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बाइक सवार प्रतियोगी छात्र की गई जान
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Tue, 27 Dec 2016 02:04 AM IST
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- फोटो : graphic
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कर्नलगंज इलाके में रविवार देर रात सिविल लाइंस से सलोरी जा रहे बाइक सवार प्रतियोगी छात्र उमेश कुमार की ट्रैक्टर की चपेट में आने से मौत हो गई। वह हेलमेट नहीं लगाए था। उमेश ने हेलमेट पहना होता तो शायद उसकी जान बच जाती। छात्र को उसे घायल पड़ा देख लोगों ने थाने में सूचना दी तो कर्नलगंज थाने की पुलिस ने उसे अस्पताल पहुंचाया लेकिन उसकी सांस थम चुकी थी। फोन से खबर पाकर अंबेडकरनगर जनपद से छात्र के परिजन और रिश्तेदार आ गए। पोस्टमार्टम कराकर पुलिस ने शव गम में डूबे परिजनों के हवाले कर दिया।
उमेश कुमार (25) अंबेडकर नगर जनपद निवासी लेखपाल रामलोटन का पुत्र था। वह तीन भाइयों में दूसरे नंबर पर था। बीए के करने के बाद उमेश तीन साल पहले प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने के लिए इलाहाबाद आ गया था। वह सलोरी इलाके में किराए के कमरे में रहकर एक कोचिंग में पढ़ाई करता था। रविवार रात करीब दो बजे वह सिविल लाइंस से सलोरी में अपने कमरे की तरफ लौट रहा था तभी रास्ते में किसी गाड़ी ने टक्कर मार दी।
कुछ देर बाद खबर पाकर पहुंची पुलिस उसे अस्पताल ले गई, लेकिन उमेश की जान नहीं बचाई जा सकी। हेलमेट न लगाने के कारण उसे गंभीर चोटें आईं थीं। पुलिस को किसी ने बताया कि उमेश ट्रैक्टर की चपेट में आ गया था। पुलिस ने उसके घर मे सूचना दी तो परिवार के लोग और स्थानीय रिश्तेदार आ गए। बेटे को सरकारी अफसर बनाने का ख्वाब देख रहे माता-पिता को उसकी मौत से गहरा सदमा पहुंचा है।
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उमेश कुमार (25) अंबेडकर नगर जनपद निवासी लेखपाल रामलोटन का पुत्र था। वह तीन भाइयों में दूसरे नंबर पर था। बीए के करने के बाद उमेश तीन साल पहले प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने के लिए इलाहाबाद आ गया था। वह सलोरी इलाके में किराए के कमरे में रहकर एक कोचिंग में पढ़ाई करता था। रविवार रात करीब दो बजे वह सिविल लाइंस से सलोरी में अपने कमरे की तरफ लौट रहा था तभी रास्ते में किसी गाड़ी ने टक्कर मार दी।
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कुछ देर बाद खबर पाकर पहुंची पुलिस उसे अस्पताल ले गई, लेकिन उमेश की जान नहीं बचाई जा सकी। हेलमेट न लगाने के कारण उसे गंभीर चोटें आईं थीं। पुलिस को किसी ने बताया कि उमेश ट्रैक्टर की चपेट में आ गया था। पुलिस ने उसके घर मे सूचना दी तो परिवार के लोग और स्थानीय रिश्तेदार आ गए। बेटे को सरकारी अफसर बनाने का ख्वाब देख रहे माता-पिता को उसकी मौत से गहरा सदमा पहुंचा है।
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