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जिला जेल से 100 सजायाफ्ता जाएंगे नोएडा जेल
Updated Wed, 09 May 2018 02:20 AM IST
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क्राइम न्यूज, अमर उजाला, अलीगढ़।
क्षमता से अधिक कैदियों का भार ढो रही जिला जेल के लिए राहत भरी खबर है। शासन की एक नीति के तहत यहां से करीब 100 सजायाफ्ता कैदी अब नोएडा की जेल में शिफ्ट किए जाएंगे। इससे ठसाठस भरी जेल में कुछ तो संख्या कम होगी। मगर यह आदेश जिला जेल में पहुंचते ही यहां लंबे समय से निरुद्ध पुराने व मठाधीशों ने बीमारियों का बहाना लगाकर बचने की कवायद शुरू कर दी है।
जिला जेल की क्षमता 1150 बंदियों की है, लेकिन इस समय तीन गुना अधिक कैदी जेल में हैं। जिला जेल अधीक्षक आलोक सिंह कहते हैं कि प्रदेश की कुछ जेलों में क्षमता से अधिक कैदी हैं और कुछ जेलों में कैदी कम हैं।
ऐसे में प्रदेश सरकार ने यह फैसला किया कि जिन जेलों में क्षमता से बहुत ज्यादा कैदी हैं, उन जेलों में से कुछ कैदी ऐसी जेलों में शिफ्ट कर दिए जाएं, जहां पर कैदी कम हैं। जिला जेल में ऐसे 100 कैदियों की सूची बनाई गई है जो कि सजायाफ्ता हैं और इन पर अन्य कोई मुकदमा भी विचाराधीन नहीं है और किसी मुकदमे में सजा भी नहीं होनी है।
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इन कैदियों को नोएडा की जेल में शिफ्ट कर दिया जाएगा। हालांकि बेहद ठसाठस भरी जेल से 100 कैदियों के जाने से ज्यादा फर्क तो नहीं पड़ेगा, लेकिन फिर भी बैरकों पर कैदियों का बोझ तो कुछ कम होगा ही।
अधीक्षक के अनुसार यह बात सही है कि कुछ बंदियों ने इस आदेश की जानकारी के बाद बीमारी का बहाना बनाना शुरू कर दिया है। मगर आदेश का पालन होगा। पुलिस लाइन से पुलिस बल मांगा गया है। पुलिस मिलते ही इन्हें शिफ्ट कर दिया जाएगा।
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क्षमता से अधिक कैदियों का भार ढो रही जिला जेल के लिए राहत भरी खबर है। शासन की एक नीति के तहत यहां से करीब 100 सजायाफ्ता कैदी अब नोएडा की जेल में शिफ्ट किए जाएंगे। इससे ठसाठस भरी जेल में कुछ तो संख्या कम होगी। मगर यह आदेश जिला जेल में पहुंचते ही यहां लंबे समय से निरुद्ध पुराने व मठाधीशों ने बीमारियों का बहाना लगाकर बचने की कवायद शुरू कर दी है।
जिला जेल की क्षमता 1150 बंदियों की है, लेकिन इस समय तीन गुना अधिक कैदी जेल में हैं। जिला जेल अधीक्षक आलोक सिंह कहते हैं कि प्रदेश की कुछ जेलों में क्षमता से अधिक कैदी हैं और कुछ जेलों में कैदी कम हैं।
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ऐसे में प्रदेश सरकार ने यह फैसला किया कि जिन जेलों में क्षमता से बहुत ज्यादा कैदी हैं, उन जेलों में से कुछ कैदी ऐसी जेलों में शिफ्ट कर दिए जाएं, जहां पर कैदी कम हैं। जिला जेल में ऐसे 100 कैदियों की सूची बनाई गई है जो कि सजायाफ्ता हैं और इन पर अन्य कोई मुकदमा भी विचाराधीन नहीं है और किसी मुकदमे में सजा भी नहीं होनी है।
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इन कैदियों को नोएडा की जेल में शिफ्ट कर दिया जाएगा। हालांकि बेहद ठसाठस भरी जेल से 100 कैदियों के जाने से ज्यादा फर्क तो नहीं पड़ेगा, लेकिन फिर भी बैरकों पर कैदियों का बोझ तो कुछ कम होगा ही।
अधीक्षक के अनुसार यह बात सही है कि कुछ बंदियों ने इस आदेश की जानकारी के बाद बीमारी का बहाना बनाना शुरू कर दिया है। मगर आदेश का पालन होगा। पुलिस लाइन से पुलिस बल मांगा गया है। पुलिस मिलते ही इन्हें शिफ्ट कर दिया जाएगा।