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दिल्ली के एजेंट ने 90 दिन का वीजा होने की बात कहकर भेजा विदेश, आगे की कहानी चौंकाने वाली
Mon, 28 Jan 2019 11:54 PM IST
राजेश सैनी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
Published by: राजेश सैनी
Updated Mon, 28 Jan 2019 11:54 PM IST
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विदेश में नौकरी लगवाने का झांसा देकर लोगों के साथ ठगी करने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोहों के तार अब अलीगढ़ में भी फैलने लगे हैं। महानगर के थाना सासनी गेट के सराय सुल्तानी निवासी मो. इमरान पुत्र नईम अहमद औैर उनके बहन के जेठ मो. राशिद निवासी भुजपुरा के साथ दिल्ली के एक एजेंट द्वारा ठगी का मामले सामने आया है। आरोप है कि एजेंट ने गत वर्ष 13 नवंबर को दोनों को मलेशिया की राजधानी कुआलालंपुर स्थित एक होटल में काम करने भेजा था। वहां पहुंचने के एक दिन बाद ही 15 नवंबर को उनके वीजा की समय अवधि समाप्त हो गई।
इसके साथ ही दलाल ने 1500 रिंग्गित (मलेशिया की मुद्रा) प्रतिमाह तनख्वाह दिलाने का आश्वासन देकर वहां भेजा था। मगर, होटल संचालक उन्हें तय से कम तनख्वाह दे रहा है। नईम के भाई नसीम अहमद ने बताया कि नईम यहां जूते-चप्पल बेचने का काम करते थे और राशिद मजदूरी कर परिवार का पालन पोषण करते थे। दिल्ली के अकोला निवासी फिरोज के संपर्क में आ गए। फिरोज मूलरूप से बदायूं का रहने वाला है। फिरोज लगभग पांच साल से परिवार के संपर्क में था। इस बात पर भरोसा कर फिरोज के जरिये वह दोनों मलेशिया चले गए हैं।
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इसके साथ ही दलाल ने 1500 रिंग्गित (मलेशिया की मुद्रा) प्रतिमाह तनख्वाह दिलाने का आश्वासन देकर वहां भेजा था। मगर, होटल संचालक उन्हें तय से कम तनख्वाह दे रहा है। नईम के भाई नसीम अहमद ने बताया कि नईम यहां जूते-चप्पल बेचने का काम करते थे और राशिद मजदूरी कर परिवार का पालन पोषण करते थे। दिल्ली के अकोला निवासी फिरोज के संपर्क में आ गए। फिरोज मूलरूप से बदायूं का रहने वाला है। फिरोज लगभग पांच साल से परिवार के संपर्क में था। इस बात पर भरोसा कर फिरोज के जरिये वह दोनों मलेशिया चले गए हैं।
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