मनकामेश्वर फैक्टरी अग्निकांड: जांच पूरी, फर्नेस प्रबंधन लापरवाही और विभागों की अनदेखी से हुआ ब्लास्ट
डीएम स्तर से एडीएम सिटी अमित कुमार भट्ट की अगुवाई में जांच समिति की गठन किया गया। जिसमें अग्निशमन, यूपीसीडा, कारखाना बोर्ड आदि अन्य विभागों को शामिल किया गया। जांच टीम ने शनिवार को घटनास्थल पर पहुंचकर कई घंटे तक जांच की।
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24 मई शाम हुए घटनाक्रम के बाद डीएम स्तर से एडीएम सिटी अमित कुमार भट्ट की अगुवाई में जांच समिति की गठन किया गया। जिसमें अग्निशमन, यूपीसीडा, कारखाना बोर्ड आदि अन्य विभागों को शामिल किया गया। जांच टीम ने शनिवार को घटनास्थल पर पहुंचकर कई घंटे तक जांच की। जिसमें कुछ लोगों के बयान दर्ज किए। इसके बाद रविवार को दिन में भी जांच का काम किया। शाम तक जांच पूरी कर ली गई। अभी कोई अधिकारिक तौर पर बताने को तैयार नहीं। मगर, तैयार की गई जांच रिपोर्ट में बड़े पैमाने पर मिल प्रबंधन की कमियां, मानकों को पूरा न करना आदि सामने आया है। इसी आधार पर जांच रिपोर्ट में इस फैक्टरी का संचालन बंद करने की संस्तुति भी की जा रही है। कुछ विभाग ऐसे हैं, जिनकी अनदेखी के चलते ये सब हो रहा था।
उन पर भी कार्रवाई की संस्तुति की जा रही है और लापरवाही के आधार पर फैक्टरी प्रबंधन पर मुकदमा भी कराया जा सकता है। यह भी कहा गया है कि पीड़ित पक्षों को मुआवजा देकर बोलने से रोकने का प्रयास है, जबकि यहां अधिकांश अकुशल कारीगर रखे जा रहे हैं। किसी भी स्तर पर कुशल या प्रशिक्षित कारीगर नहीं हैं। खुद यह बात फैक्टरी प्रबंधन के बयानों में सामने आई है कि बीस-बीस वर्ष से काम कर रहे मजदूरों से भी जांच के दौरान अधिकारी संतुष्ट नहीं होते। इससे साफ है कि अनुभव के आधार पर कुशलता का पैमाना पूरा नहीं होता। साथ में निर्माण का पैमाना भी पूरा नहीं है। इसकी जांच यूपीएसआईडीसी की है। वहीं फायर की स्थायी एनओसी नहीं है। इस आधार पर आज सोमवार को रिपोर्ट दी जाएगी।
इस दुर्घटना में जांच पूरी हो गई है। सोमवार को रिपोर्ट डीएम को सौंप दी जाएगी। बहुत सी कमियां सामने आई हैं। जिसमें प्रबंधन व विभागों की अनदेखी की ओर इशारा है। -अमित कुमार भट्ट, एडीएम सिटी
जिले भर में चलेगा अब जांच अभियान
तालानगरी में हुए हादसे के बाद जिले की अन्य फर्नेस व कारखानों की जांच के लिए अभियान चलाया जाएगा। अपने जिले में अन्य फर्नेस व रोलिंग संचालित हैं। इसके अलावा ताला हार्डवेयर कारोबार में भी इस तरह की संचालित हैं। इसे लेकर जिले में अभियान चलेगा। इस विषय में एडीएम सिटी ने बताया कि इनके लिए चेक लिस्ट तैयार कर ली गई है। जल्द इस विषय में अभियान चलाकर जांच की जाएगी।
जिंदगी की जंग लड़ रहे झुलसे मजदूर, दिल्ली में चल रहा है इलाज
तालानगरी की फर्नेस फैक्टरी में 24 मई की शाम हुए धमाके की चपेट में आकर बुरी तरह झुलसे चारों मजदूर अब दिल्ली के अलग-अलग अस्पताल में उपचाराधीन हैं। जिनमें से एक क्रेन चालक की हालत अभी नाजुक है, जबकि तीन की हालत स्थिर बनी हुई है। वहीं मजदूरों के हाल चाल को लेकर फैक्टरी संचालक समेत प्रशासन भी नजर बनाए हुए हैं।
घटना लगभग 16 घंटे बाद 25 मई सुबह करीब दस बजे क्वार्सी स्थित ट्रॉमा सेंटर में वेंटीलेटर पर भर्ती मुकेश उर्फ कालीचरण निवासी क्रेन चालक एटा चुंगी रोड क्वार्सी व हरदुआगंज के मोहल्ला सिद्ध निवासी धर्मेंद्र को गंभीर हालत में दिल्ली सफदरजंग रेफर किया गया। वहीं, सुमित सोलंकी व पप्पू पाल निवासी हरदुआगंज राम मनोहर लोहिया अस्पताल में भर्ती हैं। सुमित सोलंकी के बहनोई मनोज कुमार के अनुसार 26 मई सुबह अस्पताल के प्लास्टिक सर्जरी डिपार्टमेंट की टीम ने सुमित और पप्पू को अपनी यूनिट में लेकर इलाज शुरू कर दिया है।
इस दौरान अस्पताल पर अविवाहित सुमित की मां ममता पिता सुरेंद्र सिंह समेत बहन स्वेता सोलंकी व बहनोई मनोज सोलंकी मौजूद हैं। घायल पप्पू पाल के माता पिता और तहेरा भाई गौरव समेत कालीचरन और धर्मेंद्र के परिजन भी दिल्ली के अस्पताल में हैं। सुमित के बहनोई मनोज सोलंकी ने बताया कि फैक्टरी मालिक समेत प्रशासनिक स्तर से घायलों को पूरी सुविधा प्रदान की जा रही है जिसपर परिजनों को संतोष हैं।