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रंजिशन हत्या में दो भाइयों को उम्रकैद
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एडीजे-फास्ट ट्रैक संख्या प्रथम त्रिभुवन नाथ पासवान के न्यायालय से हत्या के मुकदमे में दो सगे भाइयों को उम्रकैद की सजा व 25-25 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया है। साथ ही जुर्माने में से पचास फीसदी राशि पीड़ित पक्ष को दिए जाने का आदेश दिया गया है।
अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता एडीजीसी शैलेंद्र कुमार अग्रवाल के अनुसार चंडौस के गांव भोगपुर निवासी टुकीराम ने मुकदमा दर्ज कराया था कि उसके बेटे कोमल शर्मा को गांव के ही दो नामजद रात में गांव में आयोजित देवी जागरण दिखाने के बहाने घर के दरवाजे से बुलाकर ले गए। हालांकि उनके साथ जाते समय पिता ने मना भी किया। मगर बेटा नहीं माना।
इसके बाद सुबह छह बजे गांव में ही एक मकान के सामने कोमल की लाश मिली। उसकी कुल्हाड़ी से सिर पर चोट पहुंचाकर हत्या की गई थी। मामले में तहरीर देकर गांव के ही सगे भाई राजू व विजयपाल उर्फ विजुआ के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया। तहरीर के अनुसार आरोप था कि कोमल सिंह की नामजदों के भाइयों के खिलाफ दर्ज मुकदमे में गवाही थी। यह लोग गवाही देने से इंकार कर रहे थे। मगर कोमल तैयार नहीं हुआ था। इसी रंजिश में उसकी हत्या की गई। मुकदमे में साक्ष्यों व गवाही के आधार पर दोनों को सजा सुनाई गई है।
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अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता एडीजीसी शैलेंद्र कुमार अग्रवाल के अनुसार चंडौस के गांव भोगपुर निवासी टुकीराम ने मुकदमा दर्ज कराया था कि उसके बेटे कोमल शर्मा को गांव के ही दो नामजद रात में गांव में आयोजित देवी जागरण दिखाने के बहाने घर के दरवाजे से बुलाकर ले गए। हालांकि उनके साथ जाते समय पिता ने मना भी किया। मगर बेटा नहीं माना।
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इसके बाद सुबह छह बजे गांव में ही एक मकान के सामने कोमल की लाश मिली। उसकी कुल्हाड़ी से सिर पर चोट पहुंचाकर हत्या की गई थी। मामले में तहरीर देकर गांव के ही सगे भाई राजू व विजयपाल उर्फ विजुआ के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया। तहरीर के अनुसार आरोप था कि कोमल सिंह की नामजदों के भाइयों के खिलाफ दर्ज मुकदमे में गवाही थी। यह लोग गवाही देने से इंकार कर रहे थे। मगर कोमल तैयार नहीं हुआ था। इसी रंजिश में उसकी हत्या की गई। मुकदमे में साक्ष्यों व गवाही के आधार पर दोनों को सजा सुनाई गई है।
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