नकल गिरोह के पांच सदस्यों समेत आठ भेजे गए जेल, तीन अभ्यर्थी भी शामिल
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पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड की परीक्षा में सेंधमारी की कोशिश में गिरफ्तार किए गए नकल गिरोह के पांच सदस्यों समेत आठ आरोपी शनिवार को जेल भेज दिए गए। एसटीएफ ने इन सभी के खिलाफ सिविल लाइंस थाने में केस दर्ज कराया है। जिसके बाद आरोपियों को जेल भेजते हुए सिविल लाइंस पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
एक दिन पहले गिरफ्तार किए गए आठ आरोपियों में तीन अभ्यर्थी भी हैं जिन्होंने परीक्षा में नकल के लिए गिरोह के सदस्यों को 70-70 हजार रुपये दिए थे। इनमें सत्यम पटेल, महेश कुमार व राजगब्बर शामिल हैं। एसटीएफ के इंस्पेक्टर केशवचंद राय की तहरीर पर सिविल लाइंस पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया। जिसमें परीक्षा अधिनियम के साथ ही धोखाधड़ी, आपराधिक षडयंत्र समेत अन्य धाराएं लगाई गईं। सिविल लाइंस इंस्पेक्टर ने बताया कि सभी आठों आरोपियों को कोर्ट की अनुमति के बाद जेल भेज दिया गया है। मामले की जांच पड़ताल की जा रही है।
दो अन्य अभ्यर्थियों की तलाश, होगी पूछताछ
एसटीएफ की ओर से मुकदमा दर्ज कराने के बाद मामले की जांच में जुटी सिविल लाइंस पुलिस को दो अभ्यर्थियों की तलाश है। दरअसल गिरोह के सदस्यों के पास से एसटीएफ को कुल पांच अभ्यर्थियों के एडमिट कार्ड मिले हैं। इनमें से तीन तो मौके से ही गिरोह से सदस्यों के ही साथ गिरफ्तार किए गए। जिन दो अन्य अभ्यर्थियों के एडमिट कार्ड मिले हैं, उनमें लालबहादुर व रमाकांत शामिल हैं। पुलिस फिलहाल इनके बारे में जानकारी जुटा रही है। अभी यह स्पष्ट नहीं है कि दोनों का गिरोह से कोई कनेक्शन है या नहीं लेकिन उनकी भूमिका की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि उनसे पूछताछ के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि उनके एडमिट कार्ड नकल गिरोह के सदस्यों तक आखिर कैसे पहुंचे।