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Prayagraj : जाली नोटों को जिला पंचायत चुनाव में खपाने की थी तैयारी, मुख्य सरगना की गिरफ्तारी के लिए दबिश तेज

Sun, 05 Apr 2026 03:34 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sun, 05 Apr 2026 03:34 PM IST
सार

सरायइनायत थाना क्षेत्र में 1.18 लाख रुपये के जाली नोट पकड़े जाने के मामले में पुलिस को कई और अहम जानकारियां मिली हैं। जांच में पता चला कि आरोपी जाली नोटों को जिला पंचायत चुनाव में खपाने की तैयारी में थे। लेकिन पुलिस ने पहले ही गैंग के चार सदस्यों को गिरफ्तार कर गिरोह का भंडाफोड़ कर दिया।

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Fake currency notes were being used to circulate during the district panchayat elections
रुपया - फोटो : अमर उजाला डिजिटल

विस्तार

सरायइनायत थाना क्षेत्र में 1.18 लाख रुपये के जाली नोट पकड़े जाने के मामले में पुलिस को कई और अहम जानकारियां मिली हैं। जांच में पता चला कि आरोपी जाली नोटों को जिला पंचायत चुनाव में खपाने की तैयारी में थे। लेकिन पुलिस ने पहले ही गैंग के चार सदस्यों को गिरफ्तार कर गिरोह का भंडाफोड़ कर दिया।

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जांच में सामने आया कि देवरिया निवासी विवेक यादव पिछले कई वर्षों से इस अवैध धंधे में सक्रिय था और इसी कमाई के दम पर वह राजनीति में भी पकड़ बनाने का प्रयास कर रहा था। विवेक की आर्थिक स्थिति पिछले चार-पांच साल में अचानक बदली। मध्यम वर्गीय परिवार से आने वाले विवेक ने इस दौरान महंगी गाड़ियां स्कॉर्पियो, थार और बुलेट खरीदीं और इलाके में अपना प्रभाव बढ़ाना शुरू किया। उसके रहन-सहन और खर्च के तरीके ने लोगों को पहले ही संदेह में डाल दिया था।
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हालांकि, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मुख्य आरोपी विवेक यादव की गिरफ्तारी के बाद कई और भी अहम खुलासे हो सकते हैं। वहीं, आरोपी के मोबाइल फोन की लोकेशन के आधार पर पुलिस की एक टीम लगातार दबिश दे रही है। पुलिस ने बताया कि जल्द ही फरार विवेक को दबोच लिया जाएगा। वहीं, दूसरी तरफ पुलिस ने आरोपी के मोबाइल नंबर से कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) भी निकाला है। इसके आधार पर उसके संपर्क में रहने वाले सभी करीबियों की लिस्ट बना रही है। पुलिस को आशंका है कि इस गिरोह में विवेक के अलावा और भी कई लोग शामिल हैं।

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