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पीएचडी में प्रवेश का साक्षात्कार निरस्त करने का आदेश रद्द
Fri, 06 Mar 2020 10:13 PM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Fri, 06 Mar 2020 10:13 PM IST
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- फोटो : डेमो
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इलाहाबाद विश्वविद्यालय द्वारा पीएचडी में दाखिले का साक्षात्कार निरस्त करने का आदेश हाईकोर्ट ने रद्द कर दिया है। कोर्ट ने मामले को वापस विश्वविद्यालय अधिकारियों के पास भेजते हुए कहा है कि वह इस मामले में नियमानुसार कार्यवाही करें और साक्षात्कार के संबंध में कोई भी निर्णय लेते समय सकारण आदेश पारित करें। अमित कुमार और 44 अन्य की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश न्यायमूर्ति अश्वनी कुमार मिश्र ने दिया है।
याचिका में कहा गया कि इलाहाबाद विश्वविद्यालय ने 31 जनवरी 2020 को पीएचडी प्रवेश का साक्षात्कार रद्द कर दिया। मगर ऐसा करने का कोई कारण नहीं बताया गया है। कोर्ट ने विश्वविद्यालय से इस मामले में जवाब मांगा था। बताया गया कि साक्षात्कार रद्द करने का निर्णय चार संकायों के डीन और कुलपति की समिति ने लिया है।
कोर्ट ने समिति की बैठक के मिनट्स का निरीक्षण किया तो पता चला कि साक्षात्कार निरस्त करने के निर्णय का कोई कारण नहीं बताया गया है। इस आधार पर अदालत ने समिति के 31 जनवरी के निर्णय को रद्द करते हुए मामला वापस विश्वविद्यालय को भेज दिया है तथा कहा है इस मामले में नियमानुसार आगे की कार्यवाही करें।
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याचिका में कहा गया कि इलाहाबाद विश्वविद्यालय ने 31 जनवरी 2020 को पीएचडी प्रवेश का साक्षात्कार रद्द कर दिया। मगर ऐसा करने का कोई कारण नहीं बताया गया है। कोर्ट ने विश्वविद्यालय से इस मामले में जवाब मांगा था। बताया गया कि साक्षात्कार रद्द करने का निर्णय चार संकायों के डीन और कुलपति की समिति ने लिया है।
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कोर्ट ने समिति की बैठक के मिनट्स का निरीक्षण किया तो पता चला कि साक्षात्कार निरस्त करने के निर्णय का कोई कारण नहीं बताया गया है। इस आधार पर अदालत ने समिति के 31 जनवरी के निर्णय को रद्द करते हुए मामला वापस विश्वविद्यालय को भेज दिया है तथा कहा है इस मामले में नियमानुसार आगे की कार्यवाही करें।
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