Atiq Ahmad News : पेशी के दौरान माफिया अतीक पर फेंके जूते, गालियों की बौछार, गुस्साई भीड़ को देख सहमा
आतंक का पर्याय माफिया अतीक अहमद बृहस्पतिवार को सीजेएम कोर्ट में पेशी के दौरान हर कदम लाचार नजर आया। माफिया के चेहरे पर न रुआब था न मूंछों पर ताव। उसकी हेकड़ी का न कहीं जोर था, न अकड़ ही दिखाई पड़ी।
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आतंक का पर्याय माफिया अतीक अहमद बृहस्पतिवार को सीजेएम कोर्ट में पेशी के दौरान हर कदम लाचार नजर आया। माफिया के चेहरे पर न रुआब था न मूंछों पर ताव। उसकी हेकड़ी का न कहीं जोर था, न अकड़ ही दिखाई पड़ी। कचहरी परिसर से सीजेएम कोर्ट के पहले तक उस पर गालियों की बौछार होती रही। भीड़ उसे सुरक्षा घेरे से खींचकर सबक सिखाने तक के लिए शोर मचाती रही। कुछ ने जूते और बोतलें भी फेंकीं। एक-दो लगीं भी। यह सब तब हुआ, जब उसकी सुरक्षा में एक हजार से अधिक पुलिस-पीएसी और आरएएफ के जवान तैनात थे।
नैनी सेंट्रल जेल से एक ही प्रिजन वैन में माफिया अतीक को उसके भाई अशरफ के साथ सीजेएम कोर्ट में पेशी के लिए लाया गया। दिन के 11:12 बजे कचहरी गेट पर जैसे ही वैन रुकी वहां मौजूद वकीलों की भीड़ शोर मचाने लगी। सबसे आगे अशरफ सफेद कुर्ता-पायजामा में निकला। उसके पीछे काले कुर्ते और पैंट में माफिया अतीक अहमद को लाया गया। अतीक जिस रास्ते से गुजरा, उसे गालियां मिलती रहीं। कुछ वकील रस्सा लगाकर सीजेएम कोर्ट का रास्ता रोके जाने से नाराज होकर नारेबाजी कर रहे थे। उनका कहना था कि माफिया को सबक सिखाने के लिए छोड़ दिया जाना चाहिए, न कि उसे इतने बड़े लाव-लश्कर में रखा जाना चाहिए।
पेशी के दौरान भी बाहर नारेबाजी होती रही और उसे गालियां सुनाई जाती रहीं। जिस अतीक का नाम सुनकर लोग कांपते थे, नतमस्तक होते थे, उसे सबक सिखाने के लिए भीड़ पहली बार इतनी उतावली नजर आई। गुस्सा इस कदर था कि अपने अधिवक्ता साथी उमेश पाल की हत्या को लेकर तमतमाए सैकड़ों वकील कोर्ट से निकलने की उसकी राह देखते रहे। कोर्ट से 2.40 बजे अतीक और अशरफ कोर्ट से निकले तो 40 मीटर दूर खड़ी वैन तक सही-सलामत पहुंचाने में छक्के छूट गए। सीढि़यों से उतरने के बाद भीड़ को लपकते देख अशरफ तेजी से आगे बढ़ गया। अतीक के चेहरे पर भी हवाइयां उड़ती रहीं। अतीक पहली बार इतना बेबस और लाचार दिखा।
कभी जेलों के भीतर से अतीक के एक फरमान पर किसी की भी रूह कांप जाया करती थी, उसकी अब तक 15 सौ करोड़ मूल्य की संपत्ति जब्त की जा चुकी है। सात सौ बीघे में अलीना सिटी और अहमद सिटी बसाने का ख्वाब देखने वाला अतीक अब गुनाहों पर तरस खाता नजर आने लगा है। बीवी शाइस्ता परवीन भी 50 हजार की इनामी होकर फरार है तो दो नाबालिग बेटे ऐजम और अबान बाल गृह में रखे गए हैं। उमेश पाल हत्याकांड में फरार बेटे असद को मुठभेड़ में इस कदर मार गिराया जाएगा, उसने शायद कभी सोचना नहीं होगा।