शिक्षा को प्राथमिकता पर रखने वाली योगी सरकार में कार्यवाहकों के भरोसे बेसिक, माध्यमिक शिक्षा
शिक्षा को पहली प्राथमिकता पर रखने वाली प्रदेश सरकार में शिक्षा के महत्वपूर्ण पदों पर कार्यवाहक अधिकारी तैनात है। बेसिक शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा एवं राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद से जुड़े कई विभागों में प्रभारी अधिकारी काम कर रहे हैं। प्रदेश में माध्यमिक शिक्षा विभाग में निदेशक जैसे महत्वूपर्ण पद पर लगभग दो वर्ष से अपर शिक्षा निदेशक स्तर के अधिकारी काम कर रहे हैं, एससीईआरटी के निदेशक महत्वपूर्ण पद पर भी निदेशक बेसिक शिक्षा को प्रभार सौपकर रखा गया है।
प्रदेश के सबसे महत्वपूर्ण पदों में शामिल सचिव बेसिक शिक्षा परिषद एवं यूपी बोर्ड सचिव के पद पर भी प्रभारी अधिकारी काम कर रहे हैं। प्रभारी अधिकारी अपने मूल पद का दायित्व छोड़कर दूसरे पद को संभालने के लिए इस कार्यालय से उस कार्यालय का चक्कर लगाते रहते हैं जबकि प्रदेश के कई वरिष्ठ अधिकारी नियुक्ति के लिए अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं।
निदेशक माध्यमिक जैसे महत्वपूर्ण पद पर अपर निदेशक स्तर के अधिकारी विनय कुमार पांडेय लगभग दो वर्ष से काम कर रहे हैं, उनको यह पद अपर निदेशक बेसिक रहते हुए सौंपा गया था। फिलहाल उनके पास वर्तमान समय में निदेशक माध्यमिक का ही पद है। माध्यमिक शिक्षा विभाग का दूसरा सबसे महत्वपूर्ण पद यूपी बोर्ड सचिव का है, इस पद पर वर्तमान समय में संयुक्त शिक्षा निदेशक प्रयागराज मंडल दिव्यकांत शुक्ल को प्रभारी सचिव के रूप में तैनात किया गया है।
एससीईआरटी के अधीन आने वाले मनोविज्ञानशाला उत्तर प्रदेश के निदेशक के पद पर भ्री कार्यवाहक अधिकारी उषा चंद्रा की तैनाती है। हालत यह है कि प्रदेश के कई वरिष्ठ अधिकारी कम महत्व के पदों परर तैनात करके रखे गए हैं। प्रदेश में 69000 शिक्षक भर्ती जैसे महत्वपूर्ण काम को संभाल रहे सचिव बेसिक शिक्षा के महत्वपूर्ण पद पर डायट बस्ती में प्राचार्य के पद पर तैनात प्रताप सिंह बघेल को जिम्मेदारी सौंप दी गई है।
उनके प्रभारी सचिव बनने के बाद से वह अधिकांश समय लखनऊ, बस्ती में गुजारते हैं। वह बहुत कम समय शिक्षा निदेशालय स्थित बेसिक शिक्षा परिषद कार्यालय में बैठते है। इससे प्रदेश के अलग-अलग भागों से आने वाले फरियादियों को परेशानी होती है। इसी प्रकार प्रयागराज में मंडलीय उप शिक्षा निदेशक के पद पर भी जिला विद्यालय निरीक्षक प्रयागराज आरएन विश्वकर्मा को प्रभार सौंपकर रखा गया है।