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प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड करेगा मीट फैक्टरी पर कार्रवाई
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पथाना जवां क्षेत्र के छेरत में बंद पड़ी हिंद एग्रो इंडस्ट्रीज लिमिटेड में अवैध तरीके से पशुओं का कटान करने के प्रकरण में फैक्टरी संचालकों पर बड़ी कार्रवाई हो सकती है। लाइसेंस व नियमों के उल्लंघन पर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कार्रवाई की तैयारी कर ली है।
हिंद एग्रो इंडस्ट्रीज लिमिटेड में शनिवार को पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों की टीम ने अवैध रूप से पशुओं का वध करते हुए 37 लोगों को गिरफ्तार किया था। इस दौरान फैक्टरी मालिक समर कुरैशी, प्रोडक्शन हेड अब्दुल रऊफ, जनरल मैनेजर आबिद कदीर फरार हो गए थे। हिंद एग्रो इंडस्ट्रीज वर्ष 2004 से बंद पड़ी है। फैक्टरी मालिक ने इसे ठेकेदार को किराए पर दे रखा है।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी डॉ. जेपी सिंह के अनुसार तीन साल पहले भी इस फैक्टरी को प्रदूषण फैलाने का दोषी माना गया था और उसे बंद कर दिया गया था। नियम व शर्तें पूरी करने पर संचालक को फैक्टरी खोलने के आदेश दिए गए थे। उन्होंने बताया कि फैक्टरी में छापा मारी के दौरान नियम व शर्तों का पालन नहीं किया जा रहा था। पशु क्रूरता के साथ ही प्रदूषण फैल रहा था। उन्होंने बताया कि इस प्रकरण में कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि अन्य फैक्ट्रियों में भी जांच के लिए टीमें भेजी जा रही हैं। सीओ सिविल लाइंस श्वेताभ पांडेय ने बताया कि फैक्टरी में कट्टी करते पकडे़ गए सभी 37 आरोपियों को जेल भेज दिया गया है, फरार आरोपियों को तलाश की जा रही है।
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हिंद एग्रो इंडस्ट्रीज लिमिटेड में शनिवार को पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों की टीम ने अवैध रूप से पशुओं का वध करते हुए 37 लोगों को गिरफ्तार किया था। इस दौरान फैक्टरी मालिक समर कुरैशी, प्रोडक्शन हेड अब्दुल रऊफ, जनरल मैनेजर आबिद कदीर फरार हो गए थे। हिंद एग्रो इंडस्ट्रीज वर्ष 2004 से बंद पड़ी है। फैक्टरी मालिक ने इसे ठेकेदार को किराए पर दे रखा है।
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प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी डॉ. जेपी सिंह के अनुसार तीन साल पहले भी इस फैक्टरी को प्रदूषण फैलाने का दोषी माना गया था और उसे बंद कर दिया गया था। नियम व शर्तें पूरी करने पर संचालक को फैक्टरी खोलने के आदेश दिए गए थे। उन्होंने बताया कि फैक्टरी में छापा मारी के दौरान नियम व शर्तों का पालन नहीं किया जा रहा था। पशु क्रूरता के साथ ही प्रदूषण फैल रहा था। उन्होंने बताया कि इस प्रकरण में कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि अन्य फैक्ट्रियों में भी जांच के लिए टीमें भेजी जा रही हैं। सीओ सिविल लाइंस श्वेताभ पांडेय ने बताया कि फैक्टरी में कट्टी करते पकडे़ गए सभी 37 आरोपियों को जेल भेज दिया गया है, फरार आरोपियों को तलाश की जा रही है।
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