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कच्चे माल के भाव में उछाल से ताला-हार्डवेयर कारोबार का निकल रहा दम
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दिनेश चंद्र वार्ष्णेय।
- फोटो : CITY OFFICE
कच्चे माल के भाव में उछाल से ताला-हार्डवेयर कारोबार का दम निकल रहा है। कॉपर अब तक के सर्वाधिक मूल्य पर है, जिससे पीतल का भाव आसमान छू रहा है। कोरोना महामारी से अब तक उद्यमी उबरे भी नहीं हैं कि कच्चे माल की तेजी ने हालत खराब कर दी है। बहुत सारे उद्यमियों ने तो उत्पादन रोक दिया है या कम कर दिया है। इसका कारण यह है कि रेट बढ़ाने की बात कहने पर ग्राहक माल मंगाने को तैयार नहीं हैं। ताला, हार्डवेयर, आर्टवेयर एवं इलेक्ट्रिकल कारोबार तेजी की चपेट में है। देश ही नहीं बल्कि, विदेशों का निर्यात भी बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।
कच्चे माल में तेजी से कारोबार बुरी तरह प्रभावित है। इसकी वजह से उद्यमी उत्पादक रेट फिक्स नहीं कर पा रहे हैं। उत्पादन होल्ड कर दिए हैं। पिछले तीन-चार महीने में कच्चे माल का रेट सबसे अधिक बढ़े हैं। ताला, हार्डवेयर, आर्टवेयर एवं इलेक्ट्रिकल उत्पाद बनाने में आयरन, ब्रास, एल्युमीनियम, जिंक आदि का इस्तेमाल होता है। इसमें 10 से 40 प्रतिशत तक की वृद्धि हो गई है। पैकेजिंग मटेरियल भी महंगे हुए हैं।
- सुनील दत्ता, महासचिव, तालानगरी औद्योगिक विकास एसोसिएशन
कच्चे माल में तेजी की वजह से कारोबार खत्म हो रहा है। काम चालू रखने के लिए ज्यादा रुपये का निवेश करना पड़ रहा है। कोरोना की वजह से पहले से ही स्थिति खराब है। मांग घटने से निर्यात बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। कंटेनर से माल भेजने के भाड़े में सात गुना तक वृद्धि हुई है। हालत में सुधार लाने के लिए केंद्र सरकार को तुरंत कदम उठाना चाहिए। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने इस संबंध में प्रधानमंत्री को पत्र लिखा है।
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- सुभाष गोयल, निर्यातक
स्थिति को तुरंत नियंत्रित नहीं किया गया तो बाजार में त्राहि-त्राहि मच जाएगी। लॉकडाउन खुलने के बाद उद्यमियों ने जैसे-तैसे कम दामों में माल बेच दिया। पिछले कुछ महीनों में कच्चे माल में 30 प्रतिशत या उससे अधिक की तेजी आई है। कॉपर अब तक के सर्वाधिक मूल्य पर है। इसी वजह से पीतल का भाव बढ़ गया है। पुराने रेट पर लोग माल बेच रहे हैं, क्योंकि बाजार में पैसा फंसा है। पेमेंट का दबाव बढ़ाने पर ग्राहक माल नहीं लेते।
- चेतन पांडेय, ताला कारोबारी
कच्चे माल में तेजी की वजह से ताला एवं हार्डवेयर इंडस्ट्री की हालत बेहद खराब है। इसकी चपेट में आकर काम धंधे खराब हो रहे हैं। निर्यात की स्थिति भी अच्छी नहीं है। डालर नीचे जा रहा है। कारोबार जारी रखने के लिए अधिक निवेश करना पड़ रहा है। आमदनी घटती जा रही है। देश एवं विदेश के ग्राहक पुराने रेट पर माल मांग रहे हैं।
- ई. दिनेश चंद्र वार्ष्णेय, सचिव, अलीगढ़ एक्सपोर्ट एसोसिएशन
कच्चा माल वर्तमान भाव जनवरी 2020 में भाव
आयरन शीट 72 रुपये प्रति किलो 51 रुपये प्रति किलो
आयरन कटिंग 55-58 45-47
ब्रास शीट 415 350
ब्रास सिल्ली 350 270
जिंक सिल्ली 240 195
एल्युमीनियम 135 110
कॉपर 632 510-15
प्लास्टिक पीपी 125 80
एबीएस 350 180
पोलीकार्बोनेट 330 220
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कच्चे माल में तेजी से कारोबार बुरी तरह प्रभावित है। इसकी वजह से उद्यमी उत्पादक रेट फिक्स नहीं कर पा रहे हैं। उत्पादन होल्ड कर दिए हैं। पिछले तीन-चार महीने में कच्चे माल का रेट सबसे अधिक बढ़े हैं। ताला, हार्डवेयर, आर्टवेयर एवं इलेक्ट्रिकल उत्पाद बनाने में आयरन, ब्रास, एल्युमीनियम, जिंक आदि का इस्तेमाल होता है। इसमें 10 से 40 प्रतिशत तक की वृद्धि हो गई है। पैकेजिंग मटेरियल भी महंगे हुए हैं।
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- सुनील दत्ता, महासचिव, तालानगरी औद्योगिक विकास एसोसिएशन
कच्चे माल में तेजी की वजह से कारोबार खत्म हो रहा है। काम चालू रखने के लिए ज्यादा रुपये का निवेश करना पड़ रहा है। कोरोना की वजह से पहले से ही स्थिति खराब है। मांग घटने से निर्यात बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। कंटेनर से माल भेजने के भाड़े में सात गुना तक वृद्धि हुई है। हालत में सुधार लाने के लिए केंद्र सरकार को तुरंत कदम उठाना चाहिए। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने इस संबंध में प्रधानमंत्री को पत्र लिखा है।
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- सुभाष गोयल, निर्यातक
स्थिति को तुरंत नियंत्रित नहीं किया गया तो बाजार में त्राहि-त्राहि मच जाएगी। लॉकडाउन खुलने के बाद उद्यमियों ने जैसे-तैसे कम दामों में माल बेच दिया। पिछले कुछ महीनों में कच्चे माल में 30 प्रतिशत या उससे अधिक की तेजी आई है। कॉपर अब तक के सर्वाधिक मूल्य पर है। इसी वजह से पीतल का भाव बढ़ गया है। पुराने रेट पर लोग माल बेच रहे हैं, क्योंकि बाजार में पैसा फंसा है। पेमेंट का दबाव बढ़ाने पर ग्राहक माल नहीं लेते।
- चेतन पांडेय, ताला कारोबारी
कच्चे माल में तेजी की वजह से ताला एवं हार्डवेयर इंडस्ट्री की हालत बेहद खराब है। इसकी चपेट में आकर काम धंधे खराब हो रहे हैं। निर्यात की स्थिति भी अच्छी नहीं है। डालर नीचे जा रहा है। कारोबार जारी रखने के लिए अधिक निवेश करना पड़ रहा है। आमदनी घटती जा रही है। देश एवं विदेश के ग्राहक पुराने रेट पर माल मांग रहे हैं।
- ई. दिनेश चंद्र वार्ष्णेय, सचिव, अलीगढ़ एक्सपोर्ट एसोसिएशन
कच्चा माल वर्तमान भाव जनवरी 2020 में भाव
आयरन शीट 72 रुपये प्रति किलो 51 रुपये प्रति किलो
आयरन कटिंग 55-58 45-47
ब्रास शीट 415 350
ब्रास सिल्ली 350 270
जिंक सिल्ली 240 195
एल्युमीनियम 135 110
कॉपर 632 510-15
प्लास्टिक पीपी 125 80
एबीएस 350 180
पोलीकार्बोनेट 330 220

सुनील दत्ता।- फोटो : CITY OFFICE

चेतन पांडे।- फोटो : CITY OFFICE

सुभाष गोयल।- फोटो : CITY OFFICE