फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   The Registrar has extended his own salary

रजिस्ट्रार ने बढ़वा लिया अपना ही वेतन

Fri, 21 Aug 2015 01:50 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Fri, 21 Aug 2015 01:50 AM IST
विज्ञापन
इलाहाबाद (ब्यूरो)। अक्सर सुनाई पड़ता है कि सदन में सांसदों या विधायकों ने खुद ही प्रस्ताव पारित कर अपना वेतन बढ़वा लिया। इलाहाबाद विश्वविद्याल के रजिस्ट्रार इनसे भी एक कदम आगे निकल गए। कार्यपरिषद की बैठक में कुछ सदस्यों के साथ मिलकर उन्होंने अपने वेतन में 20 फीसदी बढ़ोतरी का प्रस्ताव पारित करा लिया। छह माह बाद कार्यपरिषद की दूसरी बैठक हुई तो अन्य सदस्यों ने इस पर आपत्ति लगा दी और अब तक हुए अतिरिक्त वेतन भुगतान की रिकवरी का प्रस्ताव पारित कर दिया।
विज्ञापन


विवि के विधि विभाग के अध्यक्ष प्रो. बीपी सिंह ने 20 दिसंबर 2012 को रजिस्ट्रार का अतिरिक्त पदभार संभाला था। 27 जनवरी 2015 को हुई इस साल की कार्य परिषद की पहली बैठक मेें रजिस्ट्रार ने अपने ही वेतन में वृद्धि से संबंधित प्रस्ताव पारित करा लिया और इसी आधार पर पूर्ण कालिक संयुक्त रजिस्ट्रार ने प्रो. बीपी सिंह को रजिस्ट्रार के पद का कार्य संपादित करने के लिए मूल वेतन का 20 फीसदी अतिरिक्त भत्ता भी अनुमन्य कर दिया। आदेश के बाद रजिस्ट्रार को दिसंबर 2012 से लेकर फरवरी 2015 तक मूल वेतन में बीस फीसदी वृद्धि कर एरियर का भुगतान कर दिया गया। कार्यपरिषद की जून-2015 को हुई दूसरी बैठक में अन्य सदस्यों के सामने मामला आया तो उन्होंने रजिस्ट्रार को दिए जा रहे अतिरिक्त भत्ते पर आपत्ति लगा दी।
विज्ञापन


 सदस्यों ने तर्क दिया कि प्रो. बीपी सिंह को पूर्णकालिक रजिस्ट्रार का प्रभार नहीं दिया गया है। वे विधि विभागाध्यक्ष हैं, जो विधि विभाग के पांच वर्षीय विधि पाठ्यक्रम के समन्वयक होने के साथ विधि प्रकोष्ठ के समन्वयक का कार्य भी देख रहे हैं। विभाग की समयसारिणी के अनुसार वे नियमित रूप से विधि संकाय के पूर्णकालिक शिक्षक हैं, जिन्हें रजिस्ट्रार पद का मात्र प्रभार दिया गया है। ऐसे में नियमत: अतिरिक्त भत्ता पूर्णतया गलत है और यह विवि के धन का दुरुपयोग है। कार्यपरिषद के सदस्यों ने बताया कि रजिस्ट्रार प्रो. बीपी सिंह को दिए जा रहे बीस फीसदी अतिरिक्त भत्ते की रिकवरी करने को कहा गया है और इस बाबत कुलपति प्रो. एनआर फारूकी ने भी निर्देश जारी कर दिए हैं। इस मामले में रजिस्ट्रार प्रो. बीपी सिंह से बात करने की कोशिश की गई लेकिन उनका मोबाइल स्विच ऑफ मिला।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed