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किसानों ने आवारा पशुओं को सरकारी इमारतों में किया बंद

Thu, 27 Dec 2018 01:30 AM IST
राजेश सिंह न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़। Published by: राजेश सिंह Updated Thu, 27 Dec 2018 01:30 AM IST
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Farmers stop swamp cattle in government buildings
cattle smuggler - फोटो : Getty Images
जिले के देहात क्षेत्रों के किसान आवारा पशुओं से परेशान हो गए हैं। हालात यह है कि अपने खेतों को इन आवारा पशुओं से बचाने के लिए इतनी ठंड में किसानों को रखवाली करनी पड़ती है। बुधवार को इगलास, गोंडा, अतरौली, गंगीरी, गहलऊ, गभाना के किसानों ने आवारा पशुओं को सरकारी इमारतों मेें बंद कर दिया। कहीं प्राथमिक विद्यालय के बच्चों की छुट्टी कर गोवंश बंद कर दिए गए तो कहीं सरकारी अस्पताल में ही इन आवारा पशुओं को किसानों ने बंद कर दिया।
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सूचना पर पहुंची पुलिस से किसानों की नोंकझोक भी हुई। कई जगह पर  किसानों ने रोड जाम कर हंगामा किया। सरकारी इमारत में आवारा पशुओं को बंद करने पर 12 लोगों के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज हो गई है। वहीं, हर तहसीलों पर अधिकारियों की बैठक हुई, जिसमें तय किया गया कि हर ग्राम पंचायत में एक टीनशेट वाली गोशाला बनेगी, जिसमें 50 पशुओं को रहने की व्यवस्था होगी।
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अलीगढ़ के इगलास में ग्रामीणों ने 15 पूर्व माध्यमिक व प्राथमिक विद्यालयों में पशुओं को बंद कर स्कूल की छुट्टी करा दी। मोहकमपुर व बेसवां में रोड जाम कर किसानों ने हंगामा किया। मौके पर पहुंची पुलिस ने लोगों को समझा-बुझा कर जाम खुलवाया। 
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बेसवां के नवनिर्मित सीएचसी के भवन में पशुओं को अंदर बंद कर दिया। साथिनी में जल निगम द्वारा बनवाई गई पानी की टंकी के परिसर में बंद कर दिया। वहीं गांव खिरसौली व अनूपिया के प्राथमिक व पूर्व माध्यमिक, तरसारा, महतापुर, ढूकनी, कैमावली, अहल्दा, नगला नहचला, शाहपुर, बेलोठ, दांतऊ, मौहकमपुर के प्राथमिक, भैंया व तारापुर के पूर्व माध्यमिक विद्यालय में पशुओं को बंद कर दिया।

बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए शिक्षकों ने स्कूल की छुट्टी कर दी। मोहकमपुर में काफी समय बाद भी जब कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा तो लोगों ने अलीगढ़-मथुरा रोड पर जाम लगाकर हंगामा करना शुरु कर दिया। सूचना पर तहसीलदार नरेंद्र सिंह टीम के साथ पहुंचे। पशुओं को गौशाला भिजवाए जाने की व्यवस्था की बात पर ग्रामीणों ने एक घंटे बाद जाम खोल दिया।

गोंडा विकास खंड क्षेत्र के सात गांवों के किसानों ने जंगलों से आवारा पशुआें को खदेड़ते हुए गांव के सरकारी स्कूलों, अस्पताल व पशु अस्पतालों में बंद कर दिया। पशुआें को बंद करने के साथ ही इन वहां ताले जड़ दिए। ग्राम पाइंदापुर में गोंडा-गोरई मार्ग व नगला बिरखू में खैर-टैटीगांव मार्ग पर जाम लगा दिया। पुलिस ने किसी तरह समझाकर जाम खुलवाया।

उधर, पाइंदापुर में गोंडा-गोरई मार्ग पर जाम लगाकर आवारा गोवंश की समस्या से निजात दिलाने की मांग करने लगे। सूचना पर पहुंचे प्रभारी निरीक्षक अरविंद कुमार राठी ने किसी तरह समझाकर जाम खुलवाया। अतरौली के गांव रजातऊ के जूनियर स्कूल तथा गांव गहतोली निर्मल की साधन सहकारी समिति के भवन में आवारा गोवंश को बंद कर दिया।  

गंगीरी के थाना दादों के गांव कसेर के सरकारी स्कूल में बुधवार को ग्रामीणों ने आवारा गोवंश बंद कर दिए। सूचना पर पुलिस पहुंच गई। समझाने के बावजूद न मानने पर शिक्षक ने स्कूल की छुट्टी घोषित कर दी और पुलिस ने विद्यार्थी व शिक्षकों को सुरक्षित स्कूल परिसर से बाहर निकालकर घरों को भेज दिया।  एसओ दादों नरेश कुमार ने बताया कि करीब एक दर्जन ग्रामीणों के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम व विद्यार्थियों की पढ़ाई में बाधा डालने की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। गायों को गोशाला भेज दिया गया है।

गहलऊ के गांव भैंया स्थित स्वास्थ्य केंद्र और प्राथमिक विद्यालय में किसानों ने आवारा पशुआें को खदेड़कर बंद कर दिया। नगला जंगली, पीपली, जाखुर, चामड़ जगनेर के किसानों ने आवारा पशुओं को खदेड़कर भैंया के स्वास्थ्य केंद्र और प्राथमिक विद्यालय में बंद कर दिया। देर शाम तक इन आवारा गोवंश को किसानों ने ही चारा खिलाया और निजी चिकित्सक के जरिए घायल गोवंश का इलाज करवाया। देर शाम तक वहां कोई भी अधिकारी नहीं पहुंचा।


गोवंश खुला छोड़ने पर होगी कार्रवाई: एसडीएम
 बुधवार को गभाना तहसील में एसडीएम अनिरुद्ध प्रताप सिंह, सीओ संजीव दीक्षित ने लेखपाल, पंचायत सचिवों के साथ ही ग्राम प्रधानों के साथ बैठक कर ग्राम पंचायतों में चारागाह व अन्य जमीनों को चिह्नित करने के लिए कहा। कहा कि इन जमीनों पर अवैध कब्जे तत्काल हटवाकर ग्राम पंचायत के सुपुर्द करें। जहां राज्य वित्त आयोग के खाते से गोशाला का निर्माण इन जमीनों पर होगा। प्रत्येक गोशाला में 50-50 गोवंश रखने की व्यवस्था रहेगी। गो सेवा समिति देखरेख करेगी।
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