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खुद हैं कोरोना के शिकार, फिर भी कर रहे दूसरों का उपचार
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दीपक शर्मा
जेएन मेडिकल कॉलेज के एक विभाग के सीनियर डॉक्टर, जो रविवार को कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे, वह इस समय होम क्वारंटीन हैं, लेकिन फोन पर वह कोरोना मरीजों का उपचार कर रहे हैं। इस तरह उनकी सेवाएं मेडिकल कॉलेज को उनके बीमार होने के बाद भी मिल रही हैं। डॉक्टर के जज्बे को मेडिकल कॉलेज के अन्य डाक्टर और स्टाफ ने सलाम किया है।
सीनियर डॉक्टर का कहना है कि अन्य विभागों के चिकित्सक भी आईसीटी गैजेट्स, टेलीफोन आदि का प्रयोग कर रोगियों को चिकित्सकीय परामर्श करना जारी रख सकते हैं। कोविड-19 से संक्रमित होने का खतरा चिकित्सकों के लिए भी बना रहता है लेकिन नकारात्मक परिस्थितियों में चिकित्सकों के लिये अपनी सेवाएं प्रदान करना आवश्यक होता है। उन्होंने कहा कि गंभीर रूप से बीमार रोगियों के लिये चिकित्सक आशा की एक किरण होते हैं तथा ऐसी स्थिति में उन्हें छोड़ा नहीं जा सकता है।
कुलपति प्रो. तारिक मंसूर ने कहा कि कोविड-19 से लड़ने में चिकित्सकों ने सराहनीय सेवाएं प्रदान की हैं। इस वैश्विक संक्रमण से लड़ने में अपना संपूर्ण सहयोग प्रदान करने के लिये एएमयू कटिबद्ध है। जेएनएमसी के प्रिंसिपल प्रो. शाहिद अली सिद्दीकी ने कहा कि अब तक 27 कोविड-19 संक्रमित रोगी पूरी तरह स्वस्थ होकर छुट्टी पा चुके हैं। कहा कि जेएनएमसी के चिकित्सक कई कई घंटे अपनी सेवाएं दे रहे हैं तथा सरकार द्वारा जेएनएमसी को प्रदत्त कोविड लेवल 2 सुविधाओं का भरपूर लाभ कोरोना रोगियों को मिल रहा है।
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जेएन मेडिकल कॉलेज के एक विभाग के सीनियर डॉक्टर, जो रविवार को कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे, वह इस समय होम क्वारंटीन हैं, लेकिन फोन पर वह कोरोना मरीजों का उपचार कर रहे हैं। इस तरह उनकी सेवाएं मेडिकल कॉलेज को उनके बीमार होने के बाद भी मिल रही हैं। डॉक्टर के जज्बे को मेडिकल कॉलेज के अन्य डाक्टर और स्टाफ ने सलाम किया है।
सीनियर डॉक्टर का कहना है कि अन्य विभागों के चिकित्सक भी आईसीटी गैजेट्स, टेलीफोन आदि का प्रयोग कर रोगियों को चिकित्सकीय परामर्श करना जारी रख सकते हैं। कोविड-19 से संक्रमित होने का खतरा चिकित्सकों के लिए भी बना रहता है लेकिन नकारात्मक परिस्थितियों में चिकित्सकों के लिये अपनी सेवाएं प्रदान करना आवश्यक होता है। उन्होंने कहा कि गंभीर रूप से बीमार रोगियों के लिये चिकित्सक आशा की एक किरण होते हैं तथा ऐसी स्थिति में उन्हें छोड़ा नहीं जा सकता है।
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कुलपति प्रो. तारिक मंसूर ने कहा कि कोविड-19 से लड़ने में चिकित्सकों ने सराहनीय सेवाएं प्रदान की हैं। इस वैश्विक संक्रमण से लड़ने में अपना संपूर्ण सहयोग प्रदान करने के लिये एएमयू कटिबद्ध है। जेएनएमसी के प्रिंसिपल प्रो. शाहिद अली सिद्दीकी ने कहा कि अब तक 27 कोविड-19 संक्रमित रोगी पूरी तरह स्वस्थ होकर छुट्टी पा चुके हैं। कहा कि जेएनएमसी के चिकित्सक कई कई घंटे अपनी सेवाएं दे रहे हैं तथा सरकार द्वारा जेएनएमसी को प्रदत्त कोविड लेवल 2 सुविधाओं का भरपूर लाभ कोरोना रोगियों को मिल रहा है।
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