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यूपी बोर्ड 10वीं-12वीं के नतीजे: पहली बार 100 फीसदी विद्यार्थी पास, परिणाम देख खिले चेहरे
Sun, 01 Aug 2021 09:19 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sun, 01 Aug 2021 09:19 AM IST
सार
जिले में यूपी बोर्ड के 903 विद्यालयों में हाईस्कूल और इंटरमीडिएट में 1,22,740 विद्यार्थी पंजीकृत थे।
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खुशी जाहिर करतीं छात्राएं
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
यूपी बोर्ड के हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के विद्यार्थियों को कोरोना महामारी के संकट के बीच अपना परिणाम प्राप्त हो गया है। आगरा जिले में 100 फीसदी विद्यार्थी सफल हुए हैं। वर्ष भर पढ़ाई प्रभावित रहने, फिर परीक्षाओं का आयोजन न होने से विद्यार्थियों के मन में भय बना हुआ था। वह डर रहे थे कि कहीं वर्ष बर्बाद न हो, परीक्षा न कराने से परिणाम खराब न हो जाए।
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शनिवार को निर्धारित फार्मेट पर बोर्ड की ओर से जारी परिणाम को देखकर विद्यार्थी उत्साहित दिखे। हों भी क्यों न, उनके कदम नए सपनों की ओर जो बढ़ गए हैं। वहीं, 100 फीसदी विद्यार्थियों के सफल होने विद्यालय प्रशासन और प्रबंधन भी खुश है।
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जिले में यूपी बोर्ड के 903 विद्यालयों में हाईस्कूल और इंटरमीडिएट में 1,22,740 विद्यार्थी पंजीकृत थे। हाईस्कूल में 65,565 और इंटरमीडिएट में 65,565 विद्यार्थी पंजीकृत थे। प्रवेश प्रक्रिया में क्रमश: 65,369 और 56117 विद्यार्थी परिणाम की प्रक्रिया में शामिल हुए।
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हाईस्कूल और इंटरमीडिएट दोनों में 100 फीसदी विद्यार्थी उत्तीर्ण हुए हैं। परिणाम देखने के बाद अधिकतर विद्यार्थी संतुष्ट नजर आए। वहीं, विद्यालय प्रधानाचार्योँ और शिक्षकों का भी कहना है कि बोर्ड ने कोरोना काल की महामारी के बीच बिना परीक्षा हुए बेहतर फार्मूला बनाकर परिणाम दिया है।
परीक्षा परिणाम आने के बाद हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के विद्यार्थियों ने विद्यालयों में पहुंचकर भी अपनी खुशी का इजहार किया। आरबीएस इंटर कॉलेज, श्री रामकृष्ण इंटर कॉलेज, श्री नारायणी गर्ल्स इंटर कॉलेज आदि विद्यालयों में विद्यार्थी पहुंचे।
कुछ विद्यार्थियों ने विद्यालय में ही मोबाइल में अपने परिणाम देखे। वहीं, ऑनलाइन माध्यम से शिक्षकों से जुड़े विद्यार्थियों ने अपने परिणाम शिक्षकों के साथ साझा किया। परिणाम शाम को जारी होने से कम विद्यालयों ने अपने यहां के विद्यार्थियों के परिणाम देखे और टॉपर्स तलाशे।
परीक्षा परिणाम आने के बाद हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के विद्यार्थियों ने विद्यालयों में पहुंचकर भी अपनी खुशी का इजहार किया। आरबीएस इंटर कॉलेज, श्री रामकृष्ण इंटर कॉलेज, श्री नारायणी गर्ल्स इंटर कॉलेज आदि विद्यालयों में विद्यार्थी पहुंचे।
कुछ विद्यार्थियों ने विद्यालय में ही मोबाइल में अपने परिणाम देखे। वहीं, ऑनलाइन माध्यम से शिक्षकों से जुड़े विद्यार्थियों ने अपने परिणाम शिक्षकों के साथ साझा किया। परिणाम शाम को जारी होने से कम विद्यालयों ने अपने यहां के विद्यार्थियों के परिणाम देखे और टॉपर्स तलाशे।
विद्यार्थियों को मानसिक तनाव से मुक्ति मिली
प्रधानाचार्य परिषद के प्रदेशीय वरिष्ठ उपाध्यक्ष व आरबीएस इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. यतेंद्र पाल सिंह का कहना है कि परिणाम आने और देखने के बाद हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के विद्यार्थियों को तनाव से मुक्ति मिल गई है। बोर्ड ने हाईस्कूल का परिणाम नौवीं की वार्षिक परीक्षा व हाईस्कूल की अर्द्धवार्षिक/प्रीबोर्ड परीक्षा से 50-50 फीसदी अंक (लिखित परीक्षा के) लेकर परिणाम तैयार किया है।
वहीं इंटरमीडिएट के लिए बोर्ड ने 50-40-10 का फार्मूले से परिणाम तैयार किया गया। 50 फीसदी अंक हाईस्कूल के बोर्ड परिणाम से, 40 फीसदी अंक कक्षा 11वीं के वार्षिक परीक्षा परिणाम से, जबकि 10 फीसदी अंक इंटरमीडिएट की प्री-बोर्ड परीक्षा से लिए गए।
प्रधानाचार्य परिषद के प्रदेशीय वरिष्ठ उपाध्यक्ष व आरबीएस इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. यतेंद्र पाल सिंह का कहना है कि परिणाम आने और देखने के बाद हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के विद्यार्थियों को तनाव से मुक्ति मिल गई है। बोर्ड ने हाईस्कूल का परिणाम नौवीं की वार्षिक परीक्षा व हाईस्कूल की अर्द्धवार्षिक/प्रीबोर्ड परीक्षा से 50-50 फीसदी अंक (लिखित परीक्षा के) लेकर परिणाम तैयार किया है।
वहीं इंटरमीडिएट के लिए बोर्ड ने 50-40-10 का फार्मूले से परिणाम तैयार किया गया। 50 फीसदी अंक हाईस्कूल के बोर्ड परिणाम से, 40 फीसदी अंक कक्षा 11वीं के वार्षिक परीक्षा परिणाम से, जबकि 10 फीसदी अंक इंटरमीडिएट की प्री-बोर्ड परीक्षा से लिए गए।