फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   man posing as an IPS officer of Delhi Police duped an advocate of Rs 4 lakh.

Fraud : खुद को दिल्ली पुलिस का आईपीएस अफसर बताकर अधिवक्ता से ठगे चार लाख

Sun, 22 Feb 2026 07:08 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sun, 22 Feb 2026 07:08 PM IST
सार

अतरसुइया निवासी एक अधिवक्ता को डिजिटल अरेस्ट कर साइबर ठगों ने चार लाख रुपये की ठगी कर ली। ठगों ने खुद को दिल्ली पुलिस का आईपीएस अफसर बताकर पीड़ित को मनी लॉन्ड्रिंग की झूठी एफआईआर दर्ज होने का झांसा दिया और फिर गिरफ्तारी का डर दिखाकर चपत लगा दी।

विज्ञापन
man posing as an IPS officer of Delhi Police duped an advocate of Rs 4 lakh.
fraud फ्रॉड - फोटो : Adobe Stock

विस्तार

अतरसुइया निवासी एक अधिवक्ता को डिजिटल अरेस्ट कर साइबर ठगों ने चार लाख रुपये की ठगी कर ली। ठगों ने खुद को दिल्ली पुलिस का आईपीएस अफसर बताकर पीड़ित को मनी लॉन्ड्रिंग की झूठी एफआईआर दर्ज होने का झांसा दिया और फिर गिरफ्तारी का डर दिखाकर चपत लगा दी। अतरसुइया पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है।

विज्ञापन

अधिवक्ता ने पुलिस को बताया कि 16 फरवरी को उनके मोबाइल फोन पर वीडियो कॉल आई। उठाया तो एक व्यक्ति वर्दी में था। उसने खुद को दिल्ली पुलिस का आईपीएस अफसर बताया। कहा कि आपके खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग की एफआईआर दर्ज हुई है। आपको गिरफ्तार किया जाएगा। डरा-धमका कर मानसिक रूप से प्रताड़ित किया।

विज्ञापन


गिरफ्तारी का डर दिखाकर चार लाख रुपये ट्रांसफर करवा लिया। इसके कुछ दिन तक वह आरबीआई से रुपये की जांच कराने की बात करता रहा और फिर अचानक कॉल करना बंद कर दिया। जानकारी हुई कि उनके साथ शातिरों ने ठगी की है। अतरसुइया पुलिस मोबाइल नंबर और खाता नंबररे आधार पर ठगों की पहचान में जुट गई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

ठगी से ऐसे बचें

- कभी पुलिस डिजिटल अरेस्ट नहीं करती है, अगर कोई वारंट होगा तो पुलिस घर आएगी।

- अंजान नंबर से बिलकुल भरोसा न करें, अगर कोई आपको डराए तो तुरंत पुलिस को सूचना दें।

- अंजान नंबर से आए वीडियो कॉल पर पुलिस की वर्दी पहने कोई कॉल करें तो तुरंत फोन काट दें।

- साइबर ठगी होने पर तुरंत हेल्प लाइन नंबर 1930 या फिर cybercrime.in पर सूचना देंं।

199 पर फोन करने के बाद खाते से उड़े 99 हजार

प्रयागराज। शांतिपुरम निवासी रश्मि चौरसिया ने पुलिस को बताया कि 16 फरवरी की सुबह 9:30 बजे मोबाइल नंबर बंद हो गया। कॉल करने पर कहा गया कि 199 पर फोन करें। जैसे फोन किया तो नाम, पति का नाम और पता पूछा गया। इसके बाद मोबाइल नंबर ठीक हो गया और फोन आने-जाने लगा। शाम करीब सात बजे किसी को ऑनलाइन रुपये देने लगी तो पता चला कि लिमिट नहीं है। बैंक खाता चेक किया तो पता चला कि सैलरी खाते से 99 हजार रुपये यूपीआई के माध्यम से अब्दुल हमाद रजा के पास ट्रांसफर हुए हैं। जानकारी होते ही अपने खाते को ब्लाक करा दिया। साइबर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। 

रिश्तेदार बताकर कांस्टेबल से 15 हजार की ठगी

प्रयागराज। कांस्टेबल आकाश सिंह ने पुलिस को बताया कि वह यूपी गर्ल्स बटालियन एनसीसी गार्द में उनकी तैनाती हैं। बुधवार की रात करीब आठ बजे अंजान मोबाइल नंबर से फोन आया। व्यक्ति की आवाज जानी पहचानी लग रही थी। उसने खुद को मेरा रिश्तेदार बताकर 15 हजार रुपये ट्रांसफर करवा लिया। शक होने पर जब अपने रिश्तेदार को फोन किया तो उन्होंने रुपये मांगने से इन्कार कर दिया और कहा कि कोई फोन नहीं किया था। कर्नलगंज पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed