{"_id":"5c7bd2aabdec2211d240d181","slug":"wheat-and-mustard-crops-damage-due-to-heavy-rain-in-mainpuri","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"मैनपुरी: किसानों पर कुदरत की मार, बारिश से गेहूं और सरसों की फसल को भारी नुकसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मैनपुरी: किसानों पर कुदरत की मार, बारिश से गेहूं और सरसों की फसल को भारी नुकसान
Sun, 03 Mar 2019 06:42 PM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sun, 03 Mar 2019 06:42 PM IST
विज्ञापन
तेज हवा के साथ हुई बारिश से गिरी गेहूं की फसल
मैनपुरी जिले में बारिश किसानों के लिए आफत बनती जा रही है। कुछ देर हुई तेज बारिश से किसानों की सरसों और गेहूं की फसल में भारी नुकसान हुआ। इससे किसान परेशान हैं, वहीं अब भी मौसम साफ नहीं हुआ है। इससे आगे भी बारिश होने के आसार हैं।
शनिवार रात से ही रिमझिम बारिश शुरू हो गई थी। रविवार को सुबह होते ही काले बादल घिर आए। कुछ ही देर में झमाझम बारिश शुरू हो गई। दस मिनट तक तेज हवा के साथ हुई बारिश से खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान हुआ।
सरसों की तैयार खड़ी फसल व कटी पड़ी फसल पूरी तरह भीग गई। जो फसल अधिक भीग गई, उसके सड़ने का खतरा भी बढ़ गया है। तेज हवा के साथ हुई बारिश से गेहूं की फसल में जमीन पर गिर गई। गेहूं की फसल में इस समय बाल निकल रही है, ऐसे में इसका वजन अधिक है।
विज्ञापन
फसल गिरने से गेहूं का दाना पूर्ण विकसित नहीं हो पाएगा। इससे किसानों को नुकसान उठाना पड़ेगा। वहीं आलू की फसल में भी बारिश से नुकसान हुआ है। एक ओर जहां भीगे आलू को भंडारित नहीं किया जा सकेगा तो वहीं जिस आलू की अब तक खोदाई नहीं हुई है, उसकी खोदाई का काम भी रुक गया।
विज्ञापन
शनिवार रात से ही रिमझिम बारिश शुरू हो गई थी। रविवार को सुबह होते ही काले बादल घिर आए। कुछ ही देर में झमाझम बारिश शुरू हो गई। दस मिनट तक तेज हवा के साथ हुई बारिश से खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान हुआ।
विज्ञापन
सरसों की तैयार खड़ी फसल व कटी पड़ी फसल पूरी तरह भीग गई। जो फसल अधिक भीग गई, उसके सड़ने का खतरा भी बढ़ गया है। तेज हवा के साथ हुई बारिश से गेहूं की फसल में जमीन पर गिर गई। गेहूं की फसल में इस समय बाल निकल रही है, ऐसे में इसका वजन अधिक है।
विज्ञापन
फसल गिरने से गेहूं का दाना पूर्ण विकसित नहीं हो पाएगा। इससे किसानों को नुकसान उठाना पड़ेगा। वहीं आलू की फसल में भी बारिश से नुकसान हुआ है। एक ओर जहां भीगे आलू को भंडारित नहीं किया जा सकेगा तो वहीं जिस आलू की अब तक खोदाई नहीं हुई है, उसकी खोदाई का काम भी रुक गया।
Trending Videos
एक सप्ताह तक नहीं हो सकेगी सरसों की कटाई
रविवार को बारिश के बाद अब लगभग एक सप्ताह तक सरसों की फसल की थ्रेसिंग नहीं हो सकेगी। जब तक सरसों पूरी तरह सूख नहीं जाती है, तब तक किसानों को इंतजार करना होगा। क्योंकि अगर गीली सरसों की थ्रेसिंग कराई तो उसमें आग भी लग सकती है।
फिर निकल आए गर्म कपड़े
बारिश और हवाओं से सर्दी फिर से लौट आई है। ऐसे में जो लोग गर्म कपड़े रख चुके थे उन्होंने वापस निकाल लिए है। अधिकतर लोग रविवार को स्वेटर और जैकेट पहने नजर आए। दिनभर सूर्यदेव के दर्शन न होने से लोगों को सर्दी से राहत नहीं मिल सकी। शाम होते ही फिर एक बार सर्दी बढ़ गई।
बेमौसम बारिश किसी भी फसल के लिए फायदेमंद नहीं है। इस समय सरसों और आलू की फसल में सबसे अधिक नुकसान है। किसान सरसों की फसल को अच्छे से सुखाएं और आलू के खेत में पानी न भरने दें। अगर पानी भरा है तो उसे निकाल दें। पानी नहीं निकाला गया तो आलू सड़ जाएगा।
- डॉ. विकास रंजन चौधरी, कृषि वैज्ञानिक
फिर निकल आए गर्म कपड़े
बारिश और हवाओं से सर्दी फिर से लौट आई है। ऐसे में जो लोग गर्म कपड़े रख चुके थे उन्होंने वापस निकाल लिए है। अधिकतर लोग रविवार को स्वेटर और जैकेट पहने नजर आए। दिनभर सूर्यदेव के दर्शन न होने से लोगों को सर्दी से राहत नहीं मिल सकी। शाम होते ही फिर एक बार सर्दी बढ़ गई।
बेमौसम बारिश किसी भी फसल के लिए फायदेमंद नहीं है। इस समय सरसों और आलू की फसल में सबसे अधिक नुकसान है। किसान सरसों की फसल को अच्छे से सुखाएं और आलू के खेत में पानी न भरने दें। अगर पानी भरा है तो उसे निकाल दें। पानी नहीं निकाला गया तो आलू सड़ जाएगा।
- डॉ. विकास रंजन चौधरी, कृषि वैज्ञानिक