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फर्जीवाड़ा कर आरक्षी के पद पर हुआ चयनित, मुकदमा दर्ज
Fri, 02 Jul 2021 11:28 PM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Fri, 02 Jul 2021 11:28 PM IST
सार
- भर्ती बोर्ड के लिपिक को भी किया गया नामजद, जांच में जुटी पुलिस
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Fraud
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विस्तार
पुलिस विभाग में फर्जीवाड़ा कर सिपाही के पद पर चयनित होने का मामला सामने आया है। जांच के दौरान सच्चाई सामने आने पर रिक्रूट ट्रेनिंग सेंटर के प्रभारी की ओर से मामले में आरोपी सिपाही और भर्ती लिपिक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। कर्नलगंज पुलिस का कहना है कि जांच की जा रही है।
पुलिस लाइन स्थित आरटीसी प्रभारी श्रवण कुमार पांडेय की ओर से तहरीर देकर बताया गया है कि रिक्रूट आरक्षियों के आधारभूत प्रशिक्षण के दौरान नाप-जोख में चौंकाने वाला मामला सामने आया। इसमें आरक्षी राकेश कुमार की लंबाई आरक्षी पद के मानक से कम मिली। पत्रावलियों को देखने पर पाया गया कि पत्रावलियों में कई जगहों पर चतुर्थ श्रेणी पदनाम को काटकर आरक्षी किया गया है।
यही नहीं कई दस्तावेज गायब मिले हैं। साथ ही पुलिस अधीक्षक रेलवे की ओर से भेजे गए पत्र के अनुसार उपरोक्त को मृतक आश्रित सेवा नियमावली के अनुसार चतुर्थ श्रेणी के पद सेवायोजन किया जाना था। आरोप यह भी है कि पत्रावली में तथ्यों को छिपाकर व दस्तावेजों में छेड़छाड़ कर भर्ती लिपिक विजय केसरी की ओर से भर्ती प्रक्रिया पूरी की गई है। कर्नलगंज पुलिस ने बताया कि तहरीर के आधार पर नामजद मुकदमा दर्ज कर जांच पड़ताल की जा रही है।
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पुलिस लाइन स्थित आरटीसी प्रभारी श्रवण कुमार पांडेय की ओर से तहरीर देकर बताया गया है कि रिक्रूट आरक्षियों के आधारभूत प्रशिक्षण के दौरान नाप-जोख में चौंकाने वाला मामला सामने आया। इसमें आरक्षी राकेश कुमार की लंबाई आरक्षी पद के मानक से कम मिली। पत्रावलियों को देखने पर पाया गया कि पत्रावलियों में कई जगहों पर चतुर्थ श्रेणी पदनाम को काटकर आरक्षी किया गया है।
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यही नहीं कई दस्तावेज गायब मिले हैं। साथ ही पुलिस अधीक्षक रेलवे की ओर से भेजे गए पत्र के अनुसार उपरोक्त को मृतक आश्रित सेवा नियमावली के अनुसार चतुर्थ श्रेणी के पद सेवायोजन किया जाना था। आरोप यह भी है कि पत्रावली में तथ्यों को छिपाकर व दस्तावेजों में छेड़छाड़ कर भर्ती लिपिक विजय केसरी की ओर से भर्ती प्रक्रिया पूरी की गई है। कर्नलगंज पुलिस ने बताया कि तहरीर के आधार पर नामजद मुकदमा दर्ज कर जांच पड़ताल की जा रही है।
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