{"_id":"5fde46d58ebc3e41033e589b","slug":"aligarh-young-academics-welcomed-prime-minister-s-address-in-the-centenary-year-city-office-news-ali251567431","type":"story","status":"publish","title_hn":"अलीगढ़ : शताब्दी वर्ष में प्रधानमंत्री के संबोधन का युवा शिक्षाविदों ने स्वागत किया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अलीगढ़ : शताब्दी वर्ष में प्रधानमंत्री के संबोधन का युवा शिक्षाविदों ने स्वागत किया
विज्ञापन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों से संबद्ध कई युवा शिक्षाविदों ने कहा है कि शताब्दी समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ऑनलाइन भागीदारी दुनिया भर में फैले एएमयू के पूर्व छात्रों के लिए गौरव का विषय है।
उन्होंने कहा है कि शताब्दी वर्ष समारोह को हर्षोल्लास से मनाने और मिल जुलकर इकाई के रूप में अपनी मातृ संस्था के प्रति प्रतिबद्धता जताने का यह बेहतरीन अवसर है। हम विश्वविद्यालय के साथ अपने सहयोग की घोषणा करते हैं।
उर्दू विभाग के डॉ. आफताब आलम, सामुदायिक चिकित्सा विभाग के डॉ. मो. सलमान शाह, सलमान खलील, इतिहास विभाग के डॉ. जिब्राइल, राजनीति विज्ञान विभाग के डॉ. मो. असलम, उर्दू विभाग के डॉ.मामून रशीद, दर्शन शास्त्र विभाग के डॉ. जाकिर हुसैन, बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन विभाग के डॉ. लामे बिन साबिर, सीनियर सेकेंडरी स्कूल गर्ल्स के डॉ. मो. सोहराब खान, यूनिवर्सिटी पालीटेक्निक के सिविल इंजीनियरिंग सेक्शन के राशिद इमरान ने कहा है कि यह ऐतिहासिक घटना हमारे बंधन को और अधिक मजबूत करेगी। यह दुनिया को दिखाएगी कि इसके छात्र, शिक्षक और पूर्व छात्र हमेशा अपनी मातृ संस्था के साथ खड़े होते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों से संबद्ध कई युवा शिक्षाविदों ने कहा है कि शताब्दी समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ऑनलाइन भागीदारी दुनिया भर में फैले एएमयू के पूर्व छात्रों के लिए गौरव का विषय है।
उन्होंने कहा है कि शताब्दी वर्ष समारोह को हर्षोल्लास से मनाने और मिल जुलकर इकाई के रूप में अपनी मातृ संस्था के प्रति प्रतिबद्धता जताने का यह बेहतरीन अवसर है। हम विश्वविद्यालय के साथ अपने सहयोग की घोषणा करते हैं।
विज्ञापन
उर्दू विभाग के डॉ. आफताब आलम, सामुदायिक चिकित्सा विभाग के डॉ. मो. सलमान शाह, सलमान खलील, इतिहास विभाग के डॉ. जिब्राइल, राजनीति विज्ञान विभाग के डॉ. मो. असलम, उर्दू विभाग के डॉ.मामून रशीद, दर्शन शास्त्र विभाग के डॉ. जाकिर हुसैन, बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन विभाग के डॉ. लामे बिन साबिर, सीनियर सेकेंडरी स्कूल गर्ल्स के डॉ. मो. सोहराब खान, यूनिवर्सिटी पालीटेक्निक के सिविल इंजीनियरिंग सेक्शन के राशिद इमरान ने कहा है कि यह ऐतिहासिक घटना हमारे बंधन को और अधिक मजबूत करेगी। यह दुनिया को दिखाएगी कि इसके छात्र, शिक्षक और पूर्व छात्र हमेशा अपनी मातृ संस्था के साथ खड़े होते हैं।
विज्ञापन