फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Life imprisonment for mother-in-law for burning a married woman alive

Aligarh: विवाहिता को जिंदा जलाने में सास-ननद को उम्रकैद, दोषी पति को दस वर्ष कैद की सजा

Tue, 01 Nov 2022 01:33 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़ Published by: अलीगढ़ ब्यूरो Updated Tue, 01 Nov 2022 01:33 AM IST
सार

घटना छह साल पहले की है। कोर्ट ने विवाहिता को केरोसिन डालकर जिंदा जलाकर मारने की घटना में दोषी सास व ननद को उम्रकैद की सजा सुनाई है। साथ में दहेज हत्या के दोषी पति को दस वर्ष कैद की सजा से दंडित किया है।

विज्ञापन
Life imprisonment for mother-in-law for burning a married woman alive
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : social media

विस्तार

गभाना के लाखा बाजार में छह वर्ष पूर्व विवाहिता को केरोसिन डालकर जिंदा जलाकर मारने की घटना में दोषी सास व ननद को उम्रकैद की सजा सुनाई है। साथ में दहेज हत्या के दोषी पति को दस वर्ष कैद की सजा से दंडित किया है। यह फैसला मृत्यु पूर्व बयान के आधार पर एडीजे-13 विकास श्रीवास्तव द्वितीय की अदालत से सुना गया है। बता दें कि मृत्यु पूर्व बयान में ससुर का नाम भी शामिल था। मगर दौरान-ए-सत्र परीक्षण ससुर की मौत हो चुकी है।

विज्ञापन


अभियोजन अधिवक्ता एडीजीसी सुधाकर कुलश्रेष्ठ के अनुसार घटना 25 मार्च 2016 की शाम की है। कासिमपुर जवां के भानुप्रताप ने गभाना में मुकदमा दर्ज कराते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने अपनी बहन रेखा की शादी 22 नवंबर 2011 को मूल रूप से गंगचौली हाथरस हाल गभाना लाखा बाजार निवासी राहुल संग की थी।
विज्ञापन


शादी के बाद से रेखा को दहेज में एक प्लाट की मांग को लेकर परेशान किया जाने लगा। घटना वाली शाम उसे केरोसिन डालकर जला दिया गया और अगले दिन तड़के अस्पताल में उसकी मौत हो गई। प्रकरण में मजिस्ट्रेट ने रेखा के मृत्यु पूर्व बयान दर्ज किए और पोस्टमार्टम में 100 फीसदी जलने का उल्लेख आया।
विज्ञापन
विज्ञापन


इस मामले में आरोपी पति राहुल के अलावा ससुर त्रिलोकी, सास राजवाला व ननद रिंकी के खिलाफ चार्जशीट दायर की गई। सत्र परीक्षण के दौरान ससुर की मौत हो गई। वहीं न्यायालय में साक्ष्यों व गवाही के आधार पर पाया गया कि रेखा के मृत्यु पूर्व बयान में केरोसिन डालकर जलाने में सास, ससुर व ननद का नाम आया है, जबकि पति का नाम नहीं आया है। इस आधार पर न्यायालय ने सास व ननद को हत्या का दोषी करार देते हुए उम्रकैद व 13-13 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया है। वहीं दहेज हत्या के दोषी पति को 10 वर्ष कैद व 3 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया है।

मारपीट के दोषियों को 21 वर्ष बाद 1 हजार जुर्माने की सजा
चंडौस के गांव कसेरू में वर्ष 2001 में मजदूर अनुसूचित से हुई मारपीट के मुकदमे में दो दोषियों को 21 वर्ष बाद 1-1 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई है। यह फैसला एडीजे विशेष एससीएसटी संजीव कुमार सिंह की अदालत से सुनाया है। अभियोजन अधिवक्ता एडीजीसी चमन प्रकाश शर्मा के अनुसार घटना 2001 की है। गांव कसेरू का राकेश अपनी मजदूरी के पैसे लेने गांव में ही गया था।


तभी सामने से आते गांव के सूरजपाल व गिरीश उर्फ पप्पू ने लाठी डंडों से पीट दिया। पुलिस स्तर से अनुसूचित एक्ट व मारपीट आदि धाराओं में चार्जशीट दायर की गई। न्यायालय में सत्र परीक्षण के दौरान दोनों को महज मारपीट का दोषी पाया गया। इसी आधार पर दोनों को एक-एक हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed