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अलीगढ़: वायरल हो रही फॉरेंसिक रिपोर्ट मेडिकल कॉलेज के होने की पुष्टि नहीं: डॉक्टर हमजा
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉक्टर हमजा मलिक ने हाथरस के चंदपा प्रकरण को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही उस रिपोर्ट को पूरी तरह फर्जी बताया है, जिसे मेडिकल कॉलेज द्वारा हाथरस, सादाबाद के क्षेत्राधिकारी को भेजा जाना दिखाया गया है। इस रिपोर्ट के अंतिम निष्कर्ष में पीड़िता के साथ शारीरिक रूप से बल प्रयोग करने की बात कही गई है। बाकी अन्य बातों से इनकार किया गया है।
उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर असामाजिक तत्वों द्वारा एक फोरेंसिक रिपोर्ट वायरल की जा रही है जिसकी सही होने की पुष्टि नहीं की जा सकती है। इस रिपोर्ट के फोरेंसिक साइंस लैब की रिपोर्ट पर आधारित होना कहा जा रहा है। उन्होंने कहा कि जांच रिपोर्ट में जो शब्दावली होती है, उसे कोर्ट को समझना होता है। कोई नेता या पुलिस अधिकारी यह तय नहीं कर सकता कि दुष्कर्म हुआ है या नहीं। यह तय करना अदालत का काम है।
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अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉक्टर हमजा मलिक ने हाथरस के चंदपा प्रकरण को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही उस रिपोर्ट को पूरी तरह फर्जी बताया है, जिसे मेडिकल कॉलेज द्वारा हाथरस, सादाबाद के क्षेत्राधिकारी को भेजा जाना दिखाया गया है। इस रिपोर्ट के अंतिम निष्कर्ष में पीड़िता के साथ शारीरिक रूप से बल प्रयोग करने की बात कही गई है। बाकी अन्य बातों से इनकार किया गया है।
उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर असामाजिक तत्वों द्वारा एक फोरेंसिक रिपोर्ट वायरल की जा रही है जिसकी सही होने की पुष्टि नहीं की जा सकती है। इस रिपोर्ट के फोरेंसिक साइंस लैब की रिपोर्ट पर आधारित होना कहा जा रहा है। उन्होंने कहा कि जांच रिपोर्ट में जो शब्दावली होती है, उसे कोर्ट को समझना होता है। कोई नेता या पुलिस अधिकारी यह तय नहीं कर सकता कि दुष्कर्म हुआ है या नहीं। यह तय करना अदालत का काम है।
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