कोरोना की तीसरी लहर के आहट के बीच संगम नगरी में सोमवार से 15 से 18 साल के किशोरों के टीकाकरण की शुरुआत हो गई। सुबह से ही टीकाकरण केंद्रों पर किशोरों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। दोपहर तक उत्साह से लबरेज किशोर टीकाकरण केलिए पूरी तैयारी से पहुंचते रहे। टीकाकरण केंद्रों पर किशोरों के साथ अन्य युवाओं व वरिष्ठ नागरिकों केलिए भी अलग से व्यवस्था की गइ थी। लेकिन सबसे ज्यादा खुशी किशोरों के चेहरों पर दिख रही थी।
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शहर में बने 11 केंद्रों पर टीकाकरण कराने पहुंचे किशोरों में सबसे ज्यादा उत्साह दिखा। मोती लाल नेहरू मेडिकल कालेज परिसर में बने केंद्र पर 18 साल से ऊपर और 15 से 18 साल तक के किशोरों के लिए अलग-अलग काउंटर बनाए गए है। जिले में पहले दिन 1360 किशोर-किशोरियों का टीकाकरण किया गया।
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शहर में बनाए गए थे 11 केंद्र
शहर में बने 11 केंद्रों पर टीकाकरण कराने पहुंचे किशोरों में सबसे ज्यादा उत्साह दिखा। मोती लाल नेहरू मेडिकल कालेज परिसर में बने केंद्र पर 18 साल से ऊपर और 15 से 18 साल तक के किशोरों के लिए अलग-अलग काउंटर बनाए गए है। जिससे किसी भी प्रकार की अव्यवस्था ना हो सके। झूंसी से टीकाकरण कराने पहुंचे 16 वर्षीय नरेंद्र पाल ने बताया कि आखिरकार उन लोगों केलिए टीकाकरण की शुरुआत हो गई।
नरेंद्र ने शनिवार को ही अपने लिए दोपहर में एक से तीन बजे के बीच का स्लॉट बुक कराया था। टीकाकरण को लेकर उनके अंदर पहले थोड़ी घबराहट थी,फिर भी अपने क्लासमेट ऋषभ के साथ वह अकेले ही टीकाकरण केंद्र पर आए थे। उन्होंने बताया कि वह अपने साथ पीने के पानी की बोतल और अन्य जरूरी सामान भी लेकर पहुंचे है। जिससे अगर किसी भी प्रकार की दिक्कत हो, तो उससे वह निपट सके।
टीकाकरण के बाद 25 मिनट रखा गया निगरानी में
छोटा बघाड़ा से कक्षा दसवीं के छात्र श्रेयस शुक्ला भी अपने दोस्त के साथ टीकाकरण केलिए पहुंचे थे। वह केंद्रीय विद्यालय ओल्ड कैंट में पढ़ाई करते है। उन्होंने बताया कि टीकाकरण के जब लाइन में लगे थे, तो उस समय थोड़ा डर लग रहा था, लेकिन टीकाकरण के बाद स्टाफ नर्स ने उन्हें 25 मिनट बैठने के लिए कहा और फिर कोई दिक्कत नहीं होने पर जाने के लिए बोल दिया। उन्होंने कहा कि अब थोड़ा संतोष है कि हम कोरोना से बचे रहेंगे।
मन में जो कोरोना संक्रमित होने को लेकर चिंता थी, अब वह काफी हद तक खत्म हो गई है। टीकाकरण के लिए पहुंचे अन्य किशोरों का भी ऐसा ही हाल था। शहर में बनाए गए सभी 11 केंद्रों पर टीकाकरण की शुरुआत अपने निर्धारित समय पर हुई। इस दौरान टीकाकरण में लगे नर्सिंग स्टाफ के अलावा प्रत्येक केंद्र पर एक चिकित्सक को भी तैनात किया गया था। जिससे किसी भी समस्या से निपटा जा सके।
ऑन द स्पॉट रजिस्ट्रेशन के साथ लगे टीके
15 से 18 वर्ष के किशोरों के टीकाकरण के लिए बनाए गए केंद्रों पर ऑन द स्पॉट रजिस्ट्रेशन की सुविधा भी रही। जिससे ऑन लाइन स्लॉट नहीं बुक कराने वाले किशोरों को भी तत्काल रजिस्टेशन करके टीके की पहली डोज लगाई जा सके। इसके लिए अलग से काउंटर भी बनाए गए थे। जहां तत्काल रजिस्ट्रेशन की व्यवस्था की गई थी। टीकाकरण के बाद प्रत्येक व्यक्ति को 25 से 30 मिनट तक अलग कमरे में बैठने की व्यवस्था की गई थी।
टीकाकरण केंद्र पर मौजूद मेडिकल कालेज के मेडिसीन विभाग केडा. विपिन ने बताया कि प्रत्येक केंद्र पर विशेष रूप से एक चिकित्सक की तैनाती की गई है। जिससे अगर किसी व्यक्ति को टीका लगने के बाद कोई दिक्कत हो, तो उसे तत्काल चिकित्सकीय सुविधाएं उपलब्ध करायी जा सके।
सेल्फी लेकर सोशल मीडिया पर किया अपलोड
कोरोना टीका लगवाने पहुंचे किशोरों में सेल्फी लेने की होड़ मची रही। कोई वैक्सीन लगवाते समय फोटो कराता दिखा, तो कोई वैक्सीन लगने के बाद मिले सर्टिफिकेट के साथ सेल्फी लेते हुए दिखाई दिया। सेल्फी लेने के साथ ही उसे सोशल मीडिया पर अपलोड करने की भी होड़ मची रही। दोस्तों के साथ टीकाकरण कराने पहुंचे किशोर इंस्ट्राग्राम और फेसबुक पर अपनी शेयर करने में जुटे रहे।