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अलीगढ़... 14 वर्ष की आयु में ईसा मसीह आए थे भारत
Updated Tue, 26 Dec 2017 02:17 AM IST
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14 वर्ष की आयु में ईसा मसीह आए थे भारत : प्रो. शब्बीर
ब्यूरो, अमर उजाला, अलीगढ़।
कोलंबिया पब्लिक हाईस्कूल में क्रिसमस का त्योहार धूमधाम से मनाया गया। शिक्षकों ने बच्चों को बड़े दिन की शुभकामनाएं दी और ईसा मसीह से संबंधित जानकारी दी।
स्कूल के चेयरमैन प्रो. एम शब्बीर ने कहा कि कुछ संकीर्ण मानसिकता की संस्थाएं कानून की सीमाओं को तोड़कर ईसाई समुदाय के शैक्षिक कार्यों की आलोचना करते हुए यह कहतीं हैं कि दूसरे समुदाय के लोगों को शिक्षा के बहाने ईसाई धर्म स्वीकार करने को उकसाते हैं।
उन्होंने कहा कि संकीर्ण मानसिकता वाले समझ लें कि संविधान ने अनुच्छेद 25 के अंतर्गत भारत के सभी नागरिकों को धार्मिक स्वतंत्रता देते हुए किसी भी धर्म को मानने, धार्मिक कर्त्तव्यों का पालन करने और धर्म के प्रचार और प्रसार करने की लिए आजादी दी है।
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उन्होंने कहा कि ईसा मसीह 14 वर्ष की आयु में भारत आए थे। डॉक्टर हार्वे स्पेंशर लूईस ने अपनी पुस्तक ‘मिस्टिकल लाइफ ऑफ जीसस’ में यही सिद्ध किया है कि ईसा ने हिंदू सन्यासी के रूप में भारत में शिक्षा प्राप्त की। कार्यक्रम को प्रो. मुफ्ती जाहिद, इरफान इमरूल खान, इमरान फारूक कुरैशी, रिम भारती, विनय कुमार, देवतोष मुखर्जी, एसएम सुहैब, नूर अफरोज, ताहिर हुसैन रिजवी आदि मौजूद थे।
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ब्यूरो, अमर उजाला, अलीगढ़।
कोलंबिया पब्लिक हाईस्कूल में क्रिसमस का त्योहार धूमधाम से मनाया गया। शिक्षकों ने बच्चों को बड़े दिन की शुभकामनाएं दी और ईसा मसीह से संबंधित जानकारी दी।
स्कूल के चेयरमैन प्रो. एम शब्बीर ने कहा कि कुछ संकीर्ण मानसिकता की संस्थाएं कानून की सीमाओं को तोड़कर ईसाई समुदाय के शैक्षिक कार्यों की आलोचना करते हुए यह कहतीं हैं कि दूसरे समुदाय के लोगों को शिक्षा के बहाने ईसाई धर्म स्वीकार करने को उकसाते हैं।
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उन्होंने कहा कि संकीर्ण मानसिकता वाले समझ लें कि संविधान ने अनुच्छेद 25 के अंतर्गत भारत के सभी नागरिकों को धार्मिक स्वतंत्रता देते हुए किसी भी धर्म को मानने, धार्मिक कर्त्तव्यों का पालन करने और धर्म के प्रचार और प्रसार करने की लिए आजादी दी है।
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उन्होंने कहा कि ईसा मसीह 14 वर्ष की आयु में भारत आए थे। डॉक्टर हार्वे स्पेंशर लूईस ने अपनी पुस्तक ‘मिस्टिकल लाइफ ऑफ जीसस’ में यही सिद्ध किया है कि ईसा ने हिंदू सन्यासी के रूप में भारत में शिक्षा प्राप्त की। कार्यक्रम को प्रो. मुफ्ती जाहिद, इरफान इमरूल खान, इमरान फारूक कुरैशी, रिम भारती, विनय कुमार, देवतोष मुखर्जी, एसएम सुहैब, नूर अफरोज, ताहिर हुसैन रिजवी आदि मौजूद थे।