{"_id":"66ad78c1fb36a47202028ee4","slug":"if-needed-sugarcane-farmers-will-stage-a-sit-in-protest-for-their-demands-aligarh-news-c-117-1-sali1021-100566-2024-08-03","type":"story","status":"publish","title_hn":"Aligarh: चीनी मिल को लेकर दिया ज्ञापन, बोले- जरूरत पड़ने पर मांगों को लेकर धरना देंगे गन्ना किसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Aligarh: चीनी मिल को लेकर दिया ज्ञापन, बोले- जरूरत पड़ने पर मांगों को लेकर धरना देंगे गन्ना किसान
Sat, 03 Aug 2024 05:54 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
Published by: अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Sat, 03 Aug 2024 05:54 AM IST
सार
साथा चीनी मिल को लेकर किसानों का संघर्ष जारी है। साथा चीनी मील संघर्ष समिति ने इसे लेकर ज्ञापन दिया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री अपना ढाई वर्ष पूर्व किया गया वायदा पूरा करें, अन्यथा हजारों की संख्या में जिलाधिकारी कार्यालय पर किसान धरना देने को बाध्य होंगे।
विज्ञापन
अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन देते गन्ना किसान
- फोटो : संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
साथा चीनी मील संघर्ष समिति के बैनर तले मिल के गेट पर बैठक के बाद किसानों ने अपनी मांगों का ज्ञापन जिला गन्ना अधिकारी को सौंपा और कहा कि जरूरत पड़ने पर किसान आंदोलन के लिए तैयार हैं। अध्यक्षता अजय चौहान व संचालन श्यामवीर सिंह ने किया।
विज्ञापन
किसान नेता धीरज कुमार ने कहा कि सैकड़ों की संख्या में किसानों ने उपस्थित होकर इस बात का संदेश दिया है कि किसान केवल खेतों में ही नहीं बल्कि जरूरत पड़ने पर सड़क पर भी आंदोलन के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री अपना ढाई वर्ष पूर्व किया गया वायदा पूरा करें, अन्यथा हजारों की संख्या में जिलाधिकारी कार्यालय पर किसान धरना देने को बाध्य होंगे।
विज्ञापन
जितेन्द्र शर्मा ने कहा कि किसानों कोे ठगने का कार्य प्रदेश सरकार कर रही है। उन्होंने मिलों को जल्द शुरू कराएं जाने पर जोर दिया। डॉॅक्टर संजीव हरियाणा ने कहा कि चीनी मिल का निर्माण मेरे पिता स्वर्गीय केशवदेव हरियाणा ने कराया था। मिल की दुर्दशा देखकर बहुत दुख होता हैं।
विज्ञापन
बैठक में किसान नेता शालेन्द्र प्रताप सिंह, गोपाल चौहान, ओमकार चौहान, प्रमोेद रावत, जहरी रॉबी, प्रदीप कुमार, इन्द्रपाल ,विनोद कुमार, इस्मायल फारूकी, किशनपाल, जसवन्त सिंह, महेश ,संजय, राजकुमार,हरिवंश, अमर सिंह, बाबू सिंह, रमेश चन्द्र, संतोष, देवेन्द्र, बनवारी लाल आदि किसान मौजूद थे।