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पुलिस के मानक और प्रक्रिया बिल्कुल सही: पूर्व इंस्पेक्टर
Updated Mon, 09 Jul 2018 01:44 AM IST
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क्राइम डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
शनिवार को दौड़ के दौरान एक सिपाही की मौत और 15 अभ्यर्थियों के बेहोश हो जाने के बाद गर्म मौसम में दौड़ परीक्षा कराने को लेकर सवालों को उत्तर प्रदेश पुलिस के रिटायर इंस्पेक्टर कप्तान सिंह चौहान ने आधार हीन बताया है।
उन्होंने कहा कि पुलिस विभाग की सेवा एक कठिन सेवा है। इसमें शारीरिक रूप से सक्षम व्यक्ति को स्थान दिया जाता है। कुछ अभ्यर्थियों के साथ जो बेहोश हो जाने की समस्या आई वह गर्मी की वजह से थी। उन्होंने कहा कि गर्मी में दौड़ लगाने को जो लोग अव्यवहारिक बता रहे हैं वह सोचें कि सेवाकाल के दौरान क्या घटनाएं मौसम के अनुसार होंगी।
पुलिस कर्मी को विपरीत मौसम में सबसे ज्यादा कार्य करना पड़ता है। यह परीक्षा इसीलिए होती है कि अभ्यर्थी की सक्षमता का पता चल जाए। यहां पर 1250 से ज्यादा अभ्यर्थियों ने शारीरिक परीक्षा दी। अगर उनमें से 25-30 अनफिट रहते हैं तो इस आधार पर पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठाना उचित नहीं है। पुलिस के अपने मानक हैं और यह मानक उन्होंने भी भर्ती से पहले पूरे किए थे।
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शनिवार को दौड़ के दौरान एक सिपाही की मौत और 15 अभ्यर्थियों के बेहोश हो जाने के बाद गर्म मौसम में दौड़ परीक्षा कराने को लेकर सवालों को उत्तर प्रदेश पुलिस के रिटायर इंस्पेक्टर कप्तान सिंह चौहान ने आधार हीन बताया है।
उन्होंने कहा कि पुलिस विभाग की सेवा एक कठिन सेवा है। इसमें शारीरिक रूप से सक्षम व्यक्ति को स्थान दिया जाता है। कुछ अभ्यर्थियों के साथ जो बेहोश हो जाने की समस्या आई वह गर्मी की वजह से थी। उन्होंने कहा कि गर्मी में दौड़ लगाने को जो लोग अव्यवहारिक बता रहे हैं वह सोचें कि सेवाकाल के दौरान क्या घटनाएं मौसम के अनुसार होंगी।
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पुलिस कर्मी को विपरीत मौसम में सबसे ज्यादा कार्य करना पड़ता है। यह परीक्षा इसीलिए होती है कि अभ्यर्थी की सक्षमता का पता चल जाए। यहां पर 1250 से ज्यादा अभ्यर्थियों ने शारीरिक परीक्षा दी। अगर उनमें से 25-30 अनफिट रहते हैं तो इस आधार पर पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठाना उचित नहीं है। पुलिस के अपने मानक हैं और यह मानक उन्होंने भी भर्ती से पहले पूरे किए थे।
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