फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Now there will be a third eye on Bijli raids, investigation teams will be equipped with body worn cameras

तैयारी : बिजली की छापेमारी पर अब होगी तीसरी आंख की नजर, बॉडी वार्न कैमरे से लैस होगी जांच टीमें

Tue, 05 Mar 2024 05:37 AM IST
विनोद सिंह अमर उजला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Tue, 05 Mar 2024 05:37 AM IST
सार

प्रयागराज में प्रवर्तन दल की दो टीमें अलग-अलग छापेमारी की कार्रवाई करती हैं। पिछले एक सालों में दर्जनों बार विजलेंस की टीम के साथ मारपीट की घटनाएंं हुई हैं। वहीं, कई बार उपभोक्ताओं के घर चेकिंग करने पहुंची टीम कटियामारी या बिजली चोरी के अन्य तरीकों को साक्ष्य के रूप में पूरी तरह रिकॉर्ड नहीं कर पाती हैं।

विज्ञापन
Now there will be a third eye on Bijli raids, investigation teams will be equipped with body worn cameras
बॉडी वार्मर कैमरा। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बिजली चोरी रोकने या पकड़ने के लिए विजलेंस टीम की छापेमारी पर अब तीसरी आंख की नजर होगी। टीम की छापेमारी की पूरी गतिविधियां अब कैमरे में रिकॉर्ड होंगी। उत्तर प्रदेश पॉवर कारपोरेशन प्रबंधन ने इस संबंध में बड़ा निर्णय लेते हुए जांच टीमों को बॉडी वार्न कैमरे से लैस करने का निर्णय लिया है। अब जांच दल की छापेमारी की पूरी कार्रवाई पर कंट्रोल रूम से निगाह रखी जा सकेगी। इससे उपभोक्ताओं की ओर से लगाए जा रहे आरोपों से विजलेंस की टीम को राहत तो मिलेगी ही, साथ ही प्रवर्तन दल के साथ हो रही मारपीट व विवादों की घटनाएं भी कैमरे में साक्ष्य के रूप में रिकॉर्ड हो जाएंगी।

विज्ञापन



प्रयागराज में प्रवर्तन दल की दो टीमें अलग-अलग छापेमारी की कार्रवाई करती हैं। पिछले एक सालों में दर्जनों बार विजलेंस की टीम के साथ मारपीट की घटनाएंं हुई हैं। वहीं, कई बार उपभोक्ताओं के घर चेकिंग करने पहुंची टीम कटियामारी या बिजली चोरी के अन्य तरीकों को साक्ष्य के रूप में पूरी तरह रिकॉर्ड नहीं कर पाती हैं। बाद में विवेचना के दौरान इसका फायदा बिजली चोरी करने वाले उपभोक्ताओं को मिलता है। जानकारी के मुताबिक बॉडी वार्न कैमरे में जीपीएस लोकेशन से लेकर ऑडियो-वीडियो सब स्वत: रिकॉर्ड होंगे।

विज्ञापन

इस रिकॉर्डिंग से छापेमारी के दौरान विजलेंस टीम के साथ हो रही सभी घटनाओं के साक्ष्य एकत्रित हो जाएंगे। कैमरे की नजर में हो रही छापेमारी से उपभोक्ताओं के मन में तो भय पैदा ही होगा, साथ ही भ्रष्टाचार पर भी अंकुश लगेगा। जानकारी के मुताबिक विजलेंस की टीम को जल्द ही यह बॉडी वार्न कैमरे मिल जाएगा। पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम की ओर से जल्द ही यह कैमरे भेजे जाएंगे।
 

कहा जा रहा है कि कैमरे पूरी तरह से आधूनिक होंगे। यह आठ घंटे का बैटरी बैकअप देगा, ताकि रिकॉर्डिंग में किसी तरह की समस्या न आए। छापेमारी की पूरी कार्रवाई की वीडियोग्राफी को रिकार्ड के रूप में सुरक्षित रखा जाएगा। ताकि जरूरत पड़ने पर इसे साक्ष्य के रूप में प्रस्तुत किया जा सके। मुख्य अभियंता पीके सिंह ने बताया कि साक्ष्यों के रहने से किसी भी प्रकार की गड़बड़ी नहीं हो सकेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed