार की मुश्किलों का सामना करना पड़ता है।
तीन माह से बढ़ी है समस्या
नाम न छापने की शर्त पर जिला अस्पताल के एक चिकित्सक ने बताया कि वैसे तो जिला अस्पताल में सर्जिकल सामग्री एक वर्ष से नहीं आई है, लेकिन पुराने स्टॉक की कुछ सामग्री थी, जिससे काम चलाया जा रहा था। लगभग तीन माह से सर्जिकल का कोई भी सामान अस्पताल में नहीं है। ऐसे में ऑपरेशन से पूर्व मरीजों के तीमारदारों से आए दिन विवाद की स्थिति उत्पन्न होती रहती है।

शासन से नहीं दी गई सर्जिकल सामग्री
अब किसी भी सामान की खरीदारी जिलास्तर पर नहीं होती है। शासन से ही सीधे दवाएं व सर्जिकल सामग्री उपलब्ध कराई जाती है। दवाएं तो पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हो रही हैं, लेकिन सर्जिकल सामग्री न उपलब्ध होने से विभिन्न प्रकार की समस्याएं उत्पन्न होती हैं।
डॉ. ओमप्रकाश, सीएमएस
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed