फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Two firms seized for bogus billing of Rs 2 crore

GST SIB: करोड़ों की टैक्स चोरी के सिंडिकेट का भंडाफोड़, दो करोड़ की बोगस बिलिंग में दो फर्में सीज

Thu, 26 Feb 2026 06:12 PM IST
Chaman Kumar Sharma अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़ Published by: Chaman Kumar Sharma Updated Thu, 26 Feb 2026 06:12 PM IST
सार

विशेष अनुसंधान शाखा (एसआईबी) की टीम ने कोहिनूर ट्रेडर्स और जीएनटी ट्रेडर्स पर छापा मारा। कोहिनूर ट्रेडर्स का प्लास्टिक स्क्रैप का कारोबार है। जबकि जीएनटी ट्रेडर्स का आयरन और स्टील स्क्रैप का काम है।

विज्ञापन
Two firms seized for bogus billing of Rs 2 crore
कार्रवाई करती हुई जीएसटी की एसआईबी की टीम - फोटो : विभाग

विस्तार

राज्य कर विभाग की एसआईबी (विशेष अनुसंधान शाखा) ने 25 फरवरी को अलीगढ़ के रोरावर क्षेत्र में करोड़ों की टैक्स चोरी के सिंडिकेट का भंडाफोड़ किया है। शाहकुतुब पुलिस चौकी के पास स्थित दो फर्मों कोहिनूर ट्रेडर्स और जीएनटी ट्रेडर्स पर छापा मारा। इस दौरान 60 लाख रुपये से अधिक का अवैध स्क्रैप जब्त किया गया है। प्रारंभिक जांच में दो करोड़ रुपये से ज्यादा की बोगस (फर्जी) खरीद-बिक्री के सबूत मिले हैं।

विज्ञापन


एडिशनल कमिश्नर ग्रेड-2 अनिकल कुमार राम त्रिपाठी को सूचना मिल रही थी कि रोरावर में कुछ फर्म कर चोरी के खेल में शामिल हैं। 25 फरवरी को विभाग की विशेष अनुसंधान शाखा (एसआईबी) की टीम ने कोहिनूर ट्रेडर्स और जीएनटी ट्रेडर्स पर छापा मारा। कोहिनूर ट्रेडर्स का प्लास्टिक स्क्रैप का कारोबार है। जबकि जीएनटी ट्रेडर्स का आयरन और स्टील स्क्रैप का काम है। टीम ने मौके से भारी मात्रा में कच्चे पर्चे और फर्जी बिल बरामद किए हैं। जांच में सामने आया कि ये फर्में धरातल पर व्यापार करने के बजाय कागजों पर करोड़ों का हेरफेर कर रही थीं।
विज्ञापन


जीएसटी के उपायुक्त अजीत सिंह और असिस्टेंट कमिश्नर शिव कुमार सिंह ने बताया कि एसआईबी की टीम ने 60 लाख का माल सीज करने के साथ ही सभी डिजिटल और भौतिक दस्तावेजों को अपने कब्जे में ले लिया है। कागजों की पूरी पड़ताल के बाद इन फर्मों पर भारी जुर्माना और टैक्स अधिरोपित किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) का बड़ा खेल 
जांच अधिकारियों के अनुसार, ये दोनों फर्में वास्तविक कारोबार किए बिना ही दस्तावेजों में करोड़ों की खरीद-बिक्री दिखाकर सरकारी खजाने को चूना लगा रही थीं। इनका मुख्य उद्देश्य फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) क्लेम करना था। इस प्रक्रिया में विभाग को टैक्स का भुगतान नहीं किया जा रहा था, जबकि सरकारी सब्सिडी और क्रेडिट का लाभ अवैध रूप से लिया जा रहा था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed