फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Prayagraj Police: Investigation will continue even after Nafees' death, monitoring of call details and account

Prayagraj Police : नफीस की मौत के बाद भी चलती रहेगी, जांच, काॅल डीटेल्स और खातों पर नजर

Thu, 21 Dec 2023 12:41 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Thu, 21 Dec 2023 12:41 PM IST
सार

अतीक गिरोह के फाइनेंस नफीस बिरयानी की मौत के साथ ही कई राज दफन हो गए। हालांकि, पुलिस उसकी अवैध काली कमाई की जांच बंद करने नहीं जा रही है। नफीस को एनकाउंटर के बाद जब पकड़ा गया था तो खुलासा हुआ था कि वह अतीक के जेल जाने के बाद से शाइस्ता को हर महीने 25 से 30 लाख रुपये तक पहुंचाता था।

विज्ञापन
Prayagraj Police: Investigation will continue even after Nafees' death, monitoring of call details and account
नफीस बिरयानी। फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

अतीक गिरोह के फाइनेंसर नफीस बिरयानी की भले ही मौत हो गई हो लेकिन अवैध लेनदेन की जांच होती रहेगी। पुलिस उसके कॉल डीटेल्स और खातों के साथ ही अवैध लेनदेन की जांच कर रही है। नफीस बिरयानी बेचने के साथ ही रियल इस्टेट का धंधा भी कर रहा था। इसके साथ ही विवादित जमीनों की खरीद फरोख्त से भी वह मोटा पैसा बना रहा था। हालांकि उसकी कमाई का बड़ा हिस्सा अतीक के परिवार और उसके गुर्गों के पास जा रहा था। नफीस की काली कमाई के बाद पुलिस बहुत जल्द ही उसे कस्टडी रिमांड पर लेने वाली थी, लेकिन उससे पहले ही उसकी मौत हो गई।

विज्ञापन


अतीक गिरोह के फाइनेंस नफीस बिरयानी की मौत के साथ ही कई राज दफन हो गए। हालांकि, पुलिस उसकी अवैध काली कमाई की जांच बंद करने नहीं जा रही है। नफीस को एनकाउंटर के बाद जब पकड़ा गया था तो खुलासा हुआ था कि वह अतीक के जेल जाने के बाद से शाइस्ता को हर महीने 25 से 30 लाख रुपये तक पहुंचाता था। इतना ही नहीं परिवार वालों को हवाई जहाज से गुजरात ले जाने और उन्हें फाइव स्टार होटलों में रुकवाने की भी जिम्मेदारी नफीस के पास ही थी।

विज्ञापन

साबरमती जेल ले जाकर अतीक से उसके परिजनों को मिलवाता था नफीस

शाइस्ता और उसके बेटे जब साबरमती जेल में अतीक से मिलने जाते तो नफीस खुद ही उन्हें लेकर जाता। पूछताछ के बाद पुलिस ने कुछ पुराने हवाई टिकट और होटलों के बिल भी बरामद किए थे। इसके अलावा यह भी पता चला था कि वह अतीक के मुख्य गुर्गों पर भी पैसे खर्च करता था। बदले मे अतीक का नाम लेकर विवादित जमीनों की खरीद फरोख्त से मोटा पैसा कमाता था। पुलिस ने नफीस की गिरफ्तारी के बाद उसके हाल के वर्षों में ट्रांजैक्शन, उसके और परिवार वालों के बैंक खातों की जांच शुरू की थी। इसी संबंध में पूछताछ के लिए पुलिस ने उसे कस्टडी रिमांड पर लेने के लिए प्रार्थनापत्र देने की योजना बनाई थी, लेकिन उससे पहले ही उसकी मौत हो गई।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed