Prayagraj : नैनी- अरैल में पक्के घाट पर कटान बनी बाधा, सिंचाई विभाग ने लगाया मड पंप
महाकुंभ 2025 को देखते हुए यह व्यवस्था की जा रही है। यदि यह प्रपोजल पास हो गया तो माघ मेले के बाद घाट निर्माण का कार्य शुरू हो जाएगा। साथ ही यहा पार्किंग, सीटिंग प्लाजा, मैडिटेशन जोन, रैंप आदि का निर्माण होगा। इसे पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए विकसित किया जा रहा है।
विस्तार
अरैल पक्का घाट पर कटान को रोकने के लिए सिंचाई विभाग की ओर से मड पंप लगाया गया है। इस पंप को लगाकर नदी की धारा को घाट से दूर करने का प्रयास किया जा रहा है। सौ मीटर बने पक्के घाट के पास ही पचास मीटर और पक्का घाट निर्माण की योजना है। महाकुंभ 2025 को देखते हुए यह व्यवस्था की जा रही है। यदि यह प्रपोजल पास हो गया तो माघ मेले के बाद घाट निर्माण का कार्य शुरू हो जाएगा। साथ ही यहा पार्किंग, सीटिंग प्लाजा, मैडिटेशन जोन, रैंप आदि का निर्माण होगा। इसे पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए विकसित किया जा रहा है।
14 जनवरी से माघ मेला शुरू हो रहा है और इसकी तैयारियां भी शुरू हो गई है। चकर्ट प्लेट बिछाने के साथ ही पेयजल पाइप लाइन और खंभे लगाने का कार्य अरैल क्षेत्र में तेजी से किया जा रहा है। अरैल में बने सौ मीटर के पक्के घाट के सामने कटान के कारण मेला क्षेत्र सोमेश्वर महादेव की ओर बढ गया है। कटान को देखते हुए सिंचाई विभाग द्वारा यहां मड पंप लगाकर नदी की धारा को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है।
बीते 11 दिसंबर से ही मड पंप लगा हुआ है। महाकुंभ 2025 को लेकर यह तैयारी की जा रही है। सौ मीटर पक्के घाट के पास ही पचास मीटर और पक्के घाट का निर्माण करने की योजना है। इसका प्रपोजल भी बन चुका है। मेला क्षेत्र का विस्तारित करने के साथ अरैल घाट पर पर्यटन बढ़ाने को लेकर यहां घाट का निर्माण किया जाना है।
इस पक्के घाट में पार्किंग, सीटिंंग प्लाजा, मेडिटेशन सेंटर और बुजुर्ग और शारीरिक रूप से अक्ष्मय व्यक्तियों के लिए रैंप बनाया जाएगा। सिंचाई विभाग के जेई रामबली ने बताया कि कटान रोकने के लिए मड पंप लगाया गया है। धारा मुड़ने के साथ ही बहाव के कारण पक्के घाट के पास कटान अधिक हो गया है। इसे रोकने के लिए जियाे ट्यूब लगाई जा रही है। 20 गुड़े तीन मीटर क्षेत्र की जियो ट्यूब लगाया जा रहा है। कटान रोकने के लिए दस ट्यूब लगाया जाएगा।