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नैनी जेल से अधिवक्ता को जान से मारने की धमकी
Updated Thu, 12 Jul 2018 12:46 AM IST
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नैनी जेल से अधिवक्ता को जान से मारने की धमकी
0 जेल में बंद जैदी पर आरोप, एफआईआर दर्ज, जांच शुरू
0 करेली की एक कंपनी के मालिकों के खिलाफ भी तहरीर
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। राजापुर के रहने वाले एक अधिवक्ता को जेल में बंद एक शख्स ने फोन किया और जान से मारने की धमकी दी। अधिवक्ता से कहा गया कि वह अगर करेली की एक कंपनी के विरोध में पैरवी बंद नहीं करेंगे, तो उन्हें गोली मार दी जाएगी। अधिवक्ता ने जेल में बंद जैदी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस का कहना है कि एफआईआर दर्ज कर नंबरों की जांच की जा रही है।
राजापुर के रहने वाले अधिवक्ता नसीम अहमद सिद्दीकी का आरोप है कि सात जुलाई की शाम को वह अपने घर में थे। तभी साहिल कालोनी की रहने वाली रोशन जहां सिद्दीकी का उनके मोबाइल पर फोन आया कि वह एक केस के सिलसिले में कुछ बात करना चाहती हैं। नसीम वहां पहुंचे तो रोशन जहां ने कहीं फोन मिलाकर उन्हें दे दिया। फोन पर नसीम से वह शख्स बोला, ‘मैं जैदी बोल रहा हूं। इस समय हत्या के केस में जेल में बंद हूं। अगर तुमने करेली की एक कंपनी के खिलाफ पैरवी करना नहीं छोड़ा तो तुम्हारी हत्या करा दी जाएगी। कचहरी आते-जाते समय तुम्हें गोली मार दी जाएगी’। ये सुन नसीम हक्के-बक्के रह गए। वह बोले कि उस कंपनी से उनका कोई मतलब नहीं है। इसके बाद नसीम वहां से निकलकर तुरंत घर पहुंचे। साथी वकीलों से बात की। बार काउंसिल को भी शिकायत की गई। नौ जुलाई को वकीलों के साथ नसीम एसएसपी नितिन तिवारी से मिले। उन्होंने जांच कर एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया।
सोमवार को नैनी जेल में बंद जैदी और रोशन जहां सिद्दीकी के खिलाफ नामजद तथा अन्य के खिलाफ अज्ञात में मुकदमा दर्ज किया गया है। नसीम का कहना है कि वह कुछ समय पहले मुस्तफा कांप्लेक्स करेली में स्थित एक कंपनी के लिए काम करते थे। कंपनी ने कई लोगों के साथ फ्राड किया। जब कंपनी के खिलाफ कुछ लोगों ने एफआईआर दर्ज करवा दी तो उन्होंने कंपनी छोड़ दी। इसके बाद उनका कंपनी से कोई मतलब नहीं रह गया। इसके बाद भी वह लोग धमकी दिलवा रहे हैं। कंपनी के मालिकों और कर्मचारियों के खिलाफ भी उन्होंने तहरीर दी है कि उन्हें कुछ होता है तो वही लोग जिम्मेदार होंगे।
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अधिवक्ता ने कुछ नंबर बताए हैं। सारे नंबरों की जांच की जा रही है। उनकी लोकेशन के बारे में पता लगाया जा रहा है। अगर जेल में बंद अपराधी ने फोन किया है तो यह बेहद गंभीर बात है। जांच के बाद कड़ी कार्रवाई की जाएगी। - श्रीशचंद्र, सीओ सिविल लाइंस
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0 जेल में बंद जैदी पर आरोप, एफआईआर दर्ज, जांच शुरू
0 करेली की एक कंपनी के मालिकों के खिलाफ भी तहरीर
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। राजापुर के रहने वाले एक अधिवक्ता को जेल में बंद एक शख्स ने फोन किया और जान से मारने की धमकी दी। अधिवक्ता से कहा गया कि वह अगर करेली की एक कंपनी के विरोध में पैरवी बंद नहीं करेंगे, तो उन्हें गोली मार दी जाएगी। अधिवक्ता ने जेल में बंद जैदी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस का कहना है कि एफआईआर दर्ज कर नंबरों की जांच की जा रही है।
राजापुर के रहने वाले अधिवक्ता नसीम अहमद सिद्दीकी का आरोप है कि सात जुलाई की शाम को वह अपने घर में थे। तभी साहिल कालोनी की रहने वाली रोशन जहां सिद्दीकी का उनके मोबाइल पर फोन आया कि वह एक केस के सिलसिले में कुछ बात करना चाहती हैं। नसीम वहां पहुंचे तो रोशन जहां ने कहीं फोन मिलाकर उन्हें दे दिया। फोन पर नसीम से वह शख्स बोला, ‘मैं जैदी बोल रहा हूं। इस समय हत्या के केस में जेल में बंद हूं। अगर तुमने करेली की एक कंपनी के खिलाफ पैरवी करना नहीं छोड़ा तो तुम्हारी हत्या करा दी जाएगी। कचहरी आते-जाते समय तुम्हें गोली मार दी जाएगी’। ये सुन नसीम हक्के-बक्के रह गए। वह बोले कि उस कंपनी से उनका कोई मतलब नहीं है। इसके बाद नसीम वहां से निकलकर तुरंत घर पहुंचे। साथी वकीलों से बात की। बार काउंसिल को भी शिकायत की गई। नौ जुलाई को वकीलों के साथ नसीम एसएसपी नितिन तिवारी से मिले। उन्होंने जांच कर एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया।
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सोमवार को नैनी जेल में बंद जैदी और रोशन जहां सिद्दीकी के खिलाफ नामजद तथा अन्य के खिलाफ अज्ञात में मुकदमा दर्ज किया गया है। नसीम का कहना है कि वह कुछ समय पहले मुस्तफा कांप्लेक्स करेली में स्थित एक कंपनी के लिए काम करते थे। कंपनी ने कई लोगों के साथ फ्राड किया। जब कंपनी के खिलाफ कुछ लोगों ने एफआईआर दर्ज करवा दी तो उन्होंने कंपनी छोड़ दी। इसके बाद उनका कंपनी से कोई मतलब नहीं रह गया। इसके बाद भी वह लोग धमकी दिलवा रहे हैं। कंपनी के मालिकों और कर्मचारियों के खिलाफ भी उन्होंने तहरीर दी है कि उन्हें कुछ होता है तो वही लोग जिम्मेदार होंगे।
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अधिवक्ता ने कुछ नंबर बताए हैं। सारे नंबरों की जांच की जा रही है। उनकी लोकेशन के बारे में पता लगाया जा रहा है। अगर जेल में बंद अपराधी ने फोन किया है तो यह बेहद गंभीर बात है। जांच के बाद कड़ी कार्रवाई की जाएगी। - श्रीशचंद्र, सीओ सिविल लाइंस