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जिला अस्पताल को जल्द मिलेगी आईसीयू व डायलिसिस यूनिट की सौगात
Updated Wed, 14 Feb 2018 11:00 PM IST
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अंबेडकरनगर। जनपदवासियों को जल्द ही जिला अस्पताल में आईसीयू व डायलिसिस यूनिट की बड़ी सौगात मिलने वाली है। शासन की पहल पर जहां डायलिसिस यूनिट के लिए कक्ष का चयन सुनिश्चित कर रिपोर्ट भेज दी गई है, वहीं भाजपा सांसद की पहल पर आईसीयू स्थापना के लिए भी प्रक्रिया शुरू हो गई है। कक्षों के निर्धारण के साथ लगने वाले सभी आधुनिक उपकरणों की सूची भी स्वास्थ्य विभाग ने तैयार कर ली है। उम्मीद है कि आने वाले कुछ ही समय में जिला अस्पताल को संबंधित बीमारी से जुड़ी जीवन रक्षक मशीनें उपलब्ध हो जाएंगी।
हृदय व किडनी रोग से ग्रसित बढ़ती मरीजों की संख्या को देखते हुए शासन ने जिला अस्पताल को बड़ी सौगात दी है। गौरतलब है कि जिला अस्पताल में लगभग प्रतिदिन 10 से 15 मरीज हृदय व किडनी रोग से पीड़ित पहुंचते हैं। इन मरीजों के उपचार के लिए जिला अस्पताल में चिकित्सक तो मौजूद हैं, लेकिन आवश्यक उपकरण न होने के चलते मरीजों का उपचार कर पाना संभव नहीं हो पाता। इसके चलते इस तरह के मरीजों को चिकित्सकों को रेफर करने के सिवाय अन्य कोई उपाय नहीं रहता। निजी स्तर पर भी जिले में इस बीमारी के उपचार की कोई व्यवस्था नहीं है। ऐसे में मरीजों को मजबूरन फैजाबाद व लखनऊ के अस्पतालों को रुख करना पड़ता है। कई बार समय समय से उपचार न मिल पाने के चलते हृदय रोगियों को असमय काल का ग्रास बन जाना पड़ता है। इस समस्या को लेकर लंबे समय से लोग आवाज उठा रहे थे, परंतु न तो जनप्रतिनिधि ध्यान दे रहे थे, और न ही शासन स्तर से कोई ठोस पहल हो पा रही थी। इससे लोगों की उम्मीद पूरा नहीं हो पा रही थी।
इस बीच प्रदेश में सत्ता बदली तो मुख्यमंत्री आदित्यनाथ ने स्वास्थ्य सुविधाओं की बेहतरी को प्राथमिकता दी। इसी का लाभ जिला अस्पताल को भी मिला। बीते दिनों शासन के निर्देश पर जिला अस्पताल में जहां किडनी मरीजों के लिए डायलिसिस यूनिट की स्थापना के लिए पहल शुरू हुई, वहीं सांसद हरिओम पांडेय ने हृदय रोगियों के लिए शासन से आईसीयू की व्यवस्था जिला अस्पताल में उपलब्ध कराने की मांग की। शासन ने उनकी भी मांग को स्वीकार कर ली, और स्वास्थ्य विभाग से आवश्यक रिपोर्ट मांगी। स्वास्थ्य विभाग ने दोनों यूनिट के लिए कक्षों का निर्धारण करने की रिपोर्ट प्रेषित करने के साथ ही शासन को दोनों यूनिट में लगने वाली जीवन रक्षक मशीनों के बारे में भी जानकारी भेज दी है। ऐसे में उम्मीद है कि जल्द ही जिला अस्पताल में दोनों यूनिटों का संचालन शुरू हो जाएगा।
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चल रही आवश्यक प्रक्रिया
जिला अस्पताल में आईसीयू व डायलिसिस यूनिट की स्थापना के लिए आवश्यक प्रक्रिया चल रही है। डायलिसिस के लिए वार्ड 4 के नीचे बने स्टोर रूम व आईसीयू के लिए फिजियोथेरेपी कक्ष के नीचे बने कक्ष को चिह्नित किया गया है। आवश्यक उपकरणों समेत इसकी रिपोर्ट भी शासन को प्रेषित कर दी गई है। -डॉ कृष्णगोपाल सिंह, सीएमओ
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हृदय व किडनी रोग से ग्रसित बढ़ती मरीजों की संख्या को देखते हुए शासन ने जिला अस्पताल को बड़ी सौगात दी है। गौरतलब है कि जिला अस्पताल में लगभग प्रतिदिन 10 से 15 मरीज हृदय व किडनी रोग से पीड़ित पहुंचते हैं। इन मरीजों के उपचार के लिए जिला अस्पताल में चिकित्सक तो मौजूद हैं, लेकिन आवश्यक उपकरण न होने के चलते मरीजों का उपचार कर पाना संभव नहीं हो पाता। इसके चलते इस तरह के मरीजों को चिकित्सकों को रेफर करने के सिवाय अन्य कोई उपाय नहीं रहता। निजी स्तर पर भी जिले में इस बीमारी के उपचार की कोई व्यवस्था नहीं है। ऐसे में मरीजों को मजबूरन फैजाबाद व लखनऊ के अस्पतालों को रुख करना पड़ता है। कई बार समय समय से उपचार न मिल पाने के चलते हृदय रोगियों को असमय काल का ग्रास बन जाना पड़ता है। इस समस्या को लेकर लंबे समय से लोग आवाज उठा रहे थे, परंतु न तो जनप्रतिनिधि ध्यान दे रहे थे, और न ही शासन स्तर से कोई ठोस पहल हो पा रही थी। इससे लोगों की उम्मीद पूरा नहीं हो पा रही थी।
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इस बीच प्रदेश में सत्ता बदली तो मुख्यमंत्री आदित्यनाथ ने स्वास्थ्य सुविधाओं की बेहतरी को प्राथमिकता दी। इसी का लाभ जिला अस्पताल को भी मिला। बीते दिनों शासन के निर्देश पर जिला अस्पताल में जहां किडनी मरीजों के लिए डायलिसिस यूनिट की स्थापना के लिए पहल शुरू हुई, वहीं सांसद हरिओम पांडेय ने हृदय रोगियों के लिए शासन से आईसीयू की व्यवस्था जिला अस्पताल में उपलब्ध कराने की मांग की। शासन ने उनकी भी मांग को स्वीकार कर ली, और स्वास्थ्य विभाग से आवश्यक रिपोर्ट मांगी। स्वास्थ्य विभाग ने दोनों यूनिट के लिए कक्षों का निर्धारण करने की रिपोर्ट प्रेषित करने के साथ ही शासन को दोनों यूनिट में लगने वाली जीवन रक्षक मशीनों के बारे में भी जानकारी भेज दी है। ऐसे में उम्मीद है कि जल्द ही जिला अस्पताल में दोनों यूनिटों का संचालन शुरू हो जाएगा।
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जिला अस्पताल में आईसीयू व डायलिसिस यूनिट की स्थापना के लिए आवश्यक प्रक्रिया चल रही है। डायलिसिस के लिए वार्ड 4 के नीचे बने स्टोर रूम व आईसीयू के लिए फिजियोथेरेपी कक्ष के नीचे बने कक्ष को चिह्नित किया गया है। आवश्यक उपकरणों समेत इसकी रिपोर्ट भी शासन को प्रेषित कर दी गई है। -डॉ कृष्णगोपाल सिंह, सीएमओ