{"_id":"c417d064425028267ead86bbe1c291cc","slug":"forger-was-spreading-rumors-of-bombs-in-trains-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जालसाज फैला रहा था ट्रेनों में बम की अफवाह?","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जालसाज फैला रहा था ट्रेनों में बम की अफवाह?
अमर उजाला ब्यूरो/अभिषेक शर्मा
Updated Mon, 07 Dec 2015 01:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दिल्ली-हावड़ा रूट के शताब्दी एक्सप्रेस सहित आगरा, जयपुर की ट्रेनों एवं स्टेशन पर बम होने अथवा बम से उड़ाने की धमकी देकर पुलिस की नींद उड़ाने वाले युवक को अब रिमांड पर यूपी लाने की तैयारी है।
उम्मीद की जा रही है कि पूछताछ में प्रदेश पुलिस कई मामले से पर्दा उठान में सफल होगी। युवक को असम का जालसाज बताया जा रहा है। पिछले दिनों चेन्नई पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था।
बम की अफवाह के मामले में यूपी सहित कई राज्यों की एजेंसियां उसकी टोह में थीं। इसी दौरान उसके एएमयू के तिब्बिया कॉलेज के एक प्रोफेसर को ठगने का प्रयास का भी मामला सामने आया।
विज्ञापन
याद रहे कि करीब दो माह पूर्व दिल्ली से लखनऊ जाने वाली शताब्दी एक्सप्रेस में बम होने की सूचना जीआरपी अलीगढ़ को मिली थी। इससे पहले की जीआरपी हरकत में आती ट्रेन अलीगढ़ छोड़ चुकी थी।
बाद में शताब्दी को टूंडला में रोक कर चेकिंग की गई, पर कुछ नहीं मिला। इससे पहले आगरा व जयपुर में भी इसी तरह की घटना समाने आई थी।
खुफिया एजेंसियां जब इसकी तहत में पहुुंची तो असम के जमाल का नाम सामने आया। यह भी पता चला कि युवक एएमयू के तिब्बिया कॉलेज के प्रोफेसर उबेदुल्ला के संपर्क में है।
खुफिया सूत्रों की मानें तो जब प्रोफेसर उबैदुल्लाह से एजेसियों ने पूछताछ की तो पता चला कि वह जमातियों की मदद का काम करते हैं। जमाल नाम का युवक उनसे फोन पर संपर्क में आया था।
बाद में उसने उसके पिता की चेन्नई में तबियत खराब होने के बहाने 25 हजार रुपये मंागे थे। प्रोफेसर ने रुपये लेकर वहां अपने व्यक्ति को भेजा, पर उससे मुलाकात नहीं हो पाई। इसी बीच एजेंसी प्रोफेसर तक पहुंच गईं और वह ठगी से बच गए।
बाद में प्रोफेसर ने पूरा प्रकरण लिखित में प्रॉक्टर कार्यालय को दिया। इधर खुफिया एजेंसी ने चेन्नई में जमाल को दबोच लिया। अब एजेंसियां जीआरपी के माध्यम से जमाल को यूपी रिमांड पर लाने की तैयारी में है।
इसके लिए आगरा से प्रयास चल रहे हैं। खुफिया सूत्रों की मानें तो जमाल पेशेवर जालसाज है। अभी तक उसके ट्रेनों में बम की अफवाह फैलाने का मकसद समझ में नहीं आया है। यह पूछताछ से स्पष्ट हो सकेगा।
चेन्नई में पकड़े गए युवक ने मुझ से चीटिंग की कोशिश की थी। मगर किसी तरह मैं बच गया। इस संबंध में मैंने लिखित में प्रॉक्टर कार्यालय को जानकारी दी थी। जो एजेंसी जानकारी करने आई थी, उन्हें भी हकीकत बता दी। अब वह चेन्नई में गिरफ्तार हुआ है। इससे ज्यादा कोई जानकारी नहीं है। - उबैदुल्लाह प्रोफेसर तिब्बिया कॉलेज
विज्ञापन
उम्मीद की जा रही है कि पूछताछ में प्रदेश पुलिस कई मामले से पर्दा उठान में सफल होगी। युवक को असम का जालसाज बताया जा रहा है। पिछले दिनों चेन्नई पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था।
विज्ञापन
बम की अफवाह के मामले में यूपी सहित कई राज्यों की एजेंसियां उसकी टोह में थीं। इसी दौरान उसके एएमयू के तिब्बिया कॉलेज के एक प्रोफेसर को ठगने का प्रयास का भी मामला सामने आया।
विज्ञापन
याद रहे कि करीब दो माह पूर्व दिल्ली से लखनऊ जाने वाली शताब्दी एक्सप्रेस में बम होने की सूचना जीआरपी अलीगढ़ को मिली थी। इससे पहले की जीआरपी हरकत में आती ट्रेन अलीगढ़ छोड़ चुकी थी।
बाद में शताब्दी को टूंडला में रोक कर चेकिंग की गई, पर कुछ नहीं मिला। इससे पहले आगरा व जयपुर में भी इसी तरह की घटना समाने आई थी।
खुफिया एजेंसियां जब इसकी तहत में पहुुंची तो असम के जमाल का नाम सामने आया। यह भी पता चला कि युवक एएमयू के तिब्बिया कॉलेज के प्रोफेसर उबेदुल्ला के संपर्क में है।
खुफिया सूत्रों की मानें तो जब प्रोफेसर उबैदुल्लाह से एजेसियों ने पूछताछ की तो पता चला कि वह जमातियों की मदद का काम करते हैं। जमाल नाम का युवक उनसे फोन पर संपर्क में आया था।
बाद में उसने उसके पिता की चेन्नई में तबियत खराब होने के बहाने 25 हजार रुपये मंागे थे। प्रोफेसर ने रुपये लेकर वहां अपने व्यक्ति को भेजा, पर उससे मुलाकात नहीं हो पाई। इसी बीच एजेंसी प्रोफेसर तक पहुंच गईं और वह ठगी से बच गए।
बाद में प्रोफेसर ने पूरा प्रकरण लिखित में प्रॉक्टर कार्यालय को दिया। इधर खुफिया एजेंसी ने चेन्नई में जमाल को दबोच लिया। अब एजेंसियां जीआरपी के माध्यम से जमाल को यूपी रिमांड पर लाने की तैयारी में है।
इसके लिए आगरा से प्रयास चल रहे हैं। खुफिया सूत्रों की मानें तो जमाल पेशेवर जालसाज है। अभी तक उसके ट्रेनों में बम की अफवाह फैलाने का मकसद समझ में नहीं आया है। यह पूछताछ से स्पष्ट हो सकेगा।
चेन्नई में पकड़े गए युवक ने मुझ से चीटिंग की कोशिश की थी। मगर किसी तरह मैं बच गया। इस संबंध में मैंने लिखित में प्रॉक्टर कार्यालय को जानकारी दी थी। जो एजेंसी जानकारी करने आई थी, उन्हें भी हकीकत बता दी। अब वह चेन्नई में गिरफ्तार हुआ है। इससे ज्यादा कोई जानकारी नहीं है। - उबैदुल्लाह प्रोफेसर तिब्बिया कॉलेज