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फर्जी बैनामे में सब रजिस्ट्रार समेत चार पर केस
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टांडा (अंबेडकरनगर)। मृत महिला के स्थान पर किसी अन्य महिला को ले जाकर भूमि का बैनामा कराने के मामले में तत्कालीन सब रजिस्ट्रार टांडा व तीन अन्य के विरुद्ध टांडा कोतवाली पुलिस ने केस दर्ज किया है। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के साथ विवेचना शुरू कर दी है।
मामला वर्ष 2004 का है। टांडा नगर के मोहल्ला मुबारकपुर रसूलपुर निवासिनी चित्रांजलि उपाध्याय ने तहरीर देकर बताया कि उनकी मां कुसुमा देवी निवासी ग्राम डिहवा की मृत्यु छह मई 2000 को हो गई थी। तभी से उसके भाई ऋषिकांत बतौर वारिस चल-अचल संपत्ति पर काबिज रहे हैं। बीते दिनों पता चला कि माता को जीवित दिखाकर कुछ लोगों ने 30 नवंबर 2004 को एक भूखंड का बैनामा करवा लिया है।
कहा कि जब चार वर्ष पहले ही उनकी मां का निधन हो गया तो फिर ऐसे में कराया गया बैनामा पूरी तरह से फर्जी व धोखाधड़ी वाला है। वादिनी ने तत्कालीन सब रजिस्ट्रार व बैनामा कराने वाले व्यक्ति समेत कुल चार लोगों पर साजिश रचने का आरोप लगाते हुए केस दर्ज करने की मांग की। पुलिस लंबे समय से केस दर्ज करने में आनाकानी कर रही थी। इस पर महिला ने कोर्ट की शरण ली।
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सीजेएम न्यायालय ने मामले में केस दर्ज करने का निर्देश दिया। इसका पालन करते हुए टांडा कोतवाली पुलिस ने तत्कालीन सब रजिस्ट्रार प्रवीन सिंह, मुख्य विपक्षी रामकृष्ण निवासी नेहरूनगर तथा दो सगे भाइयों शिवदयाल व ईश्वरदत्त निवासी ग्राम सोनहन थाना हंसवर के खिलाफ अलग-अलग धाराओं में केस दर्ज कर लिया।
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मामला वर्ष 2004 का है। टांडा नगर के मोहल्ला मुबारकपुर रसूलपुर निवासिनी चित्रांजलि उपाध्याय ने तहरीर देकर बताया कि उनकी मां कुसुमा देवी निवासी ग्राम डिहवा की मृत्यु छह मई 2000 को हो गई थी। तभी से उसके भाई ऋषिकांत बतौर वारिस चल-अचल संपत्ति पर काबिज रहे हैं। बीते दिनों पता चला कि माता को जीवित दिखाकर कुछ लोगों ने 30 नवंबर 2004 को एक भूखंड का बैनामा करवा लिया है।
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कहा कि जब चार वर्ष पहले ही उनकी मां का निधन हो गया तो फिर ऐसे में कराया गया बैनामा पूरी तरह से फर्जी व धोखाधड़ी वाला है। वादिनी ने तत्कालीन सब रजिस्ट्रार व बैनामा कराने वाले व्यक्ति समेत कुल चार लोगों पर साजिश रचने का आरोप लगाते हुए केस दर्ज करने की मांग की। पुलिस लंबे समय से केस दर्ज करने में आनाकानी कर रही थी। इस पर महिला ने कोर्ट की शरण ली।
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सीजेएम न्यायालय ने मामले में केस दर्ज करने का निर्देश दिया। इसका पालन करते हुए टांडा कोतवाली पुलिस ने तत्कालीन सब रजिस्ट्रार प्रवीन सिंह, मुख्य विपक्षी रामकृष्ण निवासी नेहरूनगर तथा दो सगे भाइयों शिवदयाल व ईश्वरदत्त निवासी ग्राम सोनहन थाना हंसवर के खिलाफ अलग-अलग धाराओं में केस दर्ज कर लिया।