फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Prayagraj News Patching of Shastri bridge got damaged in rain, potholes can become the cause of a big acciden

Prayagraj News : बारिश में शास्त्री पुल की पैचिंग उखड़ी गड्ढे बन सकते हैं बड़े हादसे का सबब

Mon, 11 Aug 2025 07:17 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Mon, 11 Aug 2025 07:17 PM IST
सार

महाकुंभ से पहले करोड़ों की लागत से प्रयागराज-वाराणसी को जोड़ने वाले गंगा नदी के ऊपर बने शास्त्री पुल के डाउन लेन की सड़क चंद महीनों में ही जवाब दे गई। कांवड़ से पहले भी लोनिवि की ओर से सड़क पर जगह-जगह बने गड्ढे की पैचिंग कराई गई थी लेकिन एकबार फिर मार्ग बदहाल है।

विज्ञापन
Prayagraj News Patching of Shastri bridge got damaged in rain, potholes can become the cause of a big acciden
यातायात का अधिक दबाव पर सुध नहीं झूंसी निवासी राजेश सिंह, पप्पू और सैफ का कहना है कि शास्त्री पुल - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

महाकुंभ से पहले करोड़ों की लागत से प्रयागराज-वाराणसी को जोड़ने वाले गंगा नदी के ऊपर बने शास्त्री पुल के डाउन लेन की सड़क चंद महीनों में ही जवाब दे गई। कांवड़ से पहले भी लोनिवि की ओर से सड़क पर जगह-जगह बने गड्ढे की पैचिंग कराई गई थी लेकिन एकबार फिर मार्ग बदहाल है। बारिश का पानी भरने के कारण पैचिंग में बड़े-बड़े 26 गड्ढे हो गए हैं जो आए दिन हादसे का सबब बन रहे हैं। ऐसे में कार्य की गुणवत्ता पर भी सवाल उठ रहे हैं।

विज्ञापन


शास्त्री पुल प्रयागराज को वाराणसी, जौनपुर, आजमगढ़ और गोरखपुर जैसे शहरों से जोड़ता है। इस मार्ग पर प्रतिदिन हजारों की संख्या में वाहनों का आवागमन होता है। शहर में यातायात के लिए भी यह पुल अहम है। यही कारण है कि जिम्मेदारों की अनदेखी बड़ी आबादी पर भारी पड़ रही है। एक ओर जहां वाहन चालकों को पुल पर गड्ढों के कारण झटके झेलने पड़ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर हादसे का खतरा बना हुआ है। विशेषज्ञों की मानें तो शास्त्री पुल पर तेज रफ्तार में दौड़ने वाले ओवरलोड ट्रक के चालक अचानक डिस्क ब्रेक मारते हैं। ऐसे में साढ़े सात मीटर लंबे और साढ़े छह मीटर चौड़े सड़क के छोटे पैनल का ज्वाइंट अपनी जगह से खुल जाता है।

विज्ञापन

शास्त्री पुल पर आवाजाही मुश्किल, हादसों का खतरा

शहर के बलुआघाट निवासी हरीश प्रजापति कपड़ा कारोबारी हैं। उनकी झूंसी के अनवर मार्केट में कपड़े की दुकान है। उनका कहना है कि शास्त्री पुल की सड़क पर इतने गड्ढे हो गए हैं कि राहगीरों को आवाजाही में मुश्किल हो रही है। साथ ही हादसों का खतरा बना रहता है। उन्होंने बताया कि कई जगहों पर तो सड़क पर लोहे की सरिया तक नजर आ रही है।

मार्ग पर फिर हो गए 26 गड्ढे

कारोबारी तौहीद खान का कहना है कि शास्त्री पुल से झूंसी आने वाली लेन पर विशालकाय गड्ढों के कारण हमेशा हादसे की संभावना बनी रहती है। कांवड़ यात्रा शुरू होने से पहले पुल पर हुए 72 गड्ढे में पैचिंग की गई थी। तब लोक निर्माण विभाग ने पैचिंग कर गड्ढों को भर दिया लेकिन कांवड़ यात्रा समाप्त होने के बाद एक बार फिर उनमें से 26 गड्ढे हो गए हैं।

विज्ञापन

यातायात का अधिक दबाव पर सुध नहीं

झूंसी निवासी राजेश सिंह, पप्पू और सैफ का कहना है कि शास्त्री पुल की खराब सड़क किसी दिन बड़े हादसे का सबब बन सकती है। मार्ग पर यातायात का अधिक दबाव होने के बावजूद जिम्मेदारों की ओर से सुध नहीं ली जा रही है। उन्होंने बताया कि महाकुंभ के बाद कांवड़ में भी शास्त्री पुल पर मरम्मतीकरण का कार्य कराया गया लेकिन चंद दिनों बाद ही पैचिंग उखड़ने लगी।

40 टन की क्षमता वाला शास्त्री पुल झेल रहा 125 टन का भार

तकरीबन पांच दशक पुराने शास्त्री पुल का जब निर्माण किया गया था, तब उसकी क्षमता 40 टन निर्धारित की गई थी। उस वक्त माल वाहक ट्रक चार टॉयर के हुआ करते थे। वर्तमान में 12 से 18 टॉयर के ट्रक सड़क पर माल भरकर दौड़ रहे हैं यानी 40 टन की क्षमता वाला शास्त्री पुल रोजाना 100 से 125 टन का भार झेल रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed