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Prayagraj News: सावन का प्रथम सोमवार... आस्था-भक्ति-विश्वास का संगम

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 23 Jul 2024 06:12 AM IST
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First Monday of Sawan... confluence of faith-devotion-belief
पांच महायोगों में शिवालयों में जलाभिषेक के लिए लगी भक्तों की कतार, संगमनगरी हुई शिवमय
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अमर उजाला ब्यूरो

प्रयागराज। सावन के प्रथम सोमवार पर पांच महायोगों के बीच शिवालयों में आस्था, भक्ति और विश्वास के संगम में श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाई। भोर से ही शिव मंदिरों में कतारें लग गईं। संगम का जल लेकर श्रद्धालुओं ने भगवान भोले नाथ का जलाभिषेक किया।
प्रीति योग में, आयुष्मान योग, राजयोग, शश योग और सर्वार्थ सिद्धि योग में सावन के पहले सोमवार पर शिवमंदिरों में जलाभिषेक कर भक्तों ने महादेव से मंगल की कामना की। सरस्वती घाट स्थित प्राचीन मनकामेश्वर महादेव मंदिर में तड़के चार बजे मंगला आरती हुई। इसके बाद भक्तों के लिए मंदिर खोल दिया गया।
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पौ फटने से पहले बैरहना-नैनी मुख्य मार्ग से सरस्वती घाट तक कतारबद्ध श्रद्धालु धक्कामुक्की करते बाबा के दरबार पहुंचने लगे। दोपहर में भोग आरती के दौरान दोपहर 12 बजे 15 मिनट के लिए जलाभिषेक स्थगित रहा।
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इसके बाद कतार में लगे श्रद्धालु मनकामेश्वर के दरबार की ओर बढ़ने लगे। सरस्वती घाट से लेकर मंदिर तक भक्तों की लंबी कतार लगी रही। रात 12 बजे तक दर्शन-पूजन का सिलसिला चला। मंदिर के महंत श्रीधरानंद ब्रह्मचारी व्यवस्था में लगे रहे।
इसी तरह अरैल स्थित सोमेश्वर महादेव मंदिर में भी भोर से ही जलाभिषेक शुरू हो गया। यहां एक तरफ जलाभिषेक होता रहा, दूसरी ओर मंदिर परिसर में मंत्रोच्चार के साथ रुद्राभिषेक चलता रहा।
यज्ञ, हवन और आहुति से मंदिर परिसर भक्तिभाव से सराबोर रहा। इसके अलावा भरद्वाजेश्वर महादेव, हाटकेश्वर नाथ, सिविल लाइंस स्थित शिवमंदिर, तक्षकेश्वर नाथ महादेव मंदिर, पंडिला महादेव, नागवासुकि मंदिर और दशाश्वमेध ब्रह्मेश्वर मंदिर में भी भक्तों की भीड़ लगी रही।

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दशाश्वमेध घाट पर जल भरने के लिए कांवड़ियों का लगा तांता
कंधे पर कांवड़ लेकर भक्त भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए घरों से निकल पड़े हैं। युवाओं के साथ ही बच्चे और महिलाएं भी कांवड़ पथ पर उत्साह से निकले। सावन के पहले सोमवार पर बाबा काशी विश्वनाथ और बाबा बैजनाथ के जलाभिषेक के लिए कांवड़ियों का तांता लगा रहा। दशाश्वमेध घाट से जल भरकर नंगे पांव भक्त दिनभर निकलते रहे। इससे झूंसी शास्त्री पुल से लेकर प्रयागराज-वाराणसी राजमार्ग कई जगह केसरियामय नजर आया। बोल बम के जयकारों से वातावरण भक्तिमय हो गया है।


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संगम पर भव्य रूद्राभिषेक

प्रयागराज। शंभू सरकार शिव परिवार की ओर से संगम पर सावन के पहले सोमवार पर ज्योतिषाचार्य सत्येन्द्र कुमार शुक्ल के नेतृत्व में भगवान शिव का भव्य रूद्राभिषेक हुआ। इस दौरान श्रद्धालुओं ने बोले बाबा का गंगा जल, दूध, दही, घी, शहद, शंकर और गन्ने के रस से अभिषेक किया। आचार्य सत्येंद्र ने भगवान शिव की महिमा का वर्णन किया। उन्होंने कहा कि सावन के प्रत्येक सोमवार को संगम पर सुबह से ही भगवान शिव का पूजन शुरू होता है इसमें लोग शामिल हो सकते हैं। संवाद
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